भक्तों के लिए खुशखबरी: दुबारा खुल रहे हैं माता वैष्णो देवी के द्वार

जम्मू

कई सप्ताह के इंतजार के बाद माता वैष्णो देवी यात्रा पुनः शुरू हो गई है। जम्मू-कश्मीर के रियासी जिले में स्थित इस पवित्र तीर्थस्थल का रास्ता, जो भारी भूस्खलन के कारण लगभग 22 दिनों तक बंद रहा था, अब श्रद्धालुओं के लिए खोल दिया गया है। यह फैसला नवरात्रि के शुभ अवसर से ठीक पहले आया है, जिससे देश-विदेश से लाखों भक्तों में खुशी की लहर दौड़ गई है।

भूस्खलन से यात्रा मार्ग हुआ था बाधित
अगस्त के अंत में अर्धकुंवारी इलाके में भारी लैंडस्लाइड ने भारी तबाही मचाई थी। इस प्राकृतिक आपदा में 34 तीर्थयात्रियों की मृत्यु हुई और कई लोग घायल हो गए थे। इसके चलते माता वैष्णो देवी की यात्रा मार्ग को सुरक्षा कारणों से तत्काल बंद कर दिया गया। तब से संबंधित विभागों ने लगातार मार्ग की मरम्मत और पुनर्निर्माण कार्य में जुटे रहे।

दोबारा शुरू हुई तीर्थयात्रा
श्री माता वैष्णो देवी श्राइन बोर्ड ने बुधवार, 17 सितंबर 2025 से यात्रा मार्ग को फिर से खोलने की घोषणा की। बोर्ड ने भक्तों से आग्रह किया है कि वे यात्रा के संबंध में आधिकारिक जानकारी और अपडेट्स के लिए केवल आधिकारिक चैनलों पर ही भरोसा करें। यात्रा के फिर से शुरू होने के फैसले से कटरा के आधार शिविर पर भारी संख्या में श्रद्धालु जमा हुए और रजिस्ट्रेशन काउंटर पर लंबी कतारें लगीं।

श्रद्धालुओं की मांग और विरोध प्रदर्शन
मार्ग खुलने से पहले कुछ श्रद्धालुओं ने यात्रा फिर से शुरू करने की मांग को लेकर कटरा में विरोध प्रदर्शन भी किया था। सुरक्षा कारणों से यात्रा पहले स्थगित की गई थी, लेकिन लगातार बढ़ती भक्तों की भीड़ और उनकी मांगों को देखते हुए श्राइन बोर्ड ने अंतिम रूप से यात्रा की अनुमति दे दी। हालांकि, बोर्ड ने यात्रियों को सतर्क रहने और नियमों का पालन करने की भी सलाह दी है।

मौसम की भूमिका और सावधानियां
जम्मू-कश्मीर में हाल ही में हुई तेज बारिश और बादल फटने की घटनाओं ने पूरे इलाके में तबाही मचाई थी, जिसका असर माता वैष्णो देवी यात्रा मार्ग पर भी पड़ा था। फिलहाल मौसम अनुकूल है, लेकिन अधिकारियों ने सुरक्षा के मद्देनजर यात्रा के दौरान विशेष सतर्कता बरतने को कहा है।

श्रद्धालुओं के लिए उत्साह का माहौल
यात्रा मार्ग खुलते ही श्रद्धालुओं में जोश और उत्साह का माहौल है। नवरात्रि के शुभ अवसर पर माता के दर्शन का सौभाग्य पाने के लिए देश-विदेश से भक्त कटरा पहुंच रहे हैं। यह यात्रा न केवल धार्मिक आस्था का प्रतीक है बल्कि श्रद्धालुओं के जीवन में सुख-शांति और मनोबल भी बढ़ाती है।

 

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