भारत के इस इलाके को लेकर पाकिस्तान की नापाक चाल, सेना प्रमुख आसिम मुनीर की नई साजिश

इस्लामाबाद 
पाकिस्तान ने एक बार फिर भारत को गीदड़ भभकी दी है। हाल ही में द इकोनॉमिस्ट को दिए एक इंटरव्यू के दौरान ISPR यानी इंटर सर्विसेज पब्लिक रिलेशन के प्रवक्ता जनरल अहमद शरीफ चौधरी ने कहा कि अगर कोई और सैन्य कार्रवाई पाकिस्तान के खिलाफ शुरू की गई, तो भारत में 'अंदर घुसकर' हमला किया जाएगा। भारत ने 7 मई को ऑपरेशन सिंदूर के जरिए पाकिस्तान में आतंकवादी ठिकानों को तबाह कर दिया था।

मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, इकोनॉमिस्ट से बातचीत में जनरल चौधरी ने कहा कि मुनीर 'भारत को बातचीत की टेबल' पर लाना चाहते हैं। चौधरी से भारत की तरफ से दी गई चेतावनी को लेकर भी सवाल किया गया, जिसमें भारत की तरफ से कहा गया था कि किसी भी तरह की आतंकवादी घटना होने पर भारत की तरफ से तत्काल सैन्य कार्रवाई की जाएगी।

इसपर चौधरी ने कहा कि पाकिस्तान अब भारत पर 'पूर्व से हमला करेगा।' उन्होंने कहा, 'हम पूर्व से शुरुआत करेंगे। उन लोगों को भी समझना होगा कि उनपर भी हर जगह से हमला हो सकता है।' हालांकि, इस दौरान उन्होंने स्पष्ट जानकारी नहीं दी। रिपोर्ट के अनुसार, सेना के प्रवक्ता ने यह भी कहा कि 16 अप्रैल को मुनीर की तरफ से दिए गए भाषण में साफ नजर आता है कि वह भारत को लेकर क्या विचार रखते हैं। केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने बुधवार को राज्यसभा में कहा कि जम्मू कश्मीर के पहलगाम में 26 निर्दोष लोगों की जान लेने वाले तीन आतंकवादी ‘ऑपरेशन महादेव’ के तहत मुठभेड़ में मारे जा चुके हैं और इस हमले में उनकी संलिप्तता वैज्ञानिक रूप से प्रमाणित कर ली गई है। शाह ने कहा, 'मैं सदन के माध्यम से, ‘ऑपेरशन महादेव’ की जानकारी पूरे देश को देना चाहता हूं। ‘ऑपेरशन महादेव’ में सुलेमान, अफगान और जिब्रान नाम के तीन आतंकवादी – सेना, सीआरपीएफ और जम्मू-कश्मीर पुलिस के संयुक्त अभियान में मारे गए।'

गृह मंत्री के अनुसार, गत 22 अप्रैल को दिन में एक बजे पहलगाम की बैसरन घाटी में हमला हुआ था और वह शाम 5.30 बजे श्रीनगर पहुंच गए थे तथा 23 अप्रैल को एक सुरक्षा बैठक की गई और इसकी पुख्ता व्यवस्था की गई कि नृशंस हत्या करने वाले हत्यारे देश छोड़कर भागने न पाएं। उन्होंने बताया कि पूरी छानबीन एवं वैज्ञानिक तरीकों से यह पुष्टि की गई कि इन तीनों आतंकवादियों ने ही 22 अप्रैल को पहलगाम की बैसरन घाटी में 26 निर्दोष लोगों की जान ली थी।

 

  • admin

    Related Posts

    हवाई हादसों का दर्दनाक इतिहास: अजित पवार दुर्घटना से पहले इन 11 दिग्गजों की भी ऐसे ही हुई थी मौत

    नई दिल्ली बुधवार की सुबह महाराष्ट्र और देश की राजनीति के लिए गहरे शोक की खबर लेकर आई, जब महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री अजित पवार और चार अन्य लोगों की एक…

    हमें पता है क्या हो रहा है — UGC रेगुलेशन मामले में दखल देगा सुप्रीम कोर्ट

    नई दिल्ली जातिगत भेदभाव से जुड़े UGC के नए नियमों के खिलाफ दाखिल याचिका पर सुनवाई के लिए सुप्रीम कोर्ट तैयार हो गया है। शीर्ष न्यायालय ने बुधवार को इस…

    Leave a Reply

    Your email address will not be published. Required fields are marked *

    धर्म

    माघ माह की आखिरी एकादशी: इन 3 जगहों पर दीपक जलाते ही चमक उठेगा किस्मत का सितारा

    माघ माह की आखिरी एकादशी: इन 3 जगहों पर दीपक जलाते ही चमक उठेगा किस्मत का सितारा

    शुक्र प्रदोष व्रत का महात्म्य: इस मुहूर्त में पूजा से पूरी होंगी मनोकामनाएं

    शुक्र प्रदोष व्रत का महात्म्य: इस मुहूर्त में पूजा से पूरी होंगी मनोकामनाएं

    आज का राशिफल: ग्रहों के परिवर्तन से किस राशि की बदलेगी किस्मत

    आज का राशिफल: ग्रहों के परिवर्तन से किस राशि की बदलेगी किस्मत

    श्रद्धा का प्रतीक बेलपत्र: क्यों महादेव को अति प्रिय है यह पत्ता, क्या है जन्म कथा

    श्रद्धा का प्रतीक बेलपत्र: क्यों महादेव को अति प्रिय है यह पत्ता, क्या है जन्म कथा

    गंडमूल नक्षत्र का रहस्य: जन्म के बाद 27 दिनों तक पिता-दर्शन क्यों वर्जित?

    गंडमूल नक्षत्र का रहस्य: जन्म के बाद 27 दिनों तक पिता-दर्शन क्यों वर्जित?

    17 फरवरी 2026 को पहला सूर्य ग्रहण, धनिष्ठा नक्षत्र और कुंभ राशि में, जानें भारत में सूतक काल की स्थिति

    17 फरवरी 2026 को पहला सूर्य ग्रहण, धनिष्ठा नक्षत्र और कुंभ राशि में, जानें भारत में सूतक काल की स्थिति