ब्राह्मोस मिसाइल के ये हिस्से-बूस्टर और नोज़ कैप लॉन्च के तुरंत बाद अलग हो जाते हैं और ज़मीन पर गिर जाते हैं

बीकाने
विशेषज्ञों के अनुसार, ब्राह्मोस मिसाइल के ये हिस्से-बूस्टर और नोज़ कैप लॉन्च के तुरंत बाद अलग हो जाते हैं और ज़मीन पर गिर जाते हैं. इस बार ये टुकड़े भारत के ही क्षेत्र में आकर गिरे, जो यह संकेत देता है कि मिसाइल अपने लक्ष्य की ओर सफलतापूर्वक रवाना हुई. राजस्थान के बीकानेर के नजदीक एक खेत में ब्रह्मोस मिसाइल का बूस्टर और नोज कैप मिलने से सनसनी फैल गई.ग्रामीणों ने बताया कि रात में आसमान में तेज रोशनी के साथ जोरदार धमाका हुआ, जिसके बाद यह मलबा खेत में गिरा.  भारत ने ब्राह्मोस मिसाइल को पाकिस्तान के बहावलपुर में अपने लक्ष्य पर निशाना साधने के लिए इस्तेमाल किया था.

जैसे ही मिसाइल को लॉन्च किया गया तो तुरंत ही इसके बूस्टर और नोज कैप बाहर निकल गए. इससे यह संकेत मिलता है कि ब्रह्मोस बहावलपुर में सफलतापूर्वक अपने लक्ष्य को निशाना बनाया. इससे पाकिस्तान के एयर डिफेंस सिस्टम की भी पोल खुल गई जो इतनी तैयारी और समय होने के बावजूद ब्रह्मोस को रोकने में फिर से विफल रहा.
 
लॉन्च के बाद अलग हो जाते हैं नोज और बूस्टर
गांव के लोगों ने रात को एक तेज़ चमक और ज़ोरदार धमाके की आवाज़ देखी-सुनी थी, जिसके बाद अगली सुबह खेत में यह भारी भरकम धातु का सिलेंडरनुमा ढांचा पाया गया. इसके बाद अगले दिन यहां लोगों की भीड़ जुट गई. विशेषज्ञों के अनुसार, ब्राह्मोस मिसाइल के ये हिस्से-बूस्टर और नोज़ कैप लॉन्च के तुरंत बाद अलग हो जाते हैं और ज़मीन पर गिर जाते हैं.

इस बार ये टुकड़े भारत के ही क्षेत्र में आकर गिरे, जो यह संकेत देता है कि मिसाइल अपने लक्ष्य की ओर सफलतापूर्वक रवाना हुई. इस घटना ने एक बार फिर यह स्पष्ट कर दिया है कि पाकिस्तान ब्राह्मोस जैसे हाई-स्पीड, सटीक हथियारों को इंटरसेप्ट करने में पूरी तरह विफल रहा है, चाहे उसके पास तैयारी का समय हो या न हो.

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