अमेरिका में भारतीय की हत्या: सांसदों ने पुलिस पर उठाए सवाल, कहा– खूंखार अपराधी क्यों नहीं था सलाखों के पीछे?

वाशिंगटन
यूएस में भारतीय मूल के शख्स की बेरहमी से की गई हत्या को लेकर अमेरिकी सांसद रो खन्ना ने कहा है कि हत्यारे को अमेरिका में नहीं रहने देना चाहिए। बता दें कि 50 साल के भारतीय अमेरिकी चंद्र मौली बॉब नागमल्लैया को उनके ही एक सहकर्मी योर्डानिस कोबोस मार्टनेज ने मार डाला था। आरोपी ने चाकू से उनकी गर्दन पर तबतक वार किया जब तक कि सिर धड़ से अलग नहीं हो गया। इसके बाद सिर पर लात मारी और कूड़ेदान में फेंक दिया। घटना के वक्त मृतक की पत्नी और बच्चा भी वहीं मौजूद था।

खन्ना ने कहा, कड़ी मेहनत करने वाले एक भारतीय मूल के अमेरिकी की उसकी पत्नी और बच्चे के सामने नृशंस हत्या बेहद खौफनाक है। उन्होंने कहा कि आरोपी को पहले भी चोरी और अन्य अपराध के चलते गिरफ्तार किया गया था। उसे अमेरिकी की गलियों में यूं घूमने के लिए छोड़ना ही नहीं चाहिए था। नागमलैय्या पर हमले की गवाह उनकी पत्नी निशा और 18 वर्षीय बेटे गौरव की मदद के लिए शुरू किए गए चंदा अभियान के तहत करीब दो लाख अमेरिकी डॉलर की धनराशि एकत्र हो चुकी है। इस धनराशि का उपयोग नागमलैय्या के अंतिम संस्कार और गौरव की कॉलेज की पढ़ाई का खर्च उठाने के लिए किया जाएगा।

नागमलैय्या (50) डाउनटाउन सुइट्स नामक होटल में काम कर करते थे। हिंसक आपराधिक इतिहास वाले क्यूबा के नागरिक और नागमलैय्या के सहकर्मी योरडानिस कोबोस-मार्टिनेज (37) ने सिर कलम करके उनकी हत्या कर दी थी। ह्यूस्टन स्थित भारतीय महावाणिज्य दूतावास मामले पर नजर रखे हुए है और ‘कांसुलर’ सहायता प्रदान कर रहा है। महावाणिज्य दूत डी सी मंजूनाथ ने कहा कि वाणिज्य दूतावास “परिवार और स्थानीय अधिकारियों के संपर्क में है और सभी आवश्यक सहायता प्रदान कर रहा है।”

 

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