राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने ब्रातिस्लावा में स्लोवाकिया के प्रेसिडेंट पीटर पेलेग्रिनी के साथ मुलाकात की

ब्रातिस्लावा
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने बुधवार को ब्रातिस्लावा में स्लोवाकिया के प्रेसिडेंट पीटर पेलेग्रिनी के साथ मुलाकात की। दोनों नेताओं ने भारत-स्लोवाकिया संबंधों के अलग-अलग पहलुओं की समीक्षा की और विभिन्न क्षेत्रों में द्विपक्षीय साझेदारी को मजबूत करने की दिशा में काम करने पर सहमति जताई।

बैठक और प्रतिनिधिमंडल स्तर की वार्ता के दौरान, राष्ट्रपति मुर्मू और पेलेग्रिनी ने साझे वैश्विक और क्षेत्रीय हितों के मुद्दों पर भी चर्चा की। भारतीय पक्ष की ओर से प्रतिनिधिमंडल स्तर की वार्ता में राज्य मंत्री निमूबेन बंभानिया के साथ-साथ सांसद धवल पटेल, संध्या रे और वरिष्ठ अधिकारी शामिल थे।

राष्ट्रपति ने द्विपक्षीय संबंधों को मजबूत करने के लिए राष्ट्रपति पेलेग्रिनी की व्यक्तिगत प्रतिबद्धता और पहल की सराहना की। दोनों नेताओं की उपस्थिति में दो एमओयू का आदान-प्रदान किया गया। इससे पहले दिन में राष्ट्रपति मुर्मू का प्रेसिडेंशियल पैलेस में प्रेसिडेंट पेलेग्रिनी ने स्वागत किया। उनका गार्ड ऑफ ऑनर के साथ औपचारिक स्वागत किया गया। लोक परिधान पहने एक जोड़े ने पारंपरिक स्लोवाक तरीके से उनका स्वागत ब्रेड और नमक के साथ किया।

संयुक्त प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित करते हुए राष्ट्रपति मुर्मू ने स्लोवाकिया की यात्रा पर अपनी खुशी जाहिर की। उन्होंने कहा कि दोनों देशों के बीच संबंध आपसी विश्वास, लोकतांत्रिक आदर्शों और वैश्विक सहयोग के साझा दृष्टिकोण पर आधारित हैं। दोनों देश विभिन्न अंतरराष्ट्रीय मंचों पर एक-दूसरे का समर्थन करते हैं।

राष्ट्रपति मुर्मू ने कहा कि आर्थिक मोर्चे पर दोनों देशों के बीच व्यापारिक संबंध लगातार बढ़ रहे हैं। हाल के वर्षों में व्यापार और निवेश में उल्लेखनीय वृद्धि हुई है। यह लगभग तीन दशकों में किसी भारतीय राष्ट्रपति की स्लोवाकिया की पहली यात्रा है।

राष्ट्रपति दौपदी मुर्मू की स्लोवाकिया की दो दिवसीय यात्रा इस बात का संकेत देती है कि भारत स्लोवाक गणराज्य के साथ अपने द्विपक्षीय संबंधों को कितना महत्व देता है। इससे रक्षा, विज्ञान, टेक्नोलॉजी, शिक्षा सहित विभिन्न क्षेत्रों में गहन सहयोग और नई पहलों के शुरू होने की उम्मीद है।

admin

Related Posts

हवाई हादसों का दर्दनाक इतिहास: अजित पवार दुर्घटना से पहले इन 11 दिग्गजों की भी ऐसे ही हुई थी मौत

नई दिल्ली बुधवार की सुबह महाराष्ट्र और देश की राजनीति के लिए गहरे शोक की खबर लेकर आई, जब महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री अजित पवार और चार अन्य लोगों की एक…

हमें पता है क्या हो रहा है — UGC रेगुलेशन मामले में दखल देगा सुप्रीम कोर्ट

नई दिल्ली जातिगत भेदभाव से जुड़े UGC के नए नियमों के खिलाफ दाखिल याचिका पर सुनवाई के लिए सुप्रीम कोर्ट तैयार हो गया है। शीर्ष न्यायालय ने बुधवार को इस…

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

धर्म

माघ माह की आखिरी एकादशी: इन 3 जगहों पर दीपक जलाते ही चमक उठेगा किस्मत का सितारा

माघ माह की आखिरी एकादशी: इन 3 जगहों पर दीपक जलाते ही चमक उठेगा किस्मत का सितारा

शुक्र प्रदोष व्रत का महात्म्य: इस मुहूर्त में पूजा से पूरी होंगी मनोकामनाएं

शुक्र प्रदोष व्रत का महात्म्य: इस मुहूर्त में पूजा से पूरी होंगी मनोकामनाएं

आज का राशिफल: ग्रहों के परिवर्तन से किस राशि की बदलेगी किस्मत

आज का राशिफल: ग्रहों के परिवर्तन से किस राशि की बदलेगी किस्मत

श्रद्धा का प्रतीक बेलपत्र: क्यों महादेव को अति प्रिय है यह पत्ता, क्या है जन्म कथा

श्रद्धा का प्रतीक बेलपत्र: क्यों महादेव को अति प्रिय है यह पत्ता, क्या है जन्म कथा

गंडमूल नक्षत्र का रहस्य: जन्म के बाद 27 दिनों तक पिता-दर्शन क्यों वर्जित?

गंडमूल नक्षत्र का रहस्य: जन्म के बाद 27 दिनों तक पिता-दर्शन क्यों वर्जित?

17 फरवरी 2026 को पहला सूर्य ग्रहण, धनिष्ठा नक्षत्र और कुंभ राशि में, जानें भारत में सूतक काल की स्थिति

17 फरवरी 2026 को पहला सूर्य ग्रहण, धनिष्ठा नक्षत्र और कुंभ राशि में, जानें भारत में सूतक काल की स्थिति