वानखेड़े में दिखेगी एक दूसरे से आगे निकलने की होड़, मुंबई और लखनऊ की नजरें प्लेऑफ पर

मुंबई
हमेशा की तरह शुरू में लड़खड़ाने के बाद शानदार वापसी करने वाली मुंबई इंडियंस की टीम रविवार, 27 अप्रैल को लखनऊ सुपर जाइंट्स से भिड़ेगी। सुपर संडे को मुंबई वर्सेस लखनऊ मैच मुंबई के वानखेड़े स्टेडियम में खेला जाएगा, यह मैच दोपहर साढ़े तीन बजे शुरू होगा। MI की नजरें इस मैच को जीतकर लय बरकरार रकने पर होगी। वहीं लखनऊ की नजरें वापस टॉप-4 में अपनी जगह बनाने पर होगी। इन दोनों टीम के अभी तक समान 10 अंक हैं लेकिन मुंबई बेहतर नेट रन रेट के आधार पर चौथे जबकि लखनऊ की टीम छठे स्थान पर है।

अब तक नौ मैचों में से इन दोनों ने पांच मैच जीते हैं और चार हारे हैं। ऋषभ पंत की अगुवाई वाली लखनऊ की टीम की निगाह जीत के अलावा अपने नेट रन रेट में सुधार करने पर भी होगी क्योंकि आगे इसकी भूमिका महत्वपूर्ण हो सकती है।

जहां ये दोनों टीमें वानखेड़े स्टेडियम में मैदान पर वर्चस्व के लिए भिड़ेंगी, वहीं मुंबई की भीषण गर्मी और उमस भी खिलाड़ियों की विपरीत परिस्थितियों में अपना सर्वश्रेष्ठ देने की तैयारी को परखने में अपनी भूमिका निभाएगी।

लखनऊ के लिए कप्तान ऋषभ पंत की खराब फॉर्म चिंता का विषय है क्योंकि उन्होंने अब तक नौ मैचों में 106 रन बनाए हैं। मुंबई के मजबूत बॉलिंग अटैक के सामने उनकी कड़ी परीक्षा होगी।

मुंबई की टीम सही समय पर अपने चरम पर पहुंची है। उसने लगातार चार मैच जीत कर खुद को प्लेऑफ में पहुंचने की दौड़ में आगे कर दिया है और उसकी टीम अपना विजय अभियान जारी रखने के लिए प्रतिबद्ध होगी। उसकी टीम यहां की परिस्थितियों से अच्छी तरह वाकिफ है और वह इसका पूरा फायदा उठाने की कोशिश करेगी।

हालांकि सूर्यकुमार को लेकर कोई बड़ी चिंता नहीं थी, लेकिन आईपीएल की शुरुआत में इस शीर्ष टी20 बल्लेबाज की परिचित चमक गायब थी, लेकिन दाएं हाथ का बल्लेबाज भी तिलक वर्मा की तरह अपनी लय हासिल करने में सक्षम है।

हार्दिक ने गेंदबाजी और बल्लेबाजी दोनों विभाग में अच्छा प्रदर्शन किया है जबकि तेज गेंदबाज दीपक चाहर और ट्रेंट बोल्ट ने अपनी भूमिका अच्छी तरह से निभाई है।

जहां तक लखनऊ की बल्लेबाजी का सवाल है तो वह अपने विदेशी खिलाड़ियों निकोलस पूरन (377 रन), मिशेल मार्श (344) और एडेन मार्क्रम (326) पर बहुत अधिक निर्भर है। लखनऊ को फिर से इन तीनों से शानदार प्रदर्शन की उम्मीद रहेगी।

लखनऊ के पास गेंदबाजी विभाग में बहुत बड़े नाम नहीं है लेकिन उसके गेंदबाजों ने अभी तक परिस्थितियों के अनुसार गेंदबाजी करके अपनी टीम के अभियान में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। उसकी तरफ से शार्दुल ठाकुर ने सर्वाधिक 12 विकेट लिए हैं और स्थानीय खिलाड़ी होने के कारण वह यहां की परिस्थितियों से अच्छी तरह अवगत हैं।

टीम इस प्रकार हैं:
मुंबई इंडियंस: हार्दिक पंड्या (कप्तान), रोहित शर्मा, सूर्यकुमार यादव, रॉबिन मिंज (विकेटकीपर), रयान रिकेल्टन (विकेटकीपर), श्रीजीत कृष्णन (विकेटकीपर), बेवोन जैकब्स, तिलक वर्मा, नमन धीर, विल जैक्स, मिशेल सेंटनर, राज अंगद बावा, विग्नेश पुथुर, कॉर्बिन बॉश, ट्रेंट बोल्ट, कर्ण शर्मा, दीपक चाहर, अश्विनी कुमार, रीस टॉपले, वीएस पेनमेत्सा, अर्जुन तेंदुलकर, मुजीब उर रहमान, जसप्रीत बुमराह।

लखनऊ सुपर जाइंट्स: ऋषभ पंत (कप्तान और विकेटकीपर), डेविड मिलर, एडेन मार्क्र्म, आर्यन जुयाल, हिम्मत सिंह, मैथ्यू ब्रीट्ज़के, निकोलस पूरन (विकेटकीपर), मिशेल मार्श, अब्दुल समद, शाहबाज अहमद, युवराज चौधरी, राजवर्धन हंगरगेकर, अर्शिन कुलकर्णी, आयुष बडोनी, शार्दुल ठाकुर, अवेश खान, आकाश दीप, मणिमारन सिद्धार्थ, दिग्वेश सिंह, आकाश सिंह, शमर जोसेफ, प्रिंस यादव, मयंक यादव, रवि बिश्नोई।

admin

Related Posts

AUS vs PAK क्लैश: विश्व कप वार्म-अप में कौन दिखाएगा असली दम?

नई दिल्ली टी20 विश्व कप से पहले ऑस्ट्रेलिया और पाकिस्तान के बीच 3 मैच की सीरीज गुरुवार से शुरू हो रही है। इसके जरिए पाकिस्तानी टीम को विश्व कप की…

तारीफ कम पड़ेगी — अभिषेक शर्मा ने पावर हिटिंग में क्रिस गेल को छोड़ा पीछे, कैफ का बड़ा बयान

नई दिल्ली भारतीय क्रिकेट टीम के पूर्व बल्लेबाज मोहम्मद कैफ ने युवा सलामी बल्लेबाज अभिषेक शर्मा की प्रशंसा करते हुए कहा है कि वह निरंतरता के साथ आक्रामक बल्लेबाजी के…

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

धर्म

माघ माह की आखिरी एकादशी: इन 3 जगहों पर दीपक जलाते ही चमक उठेगा किस्मत का सितारा

माघ माह की आखिरी एकादशी: इन 3 जगहों पर दीपक जलाते ही चमक उठेगा किस्मत का सितारा

शुक्र प्रदोष व्रत का महात्म्य: इस मुहूर्त में पूजा से पूरी होंगी मनोकामनाएं

शुक्र प्रदोष व्रत का महात्म्य: इस मुहूर्त में पूजा से पूरी होंगी मनोकामनाएं

आज का राशिफल: ग्रहों के परिवर्तन से किस राशि की बदलेगी किस्मत

आज का राशिफल: ग्रहों के परिवर्तन से किस राशि की बदलेगी किस्मत

श्रद्धा का प्रतीक बेलपत्र: क्यों महादेव को अति प्रिय है यह पत्ता, क्या है जन्म कथा

श्रद्धा का प्रतीक बेलपत्र: क्यों महादेव को अति प्रिय है यह पत्ता, क्या है जन्म कथा

गंडमूल नक्षत्र का रहस्य: जन्म के बाद 27 दिनों तक पिता-दर्शन क्यों वर्जित?

गंडमूल नक्षत्र का रहस्य: जन्म के बाद 27 दिनों तक पिता-दर्शन क्यों वर्जित?

17 फरवरी 2026 को पहला सूर्य ग्रहण, धनिष्ठा नक्षत्र और कुंभ राशि में, जानें भारत में सूतक काल की स्थिति

17 फरवरी 2026 को पहला सूर्य ग्रहण, धनिष्ठा नक्षत्र और कुंभ राशि में, जानें भारत में सूतक काल की स्थिति