वन भवन के ई-ब्लॉक के 3 तल का आवंटन निरस्त कर ब्लॉक का सम्पूर्ण तल वन विभाग को आवंटित

भोपाल
वन भवन के ई-ब्लॉक के 3 तल एजेंसी द्वारा लोक परिसम्पत्ति विभाग को सौंपे गये थे। लोक परिसम्पत्ति विभाग द्वारा वन भवन के ई-ब्लॉक के 3 तल संस्थाओं को आवंटित किये गये थे, उनका आवंटन निरस्त कर ई-ब्लॉक का सम्पूर्ण तल वन विभाग को आवंटित करने के आदेश राज्य शासन द्वारा जारी कर दिये गये हैं। आदेश मंत्रि-परिषद के निर्णय दिनांक 22 अप्रैल, 2025 के अनुक्रम में जारी किया गया।

वन भवन के ई-ब्लॉक के 3 तल वर्तमान एजेंसी द्वारा संस्‍थाओं से राशि प्राप्त कर आवंटित किये गये थे। इनमें प्रथम तल मध्यप्रदेश भवन एवं अन्य संनिर्माण कर्मकार कल्याण मण्डल, श्रम कल्याण मण्डल भोपाल, मध्यप्रदेश असंगठित शहरी एवं ग्रामीण कर्मकार मण्डल को स्थान आवंटित किया गया था। द्वितीय तल में मध्यप्रदेश स्टेट इलेक्ट्रॉनिक्स डेव्हलपमेंट कॉर्पोरेशन लिमिटेड और तृतीय तल में मध्यप्रदेश स्टेट माइनिंग कॉर्पोरेशन लिमिटेड को स्थान आवंटित किया गया था। इन संस्थाओं को आदेश अनुसार कुल 56 करोड़ 67 लाख की राशि वापस की जायेगी।

  • admin

    Related Posts

    अंबिकापुर: जिला न्यायालय को बम से उड़ाने की धमकी वाला ईमेल, सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट

    अम्बिकापुर सरगुजा जिला एवं सत्र न्यायालय को बम से उड़ाने की धमकी भरा ई-मेल मिलने से बुधवार को प्रशासनिक अमला सतर्क हो गया। यह धमकी जिला न्यायाधीश की आधिकारिक ई-मेल…

    मतदाता सूची शुद्धिकरण पर फोकस, रोल ऑब्ज़र्वर अभिनव गुप्ता ने किया फील्ड निरीक्षण

    रायपुर. निर्वाचक नामावली के विशेष गहन पुनरीक्षण कार्यों का रोल ऑब्जर्वर  अभिनव गुप्ता ने किया निरीक्षण निर्वाचक नामावलियों के विशेष गहन पुनरीक्षण कार्यक्रम–2026 के अंतर्गत भारत निर्वाचन आयोग, नई दिल्ली…

    Leave a Reply

    Your email address will not be published. Required fields are marked *

    धर्म

    माघ माह की आखिरी एकादशी: इन 3 जगहों पर दीपक जलाते ही चमक उठेगा किस्मत का सितारा

    माघ माह की आखिरी एकादशी: इन 3 जगहों पर दीपक जलाते ही चमक उठेगा किस्मत का सितारा

    शुक्र प्रदोष व्रत का महात्म्य: इस मुहूर्त में पूजा से पूरी होंगी मनोकामनाएं

    शुक्र प्रदोष व्रत का महात्म्य: इस मुहूर्त में पूजा से पूरी होंगी मनोकामनाएं

    आज का राशिफल: ग्रहों के परिवर्तन से किस राशि की बदलेगी किस्मत

    आज का राशिफल: ग्रहों के परिवर्तन से किस राशि की बदलेगी किस्मत

    श्रद्धा का प्रतीक बेलपत्र: क्यों महादेव को अति प्रिय है यह पत्ता, क्या है जन्म कथा

    श्रद्धा का प्रतीक बेलपत्र: क्यों महादेव को अति प्रिय है यह पत्ता, क्या है जन्म कथा

    गंडमूल नक्षत्र का रहस्य: जन्म के बाद 27 दिनों तक पिता-दर्शन क्यों वर्जित?

    गंडमूल नक्षत्र का रहस्य: जन्म के बाद 27 दिनों तक पिता-दर्शन क्यों वर्जित?

    17 फरवरी 2026 को पहला सूर्य ग्रहण, धनिष्ठा नक्षत्र और कुंभ राशि में, जानें भारत में सूतक काल की स्थिति

    17 फरवरी 2026 को पहला सूर्य ग्रहण, धनिष्ठा नक्षत्र और कुंभ राशि में, जानें भारत में सूतक काल की स्थिति