जनता को राहत: सरकार ने 12% टैक्स स्लैब घटाकर 5% किया, 99% वस्तुएं होंगी सस्ती

चेन्नई
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने रविवार को कहा कि सरकार ने 12 प्रतिशत टैक्स स्लैब वाली 99 प्रतिशत वस्तुओं पर कर को घटाकर 5 प्रतिशत कर दिया है। इससे लोगों पर कर का बोझ कम होगा। ट्रेड एडं इंडस्ट्रीज एसोसिएशन के ज्वाइंट कॉन्क्लेव में लोगों को संबोधित करते हुए वित्त मंत्री ने कहा, "सरकार ने जीएसटी सुधार के तहत टैक्स स्लैब की संख्या को चार (5 प्रतिशत, 12 प्रतिशत, 18 प्रतिशत और 28 प्रतिशत) से घटाकर दो (5 प्रतिशत और 18 प्रतिशत) कर दिया गया है।"

वित्त मंत्री ने आगे कहा, "जब लोगों को लगा कि सरकार ज्यादा टैक्स लगा रही है तो प्रधानमंत्री मोदी ने टैक्स के बोझ को घटाने के लिए कदम उठाए। जीएसटी में कटौती का हमारे 140 करोड़ नागरिकों पर दूरगामी प्रभाव पड़ेगा। प्रधानमंत्री दिवाली से पहले देश को यह छूट देना चाहते थे, लेकिन हमें नवरात्रि से पहले ही इसकी घोषणा करते हुए बेहद खुशी हो रही है। यह सभी भारतीयों की जीत है।" वित्त मंत्री ने कहा कि सरकार ने 18 प्रतिशत टैक्स स्लैब वाली 90 प्रतिशत वस्तुओं पर कर को घटाकर 5 प्रतिशत या शून्य कर दिया है।

इसके अतिरिक्त, वित्त मंत्री ने बताया कि 2017 में केवल 65 लाख लोग की जीएसटी का भुगतान कर रहे थे, लेकिन आज यह संख्या बढ़कर 1.5 करोड़ पर पहुंच गई है। साथ ही जीएसटी कलेक्शन बढ़कर 22.08 लाख करोड़ रुपए पहुंच गया है, जो कि 2018 में 7.18 लाख करोड़ रुपए था।

जीएसटी में कटौती का श्रेय राज्यों के साथ साझा करते हुए वित्त मंत्री ने कहा कि राज्य के मंत्री जीएसटी परिषद की शुरुआत से ही इसका हिस्सा रहे हैं, और यह निर्णय सामूहिक रूप से लिया गया है। इस सफलता में राज्य सरकारों की भी भूमिका है। हमने 350 से ज्यादा वस्तुओं पर कर कम किया है और कर ढांचे को केवल दो स्लैब तक सीमित कर दिया है।

नए जीएसटी सुधार 22 सितंबर से लागू होंगे। नए जीएसटी ढांचे में सरकार ने 5 प्रतिशत और 18 प्रतिशत के दो स्लैब रखे हैं। वहीं, लग्जरी और सिन गुड्स पर 40 प्रतिशत का अलग से टैक्स लगाया जाएगा।

admin

Related Posts

आज शेयर मार्केट में रौनक, 6 लाख करोड़ की बढ़त के साथ निवेशकों ने उड़ाई खुशी

मुंबई  भारतीय शेयर बाजार में बुधवार को शानदार तेजी देखने को मिली. सेंसेक्‍स और निफ्टी ने आखिरी कुछ घंटों में कमाल की तेजी दिखाई, जिससे निवेशकों के पोर्टफोलियों में तगड़ी…

सारा खेल पलटा! भारत-EU डील ने अमेरिका की सोच पर डाला दबाव

 नई दिल्ली     भारत-EU डील अमेरिका के खिलाफ नहीं है, लेकिन यह साफ संदेश देती है कि अब भारत अब किसी एक देश पर निर्भर नहीं रहेगा. इसी कड़ी…

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

धर्म

माघ माह की आखिरी एकादशी: इन 3 जगहों पर दीपक जलाते ही चमक उठेगा किस्मत का सितारा

माघ माह की आखिरी एकादशी: इन 3 जगहों पर दीपक जलाते ही चमक उठेगा किस्मत का सितारा

शुक्र प्रदोष व्रत का महात्म्य: इस मुहूर्त में पूजा से पूरी होंगी मनोकामनाएं

शुक्र प्रदोष व्रत का महात्म्य: इस मुहूर्त में पूजा से पूरी होंगी मनोकामनाएं

आज का राशिफल: ग्रहों के परिवर्तन से किस राशि की बदलेगी किस्मत

आज का राशिफल: ग्रहों के परिवर्तन से किस राशि की बदलेगी किस्मत

श्रद्धा का प्रतीक बेलपत्र: क्यों महादेव को अति प्रिय है यह पत्ता, क्या है जन्म कथा

श्रद्धा का प्रतीक बेलपत्र: क्यों महादेव को अति प्रिय है यह पत्ता, क्या है जन्म कथा

गंडमूल नक्षत्र का रहस्य: जन्म के बाद 27 दिनों तक पिता-दर्शन क्यों वर्जित?

गंडमूल नक्षत्र का रहस्य: जन्म के बाद 27 दिनों तक पिता-दर्शन क्यों वर्जित?

17 फरवरी 2026 को पहला सूर्य ग्रहण, धनिष्ठा नक्षत्र और कुंभ राशि में, जानें भारत में सूतक काल की स्थिति

17 फरवरी 2026 को पहला सूर्य ग्रहण, धनिष्ठा नक्षत्र और कुंभ राशि में, जानें भारत में सूतक काल की स्थिति