उद्योग की मांग के अनुरूप तकनीकी दक्षता का केंद्र बनेगी आधुनिक प्लंबिंग लैब: मंत्री टेटवाल

भोपाल
कौशल विकास एवं रोजगार राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) गौतम टेटवाल ने शासकीय संभागीय आईटीआई भोपाल में अत्याधुनिक प्लंबिंग लैब का लोकार्पण किया। जग्वार फाउंडेशन द्वारा लैब की स्थापना ‘दक्ष पहल’ के अंतर्गत की गई है। लैब में प्लंबिंग व्यवसाय से जुड़े प्रशिक्षणार्थियों को वो व्यावहारिक अनुभव और आधुनिक तकनीकों की जानकारी दी जाएगी, जो सीधे-सीधे उन्हें इंडस्ट्री में काम करने के लिए तैयार करेगी। यहां महज पाइप जोड़ने या फिटिंग सिखाने तक बात सीमित नहीं है, बल्कि छात्रों को जल प्रबंधन, स्मार्ट फिटिंग्स, सेनेटरी टेक्नोलॉजी और ग्राहक सेवा जैसे पहलुओं से भी जोड़ा जाएगा।

लैब में स्थापित उन्नत उपकरणों, आधुनिक टूल्स और इंडस्ट्री ग्रेड इंफ्रास्ट्रक्चर के माध्यम से न केवल एक वर्षीय प्लंबिंग कोर्स के ट्रेनी लाभान्वित होंगे, बल्कि फिटर, टर्नर और मशीनिस्ट जैसे व्यवसायों में प्रशिक्षण ले रहे अन्य छात्र भी इससे व्यावहारिक रूप से जुड़ सकेंगे। लगभग 20 लाख रु. की लागत से बनी लैब में विद्यार्थी इंडस्ट्री की मांग के अनुरूप प्रशिक्षण प्राप्त करेंगे। इसमें बिल्डिंग इन्फ्रास्ट्रक्चर, शहरी विकास, हाउसिंग प्रोजेक्ट्स और ग्रीन टेक्नोलॉजी से जुड़े प्रोजेक्ट्स में प्लंबिंग की अहम भूमिका पर आधारित आधुनिक प्रशिक्षण प्राप्त करेंगे।

यह लैब सिर्फ एक कक्षा नहीं, बल्कि युवाओं की आत्म निर्भरता की कार्यशाला है, जहां से निकलने वाले छात्र देश के निर्माण में तकनीकी भूमिका निभा सकेंगे। मंत्री डॉ. गौतम टेटवाल ने कहा कि ये ‘उद्योग की मांग और प्रशिक्षण की गुणवत्ता के बीच सेतु’ का काम करेगी।

मंत्री डॉ. टेटवाल ने दिव्यांग छात्राओं से आत्मीय संवाद किया, बेटियों को बताया समाज की असली शक्ति

संभागीय आईटीआई के कार्यक्रम में कौशल विकास एवं रोजगार राज्य मंत्री डॉ. गौतम टेटवाल का दिव्यांग छात्राओं से आत्मीय संवाद खास रहा। उन्होंने बेटियों से बातचीत करते हुए कहा कि बेटियां हमेशा से समाज की शक्ति रही हैं और आज जरूरत है कि वे हर क्षेत्र में आगे आएं।

मंत्री टेटवाल ने छात्राओं से उनकी पढ़ाई, प्रशिक्षण और जरूरतों के बारे में पूछा और भरोसा दिलाया कि संस्थान में बेटियों के लिए हर जरूरी सुविधा और संसाधन उपलब्ध कराए जाएंगे। उन्होंने कहा कि बेटियों को कभी खुद को कमजोर नहीं समझना चाहिए, वे किसी से भी कम नहीं हैं। उन्होंने भारतीय संस्कृति की बात करते हुए कहा कि भारतीय संस्कृति में नदी और बेटियां सदैव पूजनीय रही हैं। उन्होंने कहा कि मनु स्मृति में भी उल्लेख किया गया है कि यत्र नार्यस्तु पूज्यन्ते, रमन्ते तत्र देवता। उन्होंने कहा कि बेटियों को सशक्त करना हमारा कर्तव्य भी है और बेटियों का अधिकार भी है।

मंत्री टेटवाल ने छात्राओं के साथ अपना मोबाइल नंबर भी साझा किया और कहा कि जरूरत पड़ने पर वे कभी भी सीधे संपर्क कर सकती हैं। मंत्री टेटवाल को अपने बीच पाकर छात्राएं बेहद प्रसन्न हुईं। उन्होंने उनके साथ फोटो खिंचवाए।

 

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