मध्य प्रदेश में बढ़ने लगी तपिश, ग्वालियर-चंबल क्षेत्र में चल सकती है लू, पूर्वी मध्य प्रदेश के ऊपर बना चक्रवात

भोपाल 
दक्षिण-पश्चिम मानसून अभी भी मुंबई में ठहरा हुआ है। वैसे तो अलग-अलग स्थानों पर पांच मौसम प्रणालियां मौजूद हैं, लेकिन पर्याप्त नमी नहीं मिलने के कारण मध्य प्रदेश में अधिकतम तापमान बढ़ने लगा है। इसी क्रम में प्रदेश में सबसे अधिक 42.2 डिग्री सेल्सियस तापमान गुना एवं खजुराहो में दर्ज किया गया।

सुबह साढ़े आठ बजे से शाम साढ़े पांच बजे तक नर्मदापुरम में पांच एवं इंदौर में 0.5 मिलीमीटर बारिश हुई। मौसम विज्ञानियों के अनुसार चार दिन में अधिकतम तापमान में तीन से चार डिग्री सेल्सियस की बढ़ोतरी हो सकती है।
 
यहां चल सकती है लू
ग्वालियर, चंबल एवं सागर संभाग के जिलों में कहीं-कहीं लू भी चल सकती है। मौसम विज्ञानी वीएस यादव ने बताया कि वर्तमान में मानसून की उत्तरी सीमा मुंबई, अहिल्यानगर, आदिलाबाद, भवानीपटना, पुरी, बालुरघाट से होकर ही गुजर रही है। एक पश्चिमी विक्षोभ पाकिस्तान के आसपास द्रोणिका के रूप में बना हुआ है।

पूर्वी मध्य प्रदेश के ऊपर बना चक्रवात
उत्तर-पश्चिमी राजस्थान और उसके आसपास हवा के ऊपरी भाग में चक्रवात बना हुआ है। उत्तर-पश्चिमी उत्तर प्रदेश और उसके आसपास भी हवा के ऊपरी भाग में चक्रवात मौजूद है। इसी तरह उत्तर-पूर्वी मध्य प्रदेश पर भी हवा के ऊपरी भाग में चक्रवात है।
 
इसके अतिरिक्त पूर्व विदर्भ से उत्तरी कर्नाटक तक एक द्रोणिका बनी हुई है, लेकिन हवाओं के साथ पर्याप्त नमी नहीं आ रही है। इस वजह से तापमान बढ़ने लगा है। इस तरह की स्थिति चार दिन तक बनी रह सकती है। इस दौरान ग्वालियर, चंबल एवं सागर संभाग के जिलों में कहीं-कहीं लू भी चल सकती है।

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