ई-मेल से भेजी ताजमहल को बम से उड़ाने की धमकी, प्रशासन हाईअलर्ट

आगरा

ताजमहल को एक बार फिर से उड़ाने की धमकी मिली है. ये धमकी केरल से मिली है. ई-मेल से भेजी गई इस धमकी में ताजमहल को बम से उड़ाने की बात लिखी है. जिसके बाद से पुलिस हाईअलर्ट पर है. शनिवार सुबह करीब सात बजे केरल से सव्वाकू शंकर की ईमेल आईडी से एक मेल यूपी टूरिज्म, दिल्ली पुलिस और अभय श्रीवास्तव की आईडी पर आई. जिसमें ताजमहल को दोपहर 3:30 बजे तक आरडीएक्स से उड़ाने की धमकी दी गई थी.

धमकी मिलने के बाद सीआईएसएफ, ताज सुरक्षा पुलिस, बन निरोधक दस्ता, डॉग स्क्वॉइड, पर्यटन पुलिस और भारत पुरातत्व सर्वेक्षण ​विभाग ने करीब तीन घंटे तक ताजमहल का चप्पा-चप्पा छान मारा. हालांकि, कहीं कोई संदिग्ध वस्तु नहीं मिली. धमकी के चलते ताजमहल के पूर्वी और पश्चिमी गेट पर सतर्कता और बढा दी गई. पर्यटकों को ताजमहल में पेन ले जाने पर भी पाबंदी लगा दी गई.

तीन घंटे की तलाशी के बाद कोई संदिग्ध वस्तु नहीं मिली तो सुरक्षा एजेंसियों ने राहत की सांस ली. डीसीपी सिटी के मुताबिक यह हॉक्स ईमेल था, जो केरल से आया था. इस बारे में साइबर सेल थाना में मुकदमा दर्ज किया गया है. जिसकी जांच साइबर सेल कर रही है.

  • admin

    Related Posts

    अंबिकापुर: जिला न्यायालय को बम से उड़ाने की धमकी वाला ईमेल, सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट

    अम्बिकापुर सरगुजा जिला एवं सत्र न्यायालय को बम से उड़ाने की धमकी भरा ई-मेल मिलने से बुधवार को प्रशासनिक अमला सतर्क हो गया। यह धमकी जिला न्यायाधीश की आधिकारिक ई-मेल…

    मतदाता सूची शुद्धिकरण पर फोकस, रोल ऑब्ज़र्वर अभिनव गुप्ता ने किया फील्ड निरीक्षण

    रायपुर. निर्वाचक नामावली के विशेष गहन पुनरीक्षण कार्यों का रोल ऑब्जर्वर  अभिनव गुप्ता ने किया निरीक्षण निर्वाचक नामावलियों के विशेष गहन पुनरीक्षण कार्यक्रम–2026 के अंतर्गत भारत निर्वाचन आयोग, नई दिल्ली…

    Leave a Reply

    Your email address will not be published. Required fields are marked *

    धर्म

    माघ माह की आखिरी एकादशी: इन 3 जगहों पर दीपक जलाते ही चमक उठेगा किस्मत का सितारा

    माघ माह की आखिरी एकादशी: इन 3 जगहों पर दीपक जलाते ही चमक उठेगा किस्मत का सितारा

    शुक्र प्रदोष व्रत का महात्म्य: इस मुहूर्त में पूजा से पूरी होंगी मनोकामनाएं

    शुक्र प्रदोष व्रत का महात्म्य: इस मुहूर्त में पूजा से पूरी होंगी मनोकामनाएं

    आज का राशिफल: ग्रहों के परिवर्तन से किस राशि की बदलेगी किस्मत

    आज का राशिफल: ग्रहों के परिवर्तन से किस राशि की बदलेगी किस्मत

    श्रद्धा का प्रतीक बेलपत्र: क्यों महादेव को अति प्रिय है यह पत्ता, क्या है जन्म कथा

    श्रद्धा का प्रतीक बेलपत्र: क्यों महादेव को अति प्रिय है यह पत्ता, क्या है जन्म कथा

    गंडमूल नक्षत्र का रहस्य: जन्म के बाद 27 दिनों तक पिता-दर्शन क्यों वर्जित?

    गंडमूल नक्षत्र का रहस्य: जन्म के बाद 27 दिनों तक पिता-दर्शन क्यों वर्जित?

    17 फरवरी 2026 को पहला सूर्य ग्रहण, धनिष्ठा नक्षत्र और कुंभ राशि में, जानें भारत में सूतक काल की स्थिति

    17 फरवरी 2026 को पहला सूर्य ग्रहण, धनिष्ठा नक्षत्र और कुंभ राशि में, जानें भारत में सूतक काल की स्थिति