J-K: किश्तवाड़ एनकाउंटर में सुरक्षाबलों ने दो आतंकवादियों को ढेर किया

किश्तवाड़

जम्मू-कश्मीर के किश्तवाड़ जिले में गुरुवार सुबह से जारी मुठभेड़ में सुरक्षाबलों ने दो आतंकियों को मार गिराया है। यह मुठभेड़ सुबह करीब 7 बजे उस समय शुरू हुई, जब सेना की 11 राष्ट्रीय राइफल्स (11RR), 2 पैरा स्पेशल फोर्स, 7वीं असम राइफल्स और किश्तवाड़ एसओजी (विशेष अभियान दल) की संयुक्त टीम ने सिंघपोरा छत्रू के जंगलों में तलाशी अभियान शुरू किया। तलाशी के दौरान आतंकियों ने सुरक्षा बलों पर गोलीबारी शुरू कर दी, जिसके जवाब में मुठभेड़ शुरू हो गई।

प्रारंभिक रिपोर्टों के अनुसार, मुठभेड़ स्थल पर तीन से चार आतंकियों के छिपे होने की आशंका है। इनमें से एक की पहचान कुख्यात आतंकी सैफुल्लाह के रूप में की गई है। मुठभेड़ अभी भी जारी है और अन्य आतंकियों को ढूंढने के लिए इलाके में अतिरिक्त सुरक्षाबलों की तैनाती की गई है। सभी मार्गों को सील कर दिया गया है, ताकि आतंकी किसी भी तरह से भागने में सफल न हो सकें।

इस मुठभेड़ से एक सप्ताह पहले ही जम्मू-कश्मीर के पुलवामा जिले के त्राल इलाके के नादिर गांव में सुरक्षाबलों ने तीन जैश-ए-मोहम्मद आतंकियों को मार गिराया था। इनकी पहचान आसिफ अहमद शेख, आमिर नीर वानी और यावर अहमद भट के रूप में हुई थी। ये सभी पुलवामा के ही निवासी थे।

इसके अतिरिक्त, 13 अप्रैल को शोपियां के जिनपाथर केलर इलाके में एक अन्य मुठभेड़ में लश्कर-ए-तैयबा के तीन आतंकियों को मार गिराया गया था, जिनमें से दो की पहचान शाहिद कुट्टे और अदनान शफी के रूप में हुई थी।

22 अप्रैल को हुए घातक पहल्गाम आतंकी हमले में 26 निर्दोष नागरिकों की मौत के बाद दक्षिण कश्मीर में सुरक्षा व्यवस्था को और सख्त कर दिया गया है। इस हमले के बाद सुरक्षाबलों ने आतंकी गतिविधियों पर लगाम लगाने के लिए कई बड़े अभियान चलाए हैं।

आतंकवाद के खिलाफ इस व्यापक अभियान के तहत जम्मू-कश्मीर प्रशासन ने आतंकियों से जुड़े लोगों की संपत्तियों को ध्वस्त करना भी शुरू कर दिया है। यह कदम आतंकवाद को जड़ से खत्म करने के लिए उठाया गया है, ताकि भविष्य में कोई व्यक्ति आतंकवादी गतिविधियों में शामिल होने से पहले दो बार सोचे।

admin

Related Posts

हवाई हादसों का दर्दनाक इतिहास: अजित पवार दुर्घटना से पहले इन 11 दिग्गजों की भी ऐसे ही हुई थी मौत

नई दिल्ली बुधवार की सुबह महाराष्ट्र और देश की राजनीति के लिए गहरे शोक की खबर लेकर आई, जब महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री अजित पवार और चार अन्य लोगों की एक…

हमें पता है क्या हो रहा है — UGC रेगुलेशन मामले में दखल देगा सुप्रीम कोर्ट

नई दिल्ली जातिगत भेदभाव से जुड़े UGC के नए नियमों के खिलाफ दाखिल याचिका पर सुनवाई के लिए सुप्रीम कोर्ट तैयार हो गया है। शीर्ष न्यायालय ने बुधवार को इस…

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

धर्म

माघ माह की आखिरी एकादशी: इन 3 जगहों पर दीपक जलाते ही चमक उठेगा किस्मत का सितारा

माघ माह की आखिरी एकादशी: इन 3 जगहों पर दीपक जलाते ही चमक उठेगा किस्मत का सितारा

शुक्र प्रदोष व्रत का महात्म्य: इस मुहूर्त में पूजा से पूरी होंगी मनोकामनाएं

शुक्र प्रदोष व्रत का महात्म्य: इस मुहूर्त में पूजा से पूरी होंगी मनोकामनाएं

आज का राशिफल: ग्रहों के परिवर्तन से किस राशि की बदलेगी किस्मत

आज का राशिफल: ग्रहों के परिवर्तन से किस राशि की बदलेगी किस्मत

श्रद्धा का प्रतीक बेलपत्र: क्यों महादेव को अति प्रिय है यह पत्ता, क्या है जन्म कथा

श्रद्धा का प्रतीक बेलपत्र: क्यों महादेव को अति प्रिय है यह पत्ता, क्या है जन्म कथा

गंडमूल नक्षत्र का रहस्य: जन्म के बाद 27 दिनों तक पिता-दर्शन क्यों वर्जित?

गंडमूल नक्षत्र का रहस्य: जन्म के बाद 27 दिनों तक पिता-दर्शन क्यों वर्जित?

17 फरवरी 2026 को पहला सूर्य ग्रहण, धनिष्ठा नक्षत्र और कुंभ राशि में, जानें भारत में सूतक काल की स्थिति

17 फरवरी 2026 को पहला सूर्य ग्रहण, धनिष्ठा नक्षत्र और कुंभ राशि में, जानें भारत में सूतक काल की स्थिति