गंभीर बीमारी में राहत: UP के शिक्षकों ने शुरू की 5 लाख की आर्थिक मदद वाली योजना

लखनऊ
उत्तर प्रदेश के लाखों शिक्षकों के लिए राहत की खबर है। अब गंभीर बीमारी की स्थिति में उन्हें आर्थिक मदद मिल सकेगी। इसके लिए टीचर्स सेल्फ केयर टीम (TSCT) ने ‘जीवन दान योजना’ की शुरुआत की है, जिसके तहत जरूरतमंद शिक्षकों को पांच लाख रुपये तक की सहायता मिलेगी। यह योजना शिक्षकों द्वारा शिक्षकों के लिए शुरू की गई है और पूरी तरह से स्वैच्छिक है।

उत्तर प्रदेश में शिक्षकों के लिए एक बड़ी पहल की गई है। प्रदेश की चार लाख सदस्यीय संस्था टीचर्स सेल्फ केयर टीम (TSCT) ने ‘गंभीर बीमारी के लिए जीवन दान योजना’ शुरू की है। इस योजना का उद्देश्य जरूरतमंद शिक्षकों को गंभीर बीमारियों की स्थिति में आर्थिक सहायता देना है।
 
इस योजना के तहत शिक्षक सदस्य 10 अगस्त तक 200 रुपये की राशि जमा करेंगे, जो कि एक कोष (कार्पस फंड) में संचित होगी। इस फंड से किसी भी सदस्य को गंभीर बीमारी के दौरान अस्पताल में भर्ती होने की स्थिति में अधिकतम पांच लाख रुपये तक की सहायता राशि दी जाएगी।

योजना पूरी तरह ऐच्छिक है। इसमें भाग लेना या न लेना पूरी तरह शिक्षक की मर्जी पर निर्भर है और इसका असर संस्था की अन्य योजनाओं पर नहीं पड़ेगा। संस्था के संस्थापक अध्यक्ष विवेकानंद आर्य ने बताया कि यह योजना शिक्षकों की आपसी सहायता की भावना को मजबूत करती है।

इस योजना के लिए कुछ शर्तें भी तय की गई हैं-
    सहायता केवल तभी दी जाएगी जब इलाज का खर्च 2 लाख रुपये से अधिक हो।
    केवल अस्पताल में भर्ती होने पर ही यह सहायता मान्य होगी।
    योजना में केवल एलोपैथिक इलाज को मान्यता दी गई है।
    एक सदस्य को दो वर्षों में केवल एक बार सहायता दी जाएगी।

लॉक-इन पीरियड सामान्य शिक्षकों के लिए 18 माह और शिक्षामित्र व अनुदेशकों के लिए 17 माह तय किया गया है, जिसे जुलाई से 18 माह किया जाएगा। इसमें यह भी तय किया गया है कि यदि किसी शिक्षक के पास मेडिकल इंश्योरेंस है, तो पहले उसे उसी सीमा तक सहायता दी जाएगी। इंश्योरेंस की सीमा से अधिक खर्च होने पर संस्था की योजना के तहत पूरी सहायता दी जाएगी।

  • admin

    Related Posts

    अंबिकापुर: जिला न्यायालय को बम से उड़ाने की धमकी वाला ईमेल, सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट

    अम्बिकापुर सरगुजा जिला एवं सत्र न्यायालय को बम से उड़ाने की धमकी भरा ई-मेल मिलने से बुधवार को प्रशासनिक अमला सतर्क हो गया। यह धमकी जिला न्यायाधीश की आधिकारिक ई-मेल…

    मतदाता सूची शुद्धिकरण पर फोकस, रोल ऑब्ज़र्वर अभिनव गुप्ता ने किया फील्ड निरीक्षण

    रायपुर. निर्वाचक नामावली के विशेष गहन पुनरीक्षण कार्यों का रोल ऑब्जर्वर  अभिनव गुप्ता ने किया निरीक्षण निर्वाचक नामावलियों के विशेष गहन पुनरीक्षण कार्यक्रम–2026 के अंतर्गत भारत निर्वाचन आयोग, नई दिल्ली…

    Leave a Reply

    Your email address will not be published. Required fields are marked *

    धर्म

    माघ माह की आखिरी एकादशी: इन 3 जगहों पर दीपक जलाते ही चमक उठेगा किस्मत का सितारा

    माघ माह की आखिरी एकादशी: इन 3 जगहों पर दीपक जलाते ही चमक उठेगा किस्मत का सितारा

    शुक्र प्रदोष व्रत का महात्म्य: इस मुहूर्त में पूजा से पूरी होंगी मनोकामनाएं

    शुक्र प्रदोष व्रत का महात्म्य: इस मुहूर्त में पूजा से पूरी होंगी मनोकामनाएं

    आज का राशिफल: ग्रहों के परिवर्तन से किस राशि की बदलेगी किस्मत

    आज का राशिफल: ग्रहों के परिवर्तन से किस राशि की बदलेगी किस्मत

    श्रद्धा का प्रतीक बेलपत्र: क्यों महादेव को अति प्रिय है यह पत्ता, क्या है जन्म कथा

    श्रद्धा का प्रतीक बेलपत्र: क्यों महादेव को अति प्रिय है यह पत्ता, क्या है जन्म कथा

    गंडमूल नक्षत्र का रहस्य: जन्म के बाद 27 दिनों तक पिता-दर्शन क्यों वर्जित?

    गंडमूल नक्षत्र का रहस्य: जन्म के बाद 27 दिनों तक पिता-दर्शन क्यों वर्जित?

    17 फरवरी 2026 को पहला सूर्य ग्रहण, धनिष्ठा नक्षत्र और कुंभ राशि में, जानें भारत में सूतक काल की स्थिति

    17 फरवरी 2026 को पहला सूर्य ग्रहण, धनिष्ठा नक्षत्र और कुंभ राशि में, जानें भारत में सूतक काल की स्थिति