अब एक ही नंबर से मिलेगी हर आपात मदद! MP में 112 इमरजेंसी सिस्टम होगा लागू

भोपाल
 मध्यप्रदेश में अब आपातकालीन सेवाएं और भी आसान और तेज हो जाएगी। 15 अगस्त 2025 से प्रदेश में इमरजेंसी सर्विसेज के लिए एक नया एकीकृत नंबर 112 शुरू होने जा रहा है। अब आपको पुलिस, एम्बुलेंस या फायर ब्रिगेड जैसी आपात सेवाओं के लिए अलग-अलग नंबर याद रखने की जरूरत नहीं होगी। बस एक नंबर 112 डायल करें, और मदद तुरंत आपके दरवाजे पर पहुंचेगी।

इस नई पहल के तहत मध्यप्रदेश सरकार डायल 112 सेवा को हाईटेक और सेंट्रलाइज्ड बनाने जा रही है। इसके लिए एक अत्याधुनिक कॉल सेंटर तैयार किया जा रहा है, जो सीधे सेंट्रल सर्वर से जुड़ा होगा। इस सेवा के तहत सड़कों पर बोलेरो नियो और स्कॉर्पियो जैसी हाईटेक इमरजेंसी गाड़ियां दौड़ती नजर आएंगी, जो आपात स्थिति में त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित करेंगी।

1200 नए वाहन मिलेंगे
नई व्यवस्था के तहत पूरे प्रदेश में 1200 नए बोलेरो नियो “फर्स्ट रिस्पांस व्हीकल” तैनात किए जाएंगे. ये वाहन जीपीएस, वायरलेस, डिजिटल नेविगेशन सिस्टम और लाइव लोकेशन ट्रैकिंग जैसी आधुनिक तकनीकों से लैस होंगे, जिससे किसी भी आपात स्थिति में पुलिस की मदद पहले से कहीं तेज़ और सटीक हो सकेगी.

10 साल तक चली ये सेवा
बता दें कि डायल-100 सेवा वर्ष 2015 में सिर्फ पांच साल के लिए शुरू की गई थी, लेकिन विभिन्न तकनीकी समस्याओं, निविदा प्रक्रिया में देरी, कोविड-19 महामारी और प्रशासनिक कारणों के चलते यह सेवा 10 वर्षों तक चली. अब बीवीजी कंपनी के बजाय जीवीके कंपनी को नई डायल-112 सेवा का संचालन सौंपा गया है.

पुलिस का ये दावा
पुलिस विभाग का दावा है कि नई सेवा के माध्यम से प्रदेशवासियों को और भी अधिक भरोसेमंद, तेज़ व स्मार्ट सुरक्षा मिलेगी. नई तकनीक के इस्तेमाल से घटना स्थल तक पहुंचने का औसत समय भी घटेगा, जिससे आपराधिक घटनाओं पर रोक लगाने में मदद मिलेगी. इस ऐलान के बाद से लोगों में नई सेवा को लेकर उत्सुकता बढ़ गई है.

112 के साथ शुरू होगा मध्यप्रदेश आपातकालीन सेवाओं में एक नया अध्याय 

फिलहाल, प्रदेश में इमरजेंसी सेवाओं के लिए डायल 100 नंबर का उपयोग होता है, जिसकी स्कीम 2015 में शुरू हुई थी और यह 5 साल के लिए थी। अब डायल 112 के साथ मध्यप्रदेश आपातकालीन सेवाओं में एक नया अध्याय शुरू करने जा रहा है। तो, 15 अगस्त से तैयार रहें, क्योंकि मध्यप्रदेश में आपकी सुरक्षा और सहायता के लिए सिर्फ एक कॉल काफी होगी- डायल 112. 

admin

Related Posts

अंबिकापुर: जिला न्यायालय को बम से उड़ाने की धमकी वाला ईमेल, सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट

अम्बिकापुर सरगुजा जिला एवं सत्र न्यायालय को बम से उड़ाने की धमकी भरा ई-मेल मिलने से बुधवार को प्रशासनिक अमला सतर्क हो गया। यह धमकी जिला न्यायाधीश की आधिकारिक ई-मेल…

मतदाता सूची शुद्धिकरण पर फोकस, रोल ऑब्ज़र्वर अभिनव गुप्ता ने किया फील्ड निरीक्षण

रायपुर. निर्वाचक नामावली के विशेष गहन पुनरीक्षण कार्यों का रोल ऑब्जर्वर  अभिनव गुप्ता ने किया निरीक्षण निर्वाचक नामावलियों के विशेष गहन पुनरीक्षण कार्यक्रम–2026 के अंतर्गत भारत निर्वाचन आयोग, नई दिल्ली…

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

धर्म

माघ माह की आखिरी एकादशी: इन 3 जगहों पर दीपक जलाते ही चमक उठेगा किस्मत का सितारा

माघ माह की आखिरी एकादशी: इन 3 जगहों पर दीपक जलाते ही चमक उठेगा किस्मत का सितारा

शुक्र प्रदोष व्रत का महात्म्य: इस मुहूर्त में पूजा से पूरी होंगी मनोकामनाएं

शुक्र प्रदोष व्रत का महात्म्य: इस मुहूर्त में पूजा से पूरी होंगी मनोकामनाएं

आज का राशिफल: ग्रहों के परिवर्तन से किस राशि की बदलेगी किस्मत

आज का राशिफल: ग्रहों के परिवर्तन से किस राशि की बदलेगी किस्मत

श्रद्धा का प्रतीक बेलपत्र: क्यों महादेव को अति प्रिय है यह पत्ता, क्या है जन्म कथा

श्रद्धा का प्रतीक बेलपत्र: क्यों महादेव को अति प्रिय है यह पत्ता, क्या है जन्म कथा

गंडमूल नक्षत्र का रहस्य: जन्म के बाद 27 दिनों तक पिता-दर्शन क्यों वर्जित?

गंडमूल नक्षत्र का रहस्य: जन्म के बाद 27 दिनों तक पिता-दर्शन क्यों वर्जित?

17 फरवरी 2026 को पहला सूर्य ग्रहण, धनिष्ठा नक्षत्र और कुंभ राशि में, जानें भारत में सूतक काल की स्थिति

17 फरवरी 2026 को पहला सूर्य ग्रहण, धनिष्ठा नक्षत्र और कुंभ राशि में, जानें भारत में सूतक काल की स्थिति