नवा रायपुर-धमतरी-राजिम रेल लाइन का इंतजार ख़त्म, 15 अगस्त से चल सकती है ट्रेन

रायपुर

नवा रायपुर-धमतरी-राजिम रेल लाइन का काम अंतिम चरणों में हैं। 30 जून को जीएम तरुण सिन्हा ने अभनपुर से राजिम के बीच बिछे रेल लाइन का निरीक्षण किया। अभनपुर से राजिम के बीच गेज कनवर्जन का कार्य लगभग पूरा हो चुका है। सीआरएस (कमिशनर आफ रेलवे सेफ्टी) के निरीक्षण के बाद राजिम तक ट्रेन चलाने की तैयारी है। इसके लिए अफसरों ने तारीख भी तय कर ली है।

अधिकारियों के अनुसार 15 अगस्त तक राजिम तक ट्रेन शुरू हो जाएगी। वर्तमान में ट्रेन रायपुर से अभनपुर के बीच चलाई जा रही है। नवा रायपुर-धमतरी-राजिम रेल लाइन पर वर्तमान में मेमू ट्रेन चलाई जा रही है। इसी ट्रेन को राजिम तक विस्तार किया जाएगा। 550 करोड़ की लागत से बनाई जा रही 67 किलोमीटर लंबी रेललाइन परियोजना पहले से ही अपने निर्धारित समय से तीन साल पीछे चल रही है। लेकिन इस साल इस रेल लाइन में लगातार प्रगति देखने को मिल रही है।

31 मार्च को रायपुर से अभनपुर के बीच पहली ट्रेन चलाई गई। इसके बाद अब अधिकारी 15 अगस्त से पहले तक इस रेल लाइन में राजिम तक ट्रेन शुरू करने की तैयारी कर रहे हैं। वर्तमान में इस ट्रेन में रायपुर से अभनपुर के बीच हर महीने लगभग दो हजार यात्री सफर कर रहे हैं। राजिम तक ट्रेन शुरू होने से यात्रियों की संख्या बढ़ेगी।

राजिम प्रदेश का एक महत्वपूर्ण धार्मिक और पर्यटन स्थल है। यह तीन नदियों, महानदी, पैरी और सोंढूर के संगम पर स्थित है, जिसे छत्तीसगढ़ का प्रयाग भी कहा जाता है। यहां राजीव लोचन मंदिर और कुलेश्वर महादेव मंदिर जैसे प्रसिद्ध मंदिर हैं।

राजिम में अतिक्रमण, इसलिए आ रही है परेशानी

वर्तमान में राजिम स्टेशन के दोनों छोर पर अतिक्रमण है। जिसे हटाने के लिए स्थानीय प्रशासन से बात की जा रही है। अफसरों के अनुसार यात्री ट्रेनें चलाने में रेलवे को परेशानी नहीं है। लेकिन गुड्स ट्रेनें (मालगाड़ी) चलाने में जरूर दिक्कत हो सकती है।

धमतरी के लिए दिसंबर तक का रखा लक्ष्य
अफसरों की माने तो अभनपुर से धमतरी के बीच भी गेज कनवर्जन कार्य प्रगति पर है। दिसंबर में धमतरी तक ट्रेन शुरू करने की बात कही जा रही है। हांलाकि पूरी तरह से धमतरी तक रेल सेवा शुरू करने के लिए 2026 का ही लक्ष्य रखा है।

1920 में इसी रेल लाइन पर हुआ था सत्याग्रह
ब्रिटिश सरकार के काले कानूनों से लड़ने इसी रेल लाइन पर राष्ट्रपिता महात्मागांधी 1920 में कंडेल सत्याग्रह के लिए धमतरी पहुंचे थे। इस रेल लाइन को रेलवे ने नौ साल पहले नुकसान बताकर बंद कर दिया था। लोगों के विरोध पर रेलवे ने 2018 में नई रेल लाइन की घोषणा की। फिर बजट पास किया और काम शुरू हुआ।

15 अगस्त तक किसी भी हाल में यात्री ट्रेन राजिम तक शुरू हो जाएगी। राजिम रेलवे स्टेशन के आसपास अतिक्रमण है। जिसे स्थानीय प्रशासन के साथ मिलकर हटाने की तैयारी है। – अवधेश कुमार त्रिवेदी, सीनियर डीसीएम, रायपुर।

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