भाजपा नेता गुलफाम सिंह हत्याकांड में संभल प्रशासन की कार्रवाई, आरोपियों के अवैध कब्जे पर चला बुलडोजर

संभल
उत्तर प्रदेश के संभल में जिला प्रशासन ने भाजपा नेता गुलफाम सिंह हत्या मामले में गुरुवार को आरोपियों द्वारा किए गए अवैध कब्जे पर बुलडोजर चलाकर उसे ध्वस्त कर दिया। गुलफाम सिंह हत्याकांड में नामजद सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेजा जा चुका है। हालांकि, अब प्रशासन आरोपियों के अवैध कब्जों पर कार्रवाई कर रहा है।
इस मामले में मुख्य आरोपी धर्मवीर ने बदायूं कोर्ट में सरेंडर किया था, जिसके बाद पुलिस और प्रशासन ने आरोपियों के खिलाफ शिकंजा और कस दिया है। मुख्य आरोपी के सरेंडर करने के बाद पुलिस ने अवैध निर्माणों पर कार्रवाई तेज कर दी है।
हत्या के इस मामले में ब्लॉक प्रमुख रवि और उसके पिता ग्राम प्रधान महेश को मुख्य साजिशकर्ता बताया गया था। उनके गांव मैढोली में तालाब पर किए गए अतिक्रमण सहित एक अन्य गांव में अवैध कब्जे को बुलडोजर चलाकर ध्वस्त कर दिया गया है।
प्रशासन ने बताया कि इन दोनों पर जमीन कब्जाने के छह मामले दर्ज किए जा चुके हैं। इसके अलावा, कोतवाली गुन्नौर क्षेत्र के जगन्नाथपुर गांव में भी पुलिस ने बुलडोजर कार्रवाई कर अवैध निर्माणों को नेस्तनाबूद किया है।
उल्लेखनीय है कि मार्च में संभल जिले में भाजपा नेता गुलफाम सिंह यादव की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई थी। जांच में पता चला था कि जहरीला इंजेक्शन लगाकर उनकी हत्या की गई थी। पुलिस ने हत्या की साजिश के आरोप में ब्लॉक प्रमुख रवि यादव और उसके पिता ग्राम प्रधान महेश यादव को पहले ही गिरफ्तार कर लिया था। बाद में हत्यारोपी ने बुर्का पहनकर बदायूं कोर्ट में आत्मसमर्पण कर दिया।
इससे पहले, गुलफाम सिंह यादव के बेटे दिव्य प्रकाश यादव ने दावा किया था कि उनके पिता की हत्या पूर्व नियोजित साजिश के तहत की गई थी। उनका यह भी कहना था कि यदि पहले ही साजिश के बारे में जानकारी मिल गई होती, तो शायद इस घटना को रोका जा सकता था।

admin

Related Posts

अंबिकापुर: जिला न्यायालय को बम से उड़ाने की धमकी वाला ईमेल, सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट

अम्बिकापुर सरगुजा जिला एवं सत्र न्यायालय को बम से उड़ाने की धमकी भरा ई-मेल मिलने से बुधवार को प्रशासनिक अमला सतर्क हो गया। यह धमकी जिला न्यायाधीश की आधिकारिक ई-मेल…

मतदाता सूची शुद्धिकरण पर फोकस, रोल ऑब्ज़र्वर अभिनव गुप्ता ने किया फील्ड निरीक्षण

रायपुर. निर्वाचक नामावली के विशेष गहन पुनरीक्षण कार्यों का रोल ऑब्जर्वर  अभिनव गुप्ता ने किया निरीक्षण निर्वाचक नामावलियों के विशेष गहन पुनरीक्षण कार्यक्रम–2026 के अंतर्गत भारत निर्वाचन आयोग, नई दिल्ली…

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

धर्म

माघ माह की आखिरी एकादशी: इन 3 जगहों पर दीपक जलाते ही चमक उठेगा किस्मत का सितारा

माघ माह की आखिरी एकादशी: इन 3 जगहों पर दीपक जलाते ही चमक उठेगा किस्मत का सितारा

शुक्र प्रदोष व्रत का महात्म्य: इस मुहूर्त में पूजा से पूरी होंगी मनोकामनाएं

शुक्र प्रदोष व्रत का महात्म्य: इस मुहूर्त में पूजा से पूरी होंगी मनोकामनाएं

आज का राशिफल: ग्रहों के परिवर्तन से किस राशि की बदलेगी किस्मत

आज का राशिफल: ग्रहों के परिवर्तन से किस राशि की बदलेगी किस्मत

श्रद्धा का प्रतीक बेलपत्र: क्यों महादेव को अति प्रिय है यह पत्ता, क्या है जन्म कथा

श्रद्धा का प्रतीक बेलपत्र: क्यों महादेव को अति प्रिय है यह पत्ता, क्या है जन्म कथा

गंडमूल नक्षत्र का रहस्य: जन्म के बाद 27 दिनों तक पिता-दर्शन क्यों वर्जित?

गंडमूल नक्षत्र का रहस्य: जन्म के बाद 27 दिनों तक पिता-दर्शन क्यों वर्जित?

17 फरवरी 2026 को पहला सूर्य ग्रहण, धनिष्ठा नक्षत्र और कुंभ राशि में, जानें भारत में सूतक काल की स्थिति

17 फरवरी 2026 को पहला सूर्य ग्रहण, धनिष्ठा नक्षत्र और कुंभ राशि में, जानें भारत में सूतक काल की स्थिति