विधायक राजेश मूणत बोले- रायपुर अब बदल रही है तस्वीर, 50 साल की कार्ययोजना का खाका तैयार

रायपुर

पूर्व मंत्री और रायपुर पश्चिम के विधायक राजेश मूणत के नेतृत्व में रायपुर रेलवे स्टेशन के प्लेटफार्म नंबर 7 क्षेत्र का आज निरीक्षण किया गया. इस निरीक्षण में रेलवे प्रशासन, रायपुर नगर निगम, पुलिस विभाग, कलेक्टर, एसपी, डीआरएम सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी शामिल हुए.

निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने प्लेटफॉर्म नंबर 7 के पास रेलवे द्वारा बनाई जा रही सड़क कार्य का अवलोकन किया. इसके साथ ही शुक्रवारी बाजार से पहाड़ी चौक तक PWD विभाग द्वारा किए जा रहे सड़क चौड़ीकरण कार्य का भी निरीक्षण किया गया. इस दौरान रेलवे और PWD के अधिकारियों के बीच सड़क निर्माण को लेकर मतभिन्नताओं पर चर्चा हुई और आपसी शंकाओं का समाधान किया गया.

विधायक राजेश मूणत सहित डीआरएम दयानंद, कलेक्टर गौरव सिंह और निगम आयुक्त विश्वदीप ने भी अपने सुझाव दिए. अतिक्रमण हटाने को लेकर नगर निगम को जिम्मेदारी दी गई, जिसमें मुआवजा देने का कार्य तहसीलदार और एसडीएम के माध्यम से किया जाएगा.

इसके अलावा रायपुर की भविष्य की ट्रैफिक और कनेक्टिविटी को ध्यान में रखते हुए सड़क निर्माण की कार्ययोजना पर भी चर्चा हुई, जिससे आने वाले 50 वर्षों के लिए शहर को बेहतर कनेक्टिविटी प्राप्त होगी. इस योजना का उद्देश्य प्लेटफॉर्म 7 को गुढ़ियारी, रामनगर, कबीरनगर, कोटा सहित रायपुर के प्रमुख इलाकों से सीधे जोड़ना है.

यह कार्ययोजना यात्रियों को आसान और सुगम आवागमन उपलब्ध कराने के साथ-साथ ट्रैफिक की समस्या को भी हल करेगी. साथ ही, रायपुर पश्चिम क्षेत्र और गुढ़ियारी जैसे घनी आबादी वाले क्षेत्रों में नए विकास के अवसर पैदा होंगे.

मुख्य विशेषताएं और कार्य

    पहाड़ी चौक से शुक्रवारी बाजार होते हुए प्लेटफार्म-7 तक सड़क चौड़ीकरण एवं एक्सप्रेस-वे से डायरेक्ट कनेक्टिविटी.
    यह प्रोजेक्ट रायपुर की सबसे बड़ी कनेक्टिविटी परियोजनाओं में से एक होगा.
    तेलघानी नाका ब्रिज के नीचे से प्लेटफार्म-7 तक अंडरपास का निर्माण प्रस्तावित.
    20 मीटर चौड़ी सड़क के निर्माण के लिए अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई होगी.
    PWD और राजस्व विभाग ने सर्वे कार्य लगभग पूरा कर लिया है.
    PWD को 15 मई तक विस्तृत प्रेजेंटेशन देने के निर्देश विधायक मूणत द्वारा दिए गए हैं.

विधायक राजेश मूणत ने कहा कि भाजपा की डबल इंजन सरकार जनहितैषी योजनाओं के माध्यम से प्रदेश में सुशासन ला रही है. कांग्रेस शासनकाल में रायपुर शहर की हालत बदहाल हो गई थी. न सड़कें बन रही थीं, न नालियां, न सौंदर्यीकरण. लेकिन अब तस्वीर बदल रही है. मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में प्रदेश में विकास की नई रफ्तार दिखाई दे रही है.

उन्होंने यह भी कहा कि यह परियोजना लाखों लोगों को सीधी राहत देगी, जो पहले एक्सप्रेस-वे तक पहुंचने के लिए फाफाडीह और तेलघानी होकर लंबा रास्ता तय करते थे. गुढ़ियारी क्षेत्र में ट्रैफिक जाम की समस्या का स्थायी समाधान भी इस योजना से संभव होगा. रेलवे स्टेशन के प्लेटफार्म 1 और 7 दोनों को स्मार्ट कनेक्टिविटी के साथ शहर से जोड़ने की यह बहुप्रतीक्षित योजना अब जमीन पर उतरने जा रही है, जो रायपुर शहर के भविष्य को बेहतर और संगठित स्वरूप देने में मील का पत्थर साबित होगी.

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