पति की हत्या का गुनाह साबित, 6 साल बाद आया फैसला, पत्नी-प्रेमी को आजीवन कैद

 बाड़मेर

प्रेमी के साथ मिलकर अपने पति की हत्या के मामले में छह साल बाद बाड़मेर अपर जिला एवं सेशन न्यायालय-2 ने गुरुवार को फैसला सुनाते हुए आरोपी पत्नी दक्षा कंवर और उसके प्रेमी महेन्द्रसिंह दोनों को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। वर्ष 2019 में जिले के रामसर थाना क्षेत्र में कुल्हाड़ी और पाइप से वार करके महिला ने अपने प्रेमी के साथ मिलकर अपने पति वीरसिंह की हत्या कर दी थी।

अपर जिला एवं सेशन न्यायाधीश संख्या 02 पीयूष चौधरी ने इस मामले में सुनवाई करते हुए हत्या को दोषी मानते हुए दोनों आरोपियों को आजीवन कारावास के साथ आर्थिक दंड से दंडित करने का आदेश दिया। अपर लोक अभियोजक अनामिका सांदू ने बताया कि मामले की जांच में पुलिस ने महेन्द्रसिंह और दक्षा कंवर को आरोपी मानते हुए आरोप-पत्र प्रस्तुत किया था। सुनवाई के दौरान सरकार पक्ष ने कुल 26 गवाहों को परीक्षित कराया और संबंधित दस्तावेज एवं साक्ष्य प्रस्तुत किए।

अपर लोक अभियोजक और परिवादी अधिवक्ता ने दलील दी कि महेन्द्रसिंह और दक्षा कंवर ने प्रेम प्रसंग को छिपाने के लिए वीरसिंह की क्रूरतापूर्वक हत्या की थी। आरोपी दक्षा और महेन्द्रसिंह के बीच लंबे समय से प्रेम संबंध चल रहा था, जिस पर वीरसिंह ने आपत्ति जताई थी। इसी बात को लेकर दोनों के बीच तनाव चल रहा था और इस तनाव के कारण दक्षा ने अपने प्रेमी महेन्द्रसिंह के साथ मिलकर वीरसिंह की हत्या की योजना बनाई और उसे अंजाम दिया। मामले में अदालत ने सभी साक्ष्यों और तथ्यों के आधार पर दोनों आरोपियों को दोषी करार देते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई।

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