Shahjahanpur में 4 बच्चों का गला काटकर पिता खुद फंदे पर झूला

शाहजहांपुर

उत्तर प्रदेश के शाहजहांपुर (Shahjahanpur) से दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है. चार बच्चों की हत्या करके पिता ने खुदकुशी कर ली. यह घटना पारिवारिक कलह के चलते हुई है. फॉरेंसिक टीम सहित भारी पुलिस बल मौके पर पहुंचे हैं. मरने वाले बच्चों की उम्र 10 और 8 साल की लड़की, 7 और 5 साल का लड़का शामिल है. जानकारी के मुताबिक, पिता ने अपने चारों मासूम बच्चों की गला काटकर हत्या की. इसके बाद खुद फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली. घटना के बाद से पूरे इलाके में दहशत का माहौल है. फिलहाल पुलिस में शवों को कब्ज में लेकर कार्रवाई शुरू कर दी है.

क्या है पूरा मामला?

दरअसल, घटना थाना रोजा क्षेत्र के मानपुर चचरी गांव की है. बताया जा रहा है कि इसी गांव का रहने वाला राजीव अपने घर में था और उसके चार बच्चे (तीन बेटियां और एक बेटा) भी थे. देर रात किसी वक्त राजीव ने अपनी 13 साल की बेटी स्मृति, 9 साल की बेटी कीर्ति, 7 साल की बेटी प्रगति और 5 साल के बेटे ऋषभ की गला काटकर बेरहमी से हत्या कर दी.

हत्या को अंजाम देने के बाद राजीव ने खुद भी फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली. बताया जा रहा है कि उसकी पत्नी अपने मायके गई हुई थी और उसका बाबा घर के बाहर सो रहा था. सुबह जब बाबा ने दरवाजा खुलवाने की कोशिश की तो दरवाजा अंदर से बंद मिला, जिसके बाद किसी तरह से बाबा घर के अंदर पहुंचा और उसने वहां पर जो नजारा देखा तो उसकी रूह कांप गई.

वहां उसके चार पोते और पोती की खून से सनी लाश पड़ी हुई थी. जानकारी मिलने के बाद मौके पर पहुंची पुलिस ने शवों को कब्जे में ले लिया है. फिलहाल, पुलिस ने मामले में कार्रवाई शुरू कर दी है.

 

admin

Related Posts

अंबिकापुर: जिला न्यायालय को बम से उड़ाने की धमकी वाला ईमेल, सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट

अम्बिकापुर सरगुजा जिला एवं सत्र न्यायालय को बम से उड़ाने की धमकी भरा ई-मेल मिलने से बुधवार को प्रशासनिक अमला सतर्क हो गया। यह धमकी जिला न्यायाधीश की आधिकारिक ई-मेल…

मतदाता सूची शुद्धिकरण पर फोकस, रोल ऑब्ज़र्वर अभिनव गुप्ता ने किया फील्ड निरीक्षण

रायपुर. निर्वाचक नामावली के विशेष गहन पुनरीक्षण कार्यों का रोल ऑब्जर्वर  अभिनव गुप्ता ने किया निरीक्षण निर्वाचक नामावलियों के विशेष गहन पुनरीक्षण कार्यक्रम–2026 के अंतर्गत भारत निर्वाचन आयोग, नई दिल्ली…

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

धर्म

माघ माह की आखिरी एकादशी: इन 3 जगहों पर दीपक जलाते ही चमक उठेगा किस्मत का सितारा

माघ माह की आखिरी एकादशी: इन 3 जगहों पर दीपक जलाते ही चमक उठेगा किस्मत का सितारा

शुक्र प्रदोष व्रत का महात्म्य: इस मुहूर्त में पूजा से पूरी होंगी मनोकामनाएं

शुक्र प्रदोष व्रत का महात्म्य: इस मुहूर्त में पूजा से पूरी होंगी मनोकामनाएं

आज का राशिफल: ग्रहों के परिवर्तन से किस राशि की बदलेगी किस्मत

आज का राशिफल: ग्रहों के परिवर्तन से किस राशि की बदलेगी किस्मत

श्रद्धा का प्रतीक बेलपत्र: क्यों महादेव को अति प्रिय है यह पत्ता, क्या है जन्म कथा

श्रद्धा का प्रतीक बेलपत्र: क्यों महादेव को अति प्रिय है यह पत्ता, क्या है जन्म कथा

गंडमूल नक्षत्र का रहस्य: जन्म के बाद 27 दिनों तक पिता-दर्शन क्यों वर्जित?

गंडमूल नक्षत्र का रहस्य: जन्म के बाद 27 दिनों तक पिता-दर्शन क्यों वर्जित?

17 फरवरी 2026 को पहला सूर्य ग्रहण, धनिष्ठा नक्षत्र और कुंभ राशि में, जानें भारत में सूतक काल की स्थिति

17 फरवरी 2026 को पहला सूर्य ग्रहण, धनिष्ठा नक्षत्र और कुंभ राशि में, जानें भारत में सूतक काल की स्थिति