पुतिन और ट्रंप के बीच 50 मिनट तक बातचीत हुई, यूक्रेन से युद्ध लड़ रहे पुतिन इजरायल-ईरान जंग में बनेंगे शांतिदूत!

रूस 
मिडिल ईस्ट लंबे समय से जंग की आग में धधक रहा है. इजरायल और ईरान की जंग ने इसे और सुलगा दिया है. बीते 48 से ज्यादा घंटों से दोनों देश एक-दूसरे पर धड़ाधड़ मिसाइलें दाग रहे हैं. इस बीच मिडिल ईस्ट की मौजूदा स्थिति को लेकर रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन और अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने फोन पर बात की.  रूसी राष्ट्रपति कार्यालय क्रेमलिन के एक अधिकारी यूरी उशाकोव ने बताया कि पुतिन और ट्रंप के बीच 50 मिनट तक बातचीत हुई. दोनों नेताओं की यह बातचीत लाभप्रद रही. इस दौरान इजरायल और ईरान के बीच की मौजूदा जंग से मिडिल ईस्ट पर पड़ने वाले खतरनाक प्रभावों पर मंथन किया गया.

उशाकोव ने बताया कि इस दौरान पुतिन ने इजरायल और ईरान के राष्ट्रप्रमुखों के साथ हुई बातचीत का ब्योरा भी ट्रंप को दिया. पुतिन ने ईरान के खिलाफ इजरायल के मिलिट्री ऑपरेशन की निंदा की और इस जंग से उपजे तनाव पर गहरी चिंता जताते हुए कहा कि इसका खामियाजा पूरे मिडिल ईस्ट को भुगतना पड़ेगा.
 
पुतिन ने इस जंग को बढ़ने से रोकने के महत्व और इसके लिए संभावित मध्यस्थता के प्रयासों में रूस के शामिल होने की इच्छा पर जोर दिया. उन्होंने यह जंग रोकने के लिए संभावित मध्यस्थता की इच्छा जताई. ट्रंप ने भी मौजूदा स्थिति को चिंताजनक बताते हुए कहा कि ईरान को बातचीत की टेबल पर लौटना ही होगा. उन्होंने कहा कि इस बातचीत के लिए अमेरिका के वार्ताकारों की टीम तैयार है और वह ईरान के प्रतिनिधियों के साथ बातचीत करना चाहते हैं.

बता दें कि ट्रंप के साथ इस बातचीत के दौरान पुतिन ने उन्हें दो जून को इंस्ताबुल में रूस और यूक्रेन के प्रतिनिधियों के बीच बनी सहमति पर भी जानकारी दी और 22 जून के बाद यूक्रेन के साथ बातचीत की इच्छा जताई.

इजरायल और ईरान एक-दूसरे पर अपनी पूरी क्षमता के साथ हमला कर रहे हैं. इजरायली सेना आईडीएफ का कहना है कि ईरान ने रातभर में 80 से ज्यादा बैलिस्टिक मिसाइलें दागी हैं. इनमें से लगभग 40 मिसाइलें उत्तरी इजरायल में दागी गई हैं. ईरान के हमले में अब तक 10 इजरायली नागरिकों की मौत की खबर है जबकि 200 घायल बताए जा रहे हैं. सात लोग अभी भी लापता बताए जा रहे हैं.

वहीं, ईरान पर इजरायल के हमले में सेना के छह शीर्ष मिलिट्री जनरल की मौत का दावा किया गया है. इजरायल ने ईरानी नागरिकों से मिलिट्री इकाइयों और उनके आसपास के इलाकों को खाली करने को कहा है. इजरायली सेना ने पश्चिमी ईरान में मिसाइल स्टोरेज और लॉन्चर्स को निशाना बनाया है.  

बीते 48 घंटों में ईरान पर इजरायल के हमलों में 130 से ज्यादा लोगों की मौत हो चुकी है. इनमें नौ के आसपास न्यूक्लियर वैज्ञानिक और कई बड़े ईरानी कमांडर्स भी शामिल हैं. घायलों की तादाद भी 300 से ज्यादा बताई जा रही है. ईरान ने इजरायल के ताबड़तोड़ हमलों को देखते हुए कई राज्यों में अपने एयर डिफेंस सिस्टम को एक्टिव कर दिया है. 

 

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