महाकौशल अंचल में 4 दिन से लगातार भारी बारिश, बरगी डैम के नौ गेट खुले, दो दिनों तक स्कूलों की छुट्टी, जबलपुर में रेड अलर्ट जारी

 जबलपुर 

मध्यप्रदेश के महाकौशल अंचल में 4 दिन से लगातार भारी बारिश हो रही है. जिसके चलते जिले बाढ़ जैसे हालात बन गए हैं. लगातार हो रही बारिश के कारण रेड अलर्ट जारी किया गया है.जबलपुर जिले लगातार हो रही बारिश और बरगी बांध के गेट खोले जाने के बाद नर्मदा नदी का जलस्तर तेजी से बढ़ रहा है. गौरीघाट की सड़कों तक पानी आ चुका है. जबकि नरसिंहपुर, नर्मदापुरम सहित कई जिलों के घाट डूब चुके हैं.भारी बारिश को देखते हुए जबलपुर कलेक्टर दीपक सक्सेना ने आज और कल सभी सरकारी और प्राइवेट स्कूलों में अवकाश घोषित कर दिया है.

जबलपुर में लगातार हो रही बारिश के कारण जनजीवन अस्तव्यस्त हो गया है। इसी बीच मौसम विभाग ने अगले 48 घंटे के दौरान भारी बारिश की संभावना जताते हुए अलर्ट जारी किया है। मौसम विभाग की ओर से अलर्ट जारी करने के बाद जबलपुर कलेक्टर दीपक सक्सेना ने आदेश जारी कर अगले दो दिन 7 और 8 जुलाई को जिले के सभी स्कूलों में छुट्टी घोषित की है। जबलपुर व जबलपुर के आसपास के जिलों में लगातार हो रही बारिश से नर्मदा नदी का जलस्तर भी बढ़ गया है।

जबलपुर कलेक्टर दीपक सक्सेना ने जो आदेश जारी किया है उसमें लिखा है- जिला जबलपुर में पिछले 48 घंटों से लगातार अतिवृष्टिजारी है तथा मौसम विभाग ने आगामी 48 घंटों में भारी बारिश का रेड अलर्ट जारी किया है। अत: विद्यार्थियों को होने वाली परेशानी, जोखिम एवं छात्र-छात्राओं के हित को देखते हुए दिनांक 7 व 8 जुलाई 2025 को जिले के संचालित समस्त शासकीय, अशासकीय मान्यता प्राप्त, सीबीएसई, आईसीएसई, नवोदय विद्यालयों में विद्यार्थियों के लिए अवकाश घोषित जाता है। ये आदेश तत्काल प्रभावशील होगा।

बरगी डैम के गेट खुले

मंडला, डिंडौरी, जबलपुर आदि जिलों में हो रही लगातार बारिश के कारण नर्मदा नदी उफान पर आ गई है। नर्मदा खतरे के निशान से ऊपर बह रही है और तेजी से नदी में बढ़ रहे पानी के कारण रविवार को जबलपुर में बरगी बांध के 9 गेट खोले गए हैं। बरगी बांध के गेट खोले जाने से नर्मदा का जलस्तर निचले इलाकों में और तेजी से बढ़ेगा जिसे देखते हुए जिला प्रशासन के साथ ही बरगी बांध प्रबंधन ने भी नर्मदा से सटे इलाकों में अलर्ट जारी कर दिया है।

मंडला और डिंडोरी में लगातार हो रही बारिश के कारण रविवार दोपहर को बरगी बांध के 21 में से 9 गेटों को खोल दिया गया. जिससे करीब 52 हजार क्यूसेक पानी को छोड़ा जा रहा है.बरगी डैम के नौ गेट खुलने के बाद फैमिली सहित टूरिस्ट इस विहंगम नजारे को देखने के लिए पहुंच रहे हैं और यादों को संजोने सेल्फी ले रहे हैं. टूरिस्ट पंकज पटेल ने बताया काफी दिनों से गेट खुलने का इंतजार था, 

 

 

 

admin

Related Posts

अंबिकापुर: जिला न्यायालय को बम से उड़ाने की धमकी वाला ईमेल, सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट

अम्बिकापुर सरगुजा जिला एवं सत्र न्यायालय को बम से उड़ाने की धमकी भरा ई-मेल मिलने से बुधवार को प्रशासनिक अमला सतर्क हो गया। यह धमकी जिला न्यायाधीश की आधिकारिक ई-मेल…

मतदाता सूची शुद्धिकरण पर फोकस, रोल ऑब्ज़र्वर अभिनव गुप्ता ने किया फील्ड निरीक्षण

रायपुर. निर्वाचक नामावली के विशेष गहन पुनरीक्षण कार्यों का रोल ऑब्जर्वर  अभिनव गुप्ता ने किया निरीक्षण निर्वाचक नामावलियों के विशेष गहन पुनरीक्षण कार्यक्रम–2026 के अंतर्गत भारत निर्वाचन आयोग, नई दिल्ली…

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

धर्म

माघ माह की आखिरी एकादशी: इन 3 जगहों पर दीपक जलाते ही चमक उठेगा किस्मत का सितारा

माघ माह की आखिरी एकादशी: इन 3 जगहों पर दीपक जलाते ही चमक उठेगा किस्मत का सितारा

शुक्र प्रदोष व्रत का महात्म्य: इस मुहूर्त में पूजा से पूरी होंगी मनोकामनाएं

शुक्र प्रदोष व्रत का महात्म्य: इस मुहूर्त में पूजा से पूरी होंगी मनोकामनाएं

आज का राशिफल: ग्रहों के परिवर्तन से किस राशि की बदलेगी किस्मत

आज का राशिफल: ग्रहों के परिवर्तन से किस राशि की बदलेगी किस्मत

श्रद्धा का प्रतीक बेलपत्र: क्यों महादेव को अति प्रिय है यह पत्ता, क्या है जन्म कथा

श्रद्धा का प्रतीक बेलपत्र: क्यों महादेव को अति प्रिय है यह पत्ता, क्या है जन्म कथा

गंडमूल नक्षत्र का रहस्य: जन्म के बाद 27 दिनों तक पिता-दर्शन क्यों वर्जित?

गंडमूल नक्षत्र का रहस्य: जन्म के बाद 27 दिनों तक पिता-दर्शन क्यों वर्जित?

17 फरवरी 2026 को पहला सूर्य ग्रहण, धनिष्ठा नक्षत्र और कुंभ राशि में, जानें भारत में सूतक काल की स्थिति

17 फरवरी 2026 को पहला सूर्य ग्रहण, धनिष्ठा नक्षत्र और कुंभ राशि में, जानें भारत में सूतक काल की स्थिति