14 सितंबर से MP में मॉनसून फिर होगा सक्रिय, मौसम विभाग ने दिया भारी बारिश का चेतावनी संदेश

भोपाल

मध्यप्रदेश में मॉनसून एक बार फिर से जोर पकड़ने को तैयार है। पिछले कुछ दिनों से प्रदेश में बारिश का दौर थम सा गया है। आज से मध्यप्रदेश फिर से बारिश में भीगने वाला है। मौसम विभाग का कहना है कि कल से 17 सितंबर तक मध्यप्रदेश में बारिश का दौर जारी रहेगा।।

मौसम विभाग की भविष्यवाणी

मौसम विभाग ने चेतावनी दी है कि 14-15 सितंबर से मध्यप्रदेश में मॉनसून फिर से रफ्तार पकड़ेगा। इंदौर, जबलपुर और नर्मदापुरम संभागों में तेज बारिश की संभावना है, जिसके लिए यलो अलर्ट जारी किया गया है। इसके अलावा रीवा, सागर और शहडोल संभागों में भी भारी बारिश हो सकती है। बंगाल की खाड़ी में बन रहे निम्न दबाव क्षेत्र के कारण यह बारिश का दौर 17 सितंबर तक जारी रह सकता है।

इस साल जमकर बरस रहा मॉनसून

आईएमडी के आंकड़ों के मुताबिक, मध्यप्रदेश में इस साल मॉनसून ने उम्मीद से ज्यादा मेहरबानी दिखाई है। 1 जून से अब तक प्रदेश में औसतन 36.3 इंच बारिश दर्ज की गई है, जो सामान्य 33.4 इंच से 9% अधिक है। पूर्वी मध्यप्रदेश में 6% और पश्चिमी मध्यप्रदेश में 12% ज्यादा बारिश हुई है। मंडला जिला 47.56 इंच बारिश के साथ सबसे ज्यादा प्रभावित रहा, जबकि भोपाल में 43 इंच से अधिक बारिश हो चुकी है।

admin

Related Posts

अंबिकापुर: जिला न्यायालय को बम से उड़ाने की धमकी वाला ईमेल, सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट

अम्बिकापुर सरगुजा जिला एवं सत्र न्यायालय को बम से उड़ाने की धमकी भरा ई-मेल मिलने से बुधवार को प्रशासनिक अमला सतर्क हो गया। यह धमकी जिला न्यायाधीश की आधिकारिक ई-मेल…

मतदाता सूची शुद्धिकरण पर फोकस, रोल ऑब्ज़र्वर अभिनव गुप्ता ने किया फील्ड निरीक्षण

रायपुर. निर्वाचक नामावली के विशेष गहन पुनरीक्षण कार्यों का रोल ऑब्जर्वर  अभिनव गुप्ता ने किया निरीक्षण निर्वाचक नामावलियों के विशेष गहन पुनरीक्षण कार्यक्रम–2026 के अंतर्गत भारत निर्वाचन आयोग, नई दिल्ली…

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

धर्म

माघ माह की आखिरी एकादशी: इन 3 जगहों पर दीपक जलाते ही चमक उठेगा किस्मत का सितारा

माघ माह की आखिरी एकादशी: इन 3 जगहों पर दीपक जलाते ही चमक उठेगा किस्मत का सितारा

शुक्र प्रदोष व्रत का महात्म्य: इस मुहूर्त में पूजा से पूरी होंगी मनोकामनाएं

शुक्र प्रदोष व्रत का महात्म्य: इस मुहूर्त में पूजा से पूरी होंगी मनोकामनाएं

आज का राशिफल: ग्रहों के परिवर्तन से किस राशि की बदलेगी किस्मत

आज का राशिफल: ग्रहों के परिवर्तन से किस राशि की बदलेगी किस्मत

श्रद्धा का प्रतीक बेलपत्र: क्यों महादेव को अति प्रिय है यह पत्ता, क्या है जन्म कथा

श्रद्धा का प्रतीक बेलपत्र: क्यों महादेव को अति प्रिय है यह पत्ता, क्या है जन्म कथा

गंडमूल नक्षत्र का रहस्य: जन्म के बाद 27 दिनों तक पिता-दर्शन क्यों वर्जित?

गंडमूल नक्षत्र का रहस्य: जन्म के बाद 27 दिनों तक पिता-दर्शन क्यों वर्जित?

17 फरवरी 2026 को पहला सूर्य ग्रहण, धनिष्ठा नक्षत्र और कुंभ राशि में, जानें भारत में सूतक काल की स्थिति

17 फरवरी 2026 को पहला सूर्य ग्रहण, धनिष्ठा नक्षत्र और कुंभ राशि में, जानें भारत में सूतक काल की स्थिति