बांग्लादेश में पांव पसारता टीटीपी, सुरक्षा एजेंसियों के लिए भारत में अलर्ट

ढाका
पाकिस्तान में तहरीक-ए-तालिबान (टीटीपी) लंबे समय से आतंक मचा रहा है। कई आतंकी घटनाओं में तहरीक-ए-तालिबान का नाम सामने आ चुका है। अब पाकिस्तान के बाद यह आतंकी संगठन बांग्लादेश में अपनी उपस्थिति को बढ़ा रहा है, जिसकी वजह से भारत के सामने भी नई टेंशन खड़ी हो गई है। दरअसल, इन दिनों टीटीपी बांग्लादेश में आतंक फैलाने के लिए नए लड़ाकों की भर्ती में लगा हुआ है। पाकिस्तान के साथ-साथ भारत बांग्लादेश के साथ भी अपनी सीमा को साझा करता है और अगर दोनों पड़ोसी देशों में टीटीपी भविष्य में आतंकी घटनाओं को अंजाम देता है तो इसका असर भारत पर भी पड़ सकता है। भारत की सुरक्षा के लिए भी टीटीपी खतरा हो सकता है।

मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, हाल ही में कम से कम दो टीटीपी के रिक्रूटर्स के बांग्लादेश से अफगानिस्तान वाया पाकिस्तान जाने के सबूत मिले हैं। इसमें से एक का अप्रैल महीने में पाकिस्तानी सेना ने एनकाउंटर भी कर दिया। पिछले महीने जून में मलेशिया ने भी 36 बांग्लादेशी नागरिकों को आतंकियों से संपर्क रखने के आरोप में गिरफ्तार किया था। इसके बाद बांग्लादेश में टीटीपी के पैर पसारने की अटकलें तेज होने लगीं। मूल रूप से टीटीपी पाकिस्तान-अफगानिस्तान के बॉर्डर से ऑपरेट करता है और वहीं से पाकिस्तान में धमाकों को अंजाम देता है। अब बांग्लादेश में भी पैर पसारने की कोशिश में लगा हुआ है।

पिछले साल अगस्त महीने में शेख हसीना के सत्ता से बाहर होने के बाद बांग्लादेश में उग्रवाद बढ़ा है। जुलाई में ही बांग्लादेश की एंटी टेरिरिज्म यूनिट ने दो लोगों जिनके नाम शमीम महफूज और मोहम्मद फोजल को गिरफ्तार किया है, जिस पर आरोप है कि दोनों के संपर्क टीटीपी से थे। बांग्लादेशी अखबार द डेली स्टार के अनुसार, बांग्लादेशी अधिकारी खुफिया जानकारी के आधार पर चलाए जा रहे अभियानों के जरिए इस खतरे को नियंत्रित करने पर ध्यान केंद्रित कर रहे हैं। बांग्लादेश पुलिस द्वारा 2017 में स्थापित एटीयू, उन्नत खुफिया रणनीतियों का उपयोग करके ऐसे खतरों को लक्षित करता है। ये गिरफ्तारियां बांग्लादेशी डिजिटल आउटलेट द डिसेंट की मई में प्रकाशित एक रिपोर्ट के बाद हुई हैं, जिसमें खुलासा हुआ था कि कम से कम आठ बांग्लादेशी नागरिक वर्तमान में अफगानिस्तान में टीटीपी के सदस्य के रूप में सक्रिय हैं।

 

  • admin

    Related Posts

    हवाई हादसों का दर्दनाक इतिहास: अजित पवार दुर्घटना से पहले इन 11 दिग्गजों की भी ऐसे ही हुई थी मौत

    नई दिल्ली बुधवार की सुबह महाराष्ट्र और देश की राजनीति के लिए गहरे शोक की खबर लेकर आई, जब महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री अजित पवार और चार अन्य लोगों की एक…

    हमें पता है क्या हो रहा है — UGC रेगुलेशन मामले में दखल देगा सुप्रीम कोर्ट

    नई दिल्ली जातिगत भेदभाव से जुड़े UGC के नए नियमों के खिलाफ दाखिल याचिका पर सुनवाई के लिए सुप्रीम कोर्ट तैयार हो गया है। शीर्ष न्यायालय ने बुधवार को इस…

    Leave a Reply

    Your email address will not be published. Required fields are marked *

    धर्म

    माघ माह की आखिरी एकादशी: इन 3 जगहों पर दीपक जलाते ही चमक उठेगा किस्मत का सितारा

    माघ माह की आखिरी एकादशी: इन 3 जगहों पर दीपक जलाते ही चमक उठेगा किस्मत का सितारा

    शुक्र प्रदोष व्रत का महात्म्य: इस मुहूर्त में पूजा से पूरी होंगी मनोकामनाएं

    शुक्र प्रदोष व्रत का महात्म्य: इस मुहूर्त में पूजा से पूरी होंगी मनोकामनाएं

    आज का राशिफल: ग्रहों के परिवर्तन से किस राशि की बदलेगी किस्मत

    आज का राशिफल: ग्रहों के परिवर्तन से किस राशि की बदलेगी किस्मत

    श्रद्धा का प्रतीक बेलपत्र: क्यों महादेव को अति प्रिय है यह पत्ता, क्या है जन्म कथा

    श्रद्धा का प्रतीक बेलपत्र: क्यों महादेव को अति प्रिय है यह पत्ता, क्या है जन्म कथा

    गंडमूल नक्षत्र का रहस्य: जन्म के बाद 27 दिनों तक पिता-दर्शन क्यों वर्जित?

    गंडमूल नक्षत्र का रहस्य: जन्म के बाद 27 दिनों तक पिता-दर्शन क्यों वर्जित?

    17 फरवरी 2026 को पहला सूर्य ग्रहण, धनिष्ठा नक्षत्र और कुंभ राशि में, जानें भारत में सूतक काल की स्थिति

    17 फरवरी 2026 को पहला सूर्य ग्रहण, धनिष्ठा नक्षत्र और कुंभ राशि में, जानें भारत में सूतक काल की स्थिति