नए टू-व्हीलर के साथ 2 हेलमेट देना अनिवार्य होगा, रोड पर सब मेंडेटरी प्रीकास्ट होगा

मुंबई

केन्द्रीय सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ने सड़क पर लोगों की सेफ्टी और एक्सीडेंट को रोकने के लिए नया मास्टर प्लान बनाया है। उन्होंने एक टीवी प्रोग्राम के दौरान एक्सीडेंट को रोकने के लिए अपने मास्टर प्लान के बारे में खुलकर बताया। उनके इस प्लान में नए टू-व्हीलर के साथ 2 हेलमेट देना अनिवार्य होगा। वहीं, अब रोड पर सब मेंडेटरी प्रीकास्ट होगा। उन्होंने ये भी कहा कि रोड अब फैक्टरी में बनेगा। गडकरी ने बताया कि सिर्फ स्कूल के सामने हर साल 10 हजार बच्चे रोड एक्सीडेंट में मर जाते हैं। ये बड़ी चिंता का विषय है। इसे रोकने के लिए ही उन्होंने बड़ी तैयार की है। चलिए उनके मास्टर प्लान के बारे में विस्तार से जानते हैं।

टू-व्हीलर के साथ 2 हेलमेट मिलेंगे
गडकरी ने कहा कि जो भी टू-व्हीलर खरीदता है कंपनी उसे किसी अच्छी कंपनी के दो ISI स्टैंडर्ड वाले हेलमेट भी देगी, ताकी गाड़ी पर चलने वाले दोनों लोग हेलमेट पहनें। उन्होंने कहा कि रोड सेफ्टी में हम लंबे समय से काफी काम कर चुके हैं उसके बाद भी अभी सफलता नहीं मिली है। सिर्फ स्कूल के सामने ही हर साल 10 हजार बच्चों की मौत हो जाती है। जबकि, हर साल 1 लाख 80 हजार मौत रोड एक्सीडेंट में होती हैं। ऐसे में हम रोड सेफ्टी ऑडिट कर रहे हैं। ब्लैक स्पॉट का पता लगा रहे हैं।

राहवीर योजना जल्द होगी लागू
उन्होंने आगे बताया कि हमने एक राहवीर योजना भी तैयार की है। इस योजना में जिसका एक्सीडेंट होता है और उसे लेकर कोई अस्पताल आता है और उसकी जान बचाता है। तब हम उसे 25 हजार रुपए का अवॉर्ड देंगे। साथ ही, जो अस्पताल में एडमिट होगा उसको मैक्सिमम 7 दिन का खर्च या 1.50 लाख रुपए की सहायता देंगे और उसकी जान बचाने की कोशिश करेंगे। यदि लोग एक्सीडेंट होने वाले व्यक्ति को अस्पताल पहुंचाने का काम करते हैं तब हम हर साल 50 हजार लोगों की जान बचा सकते हैं।

रोड पर सब मेंडेटरी प्रीकास्ट होगा
गडकरी ने बताया कि अब रोड पर सब मेंडेटरी प्रीकास्ट होगा। यानी रोड अब फैक्टरी में बनेगा। अभी रोड के बीच में जो वैरियर होते हैं लोग उन्हें कूदकर आगे जाते हैं, जिससे एक्सीडेंट होते हैं। ऐसे में अब इन वैरिएट की ऊंचाई को 3 फीट तक बढ़ाया जाएगा। इसके दोनों तरफ एक मीटर की दूसरी रखी जाएगी जिसमें काली मिट्टी डालकर प्लांट लगाए जाएंगे। ऐसे में कोई इसे कूदकर पार नहीं कर पाएगा। उन्होंने कहा कि हम मलेशिया से नई टेक्नोलॉजी लाए हैं जिससे हजारों-करोड़ रुपए बच रहे हैं। जैसे तमिलनाडु के चेन्नई में मेट्रो बन रही हैं। उनका 70-75 हजार करोड़ रुपए कैबिनेट नोट आया था। ऐसे में हमने मलेशिया में इस्तेमाल होने वाली टेक्नोलॉजी से दो पिलर की दूरी को 120 मीटर कर दिया। जबकि पहले ये 30 मीट की होती थी। यानी 3 पिलर को कॉस्ट को बचाया गया। वहीं, ऊपर का बीम स्टील की जगह स्टील फाइबर में कास्ट होगा। साथ ही, प्रीकास्ट से पॉल्यूशन को कम करने में भी मदद मिलेगी।

रोड एक्‍सीडेंट में 1.80 लाख मौतें

इस दौरान उन्‍होंने कहा कि हम रोड सेफ्टी को लेकर काम कर रहे हैं, लेकिन जितनी सफलता मिलनी चाहिए थी, उतनी नहीं मिली है.

उन्‍होंने बताया कि हर साल 10 हजार बच्‍चों की स्‍कूलों के सामने होने वाले एक्‍सीडेंट में मौत हो जाती है. उन्‍होंने बताया कि इसे लेकर केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के साथ बुधवार को एक बैठक है.

गडकरी ने बताया कि देश में हर साल एक लाख 80 हजार मौतें रोड एक्‍सीडेंट में होती हैं.  उन्‍होंने बताया कि हम रोड सेफ्टी ऑडिट कर रहे हैं और ब्‍लैक स्‍पॉट को बेहतर कर रहे हैं.

राहवीर योजना को लेकर दी जानकारी

इस दौरान केंद्रीय मंत्री ने बताया कि सरकार राहवीर योजना भी लेकर आ रही है, जिसमें एक्‍सीडेंट होने के बादा यदि कोई उस व्‍यक्ति को अस्‍पताल लेकर जाता है तो हम उसे 25 हजार रुपये का अवार्ड देंगे. साथ ही एडिमट होने वाले शख्‍स को सात दिन का खर्चा या डेढ लाख रुपये हम देंगे और उस शख्‍स की जान बचाने की कोशिश करेंगे.

उन्‍होंने कहा कि यदि एक्‍सीडेंट के बाद घायल को तुरंत अस्‍पताल में भर्ती कराया जाए तो 50 हजार लोगों की जान बच सकती है.

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