कब मनाएं नाग पंचमी – 29 या 30 जुलाई? शास्त्रों के अनुसार जानिए सटीक तिथि

सावन का महीना महादेव की आराधना करने के लिए बहुत शुभ माना जाता है. इस महीने में कई तीज-त्योहार पड़ते हैं, जिनमें से एक नाग पंचमी भी है. यह पर्व हर साल सावन के शुक्ल पक्ष की पंचमी तिथि पर मनाया जाता है, जो कि नाग देवता को समर्पित है. इस बार नाग पंचमी की डेट को लेकर लोगों में असमंजस की स्थिति बनी हुई है कि आखिर यह पर्व 29 जुलाई को मनाया जाएगा या 30 जुलाई को. ऐसे में आइए आपका कंफ्यूजन दूर करते हुए बताते हैं कि नाग पंचमी किस तारीख को है.

नाग पंचमी कब है 2025?
पंचांग के मुताबिक, सावन माह के शुक्ल पक्ष की पंचमी तिथि 28 जुलाई को रात 11:24 मिनट पर शुरू होगी. वहीं, इस तिथि का समापन 30 जुलाई को सुबह 12:46 मिनट पर होगा. ऐसे में पंचांग के आधार पर सावन में नाग पंचमी 29 जुलाई को मनाई जाएगी.

नाग पंचमी पूजा मुहूर्त
नाग पंचमी के दिन पूजा का मुहूर्त 29 जुलाई 2025 को सुबह 5:41 मिनट से लेकर सुबह 08:23 मिनट तक रहेगा. इस दौरान आप विधि-विधान से नाग देवता की पूजा कर सकते हैं.

नाग पंचमी के दिन पूजा कैसे की जाती है?

    इस दिन सुबह स्नान कर साफ कपड़े पहनने चाहिए.
    फिर मंदिर में नाग देवता की प्रतिमा या तस्वीर स्थापित करें.
    अगर मूर्ति न हो तो आटे का सांप बनाकर भी पूजा कर सकते हैं.
    नाग देवता को दूध, जल, हल्दी, रोली, चावल, फूल और मिठाई चढ़ाएं.
    फिर ‘ॐ नागदेवाय नमः’ या ‘ॐ भुजंगेशाय विद्महे, सर्पराजाय धीमहि, तन्नो नागः प्रचोदयात्’ मंत्र का जाप करें.
    फिर नाग पंचमी की कथा सुनें और आरती करनी चाहिए.
    इस दिन नागों को दूध पिलाने के बजाय दूध से स्नान कराना चाहिए.
    नाग पंचमी के दिन नाग देवता को दूध पीने से उन्हें नुकसान पहुंच सकता है.

नाग पंचमी की पूजा करने से क्या होता है?
धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, नाग पंचमी के दिन नाग देवता की आराधना करने से जीवन में आने वाले सभी संकटों से रक्षा होती है और कुंडली में मौजूद काल सर्प दोष का प्रभाव भी कम होता है. नाग पंचमी का पर्व घर में सुख, शांति और समृद्धि की कामना के लिए श्रद्धा पूर्वक मनाया जाता है.

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