लोकसभा में अमित शाह का जवाब – पहलगाम हमले के गुनहगार नहीं बचे, ऑपरेशन महादेव में मारे गए आतंकी

नई दिल्ली 
लोकसभा में ऑपरेशन सिंदूर पर हुई चर्चा का जवाब देते हुए केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने कहा कि पहलगाम में निर्दोष नागरिकों की हत्या करने वाले तीनों आतंकियों को 'ऑपरेशन महादेव' के तहत बीते दिन मौत के घाट उतार दिया गया है. उन्होंने सदन को बताया कि इसके लिए सुरक्षाबलों ने साझा ऑपरेशन चला रखा था और कई स्तर पर आतंकियों की पहचान की पुष्टि की गई है.

अखिलेश-अमित शाह के बीच बहस

अमित शाह ने कहा कि आतंकियों की रेकी के लिए एक महीने से ज्यादा वक्त तक सर्च ऑपरेशन चलाया गया और इसके बाद सेंसर्स के जरिए 22 जुलाई को आतंकियों के होने की खुफिया जानकारी मिली थी. उन्होंने कहा कि सोमवार को हुए ऑपरेशन में तीन आतंकी सुलेमान, अफजान और जिबरान मारे जा चुके हैं. एनकाउंटर के बाद आतंकियों के पास से बरामद हुई रायफलों के कारतूसों की FSL रिपोर्ट और इनकी मदद करने वालों से आतंकियों की पहचान कराई गई, जो पहले ही गिरफ्तार हो चुके थे.

लोकसभा में केंद्रीय गृह मंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी ने ऑपरेशन सिंदूर शुरू कर पहलगाम में आतंकी भेजने वालों के आकाओं को मिट्टी में मिलाने का काम किया था और अब सेना ने उन आतंकियों का ऑपरेशन महादेव के तहत खात्मा कर दिया. इस पर सपा सांसद अखिलेश यादव ने गृह मंत्री को बीच में टोकते हुए कहा कि आका तो पाकिस्तान है, जिसके जवाब में अमित शाह ने कहा कि आपकी पाकिस्तान से बात होती है क्या?

'आतंकियों का धर्म देख दुखी न हों'

इसके बाद लोकसभा में हंगामा शुरू हो गया और सपा के तमाम सांसद अपनी सीट से खड़े हो गए. लेकिन स्पीकर ओम बिड़ला ने व्यवधान को खत्म कर अमित शाह से बयान पूरा करने को कहा. इसके बाद अमित शाह ने आगे कहा कि मुझे उम्मीद थी कि आतंकियों के खात्मे की जानकारी पाते ही पक्ष-विपक्ष के सभी सांसदों में खुशी की लहर दौड़ जाएगी. लेकिन विपक्षी सांसदों के चेहरे पर स्याही पड़ गई. इनको आतंकियों के मारे जाने पर भी आनंद नहीं है.

इसके बाद एक बार फिर अखिलेश यादव ने अमित शाह को बीच भाषण में टोका, तो गृह मंत्री ने कहा कि अखिलेश जी आप आतंकियों का धर्म देखकर दुखी मत होइए. अमित शाह ने कहा कि छह वैज्ञानिकों ने इस रिपोर्ट की पुष्टि की है और मुझसे कहा है कि यह 100 फीसदी यह वही गोलियां हैं जो पहलगाम में चलाई गई थीं.

आपकी सरकार में कितने आतंकी भागे?

अमित शाह ने सदन में कहा कि पहलगाम हमले के बाद मैं वहां गया था और पीड़ित परिजनों से मिला था. छह दिन की शादी हुई लड़की वहां विधवा होकर खड़ी थी, वो दृश्य जीवन में कभी नहीं भूल सकता. लेकिन आज मैं उनके परिजनों से कहना चाहता हूं कि मोदी जी ने ऑपरेशन सिंदूर से आतंकियों को भेजने वालों को मारा और हमारे सुरक्षाबलों ने उन आतंकियों को भी मौत के घाट उतार दिया. एक ऐसा सबक सिखाया है कि आने वाले कई दिनों तक कोई ऐसी हिम्मत नहीं कर पाएगा. 

अमित शाह ने विपक्ष के सवालों पर कहा कि बार-बार पूछा जाता है कि पहलगाम के आतंकी कहां से आए और कैसे भाग गए, तो मैं बताना चाहता हूं कि हम सरकार में हैं, जिम्मेदारी हमारी है. लेकिन साथ ही पूछता हूं कि जब आप सरकार में थे तब आपने क्यों जिम्मेदारी नहीं ली. इसके बाद अमित शाह ने कांग्रेस की सरकार के दौरान देश छोड़कर भागे दाऊद इब्राहिम, सैयद सलाउद्दीन, टाइगर मेनन जैसे कई आतंकियों के नाम गिनाए और कहा कि जिन्होंने पहलगाम में हमला किया उन्हें तो हमारी सेना ने मार गिराया, आपने क्या किया.

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