रंग, परंपरा और उत्सव का संगम: थार महोत्सव की शुरुआत भव्य शोभायात्रा से

बाड़मेर

बाड़मेर जिला मुख्यालय पर आज भव्य शोभायात्रा के साथ थार महोत्सव 2025 का शुभारंभ हुआ। इस वर्ष महोत्सव की थीम रंग रेगिस्तान रखी गई है, जिसके अंतर्गत दो दिनों तक विभिन्न प्रतियोगिताएं और सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन होगा। जिला कलेक्टर टीना डाबी ने गांधी चौक से शोभायात्रा को हरी झंडी दिखाकर कार्यक्रम की औपचारिक शुरुआत की।

शोभायात्रा गांधी चौक से रवाना होकर स्टेशन रोड, अहिंसा सर्किल और नेहरू नगर ओवरब्रिज से होते हुए आदर्श स्टेडियम तक पहुंची। इस दौरान पारंपरिक वेशभूषा में सिर पर कलश रखी महिलाओं ने यात्रा की शोभा बढ़ाई। ऊंट, घोड़े और ऊंटगाड़ी पर सवार लोक कलाकारों ने राजस्थानी लोकगीतों और नृत्यों से सभी का मन मोह लिया।

आदर्श स्टेडियम पहुंचने पर कलेक्टर टीना डाबी ने आसमान में गुब्बारे छोड़कर विभिन्न प्रतियोगिताओं की शुरुआत की। यहां मटका दौड़, रस्साकशी समेत कई पारंपरिक खेलों का आयोजन किया गया। महोत्सव के पहले दिन मिस थार, मिस्टर थार, सुंदर मूंछ जैसी आकर्षक प्रतियोगिताएं भी आयोजित होने वाली हैं। शाम 8 से 10 बजे तक लोक कलाकारों द्वारा रंगारंग सांस्कृतिक प्रस्तुतियां दी जाएंगी।
 
कलेक्टर टीना डाबी ने बताया कि थार महोत्सव 2025 का आयोजन पर्यटन विभाग और जिला प्रशासन के संयुक्त तत्वावधान में किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि यह महोत्सव न केवल मरु संस्कृति का उत्सव है, बल्कि स्थानीय कला, शिल्प और लोक परंपराओं को प्रोत्साहन देने का भी अवसर है।

गौरतलब है कि आखिरी बार थार महोत्सव का आयोजन 2023 में हुआ था। पिछले वर्ष चुनावों के चलते कार्यक्रम नहीं हो सका था। करीब दो साल बाद अब इस महोत्सव के आयोजन से शहर में उत्साह और उमंग का माहौल है।

 

admin

Related Posts

अंबिकापुर: जिला न्यायालय को बम से उड़ाने की धमकी वाला ईमेल, सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट

अम्बिकापुर सरगुजा जिला एवं सत्र न्यायालय को बम से उड़ाने की धमकी भरा ई-मेल मिलने से बुधवार को प्रशासनिक अमला सतर्क हो गया। यह धमकी जिला न्यायाधीश की आधिकारिक ई-मेल…

मतदाता सूची शुद्धिकरण पर फोकस, रोल ऑब्ज़र्वर अभिनव गुप्ता ने किया फील्ड निरीक्षण

रायपुर. निर्वाचक नामावली के विशेष गहन पुनरीक्षण कार्यों का रोल ऑब्जर्वर  अभिनव गुप्ता ने किया निरीक्षण निर्वाचक नामावलियों के विशेष गहन पुनरीक्षण कार्यक्रम–2026 के अंतर्गत भारत निर्वाचन आयोग, नई दिल्ली…

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

धर्म

माघ माह की आखिरी एकादशी: इन 3 जगहों पर दीपक जलाते ही चमक उठेगा किस्मत का सितारा

माघ माह की आखिरी एकादशी: इन 3 जगहों पर दीपक जलाते ही चमक उठेगा किस्मत का सितारा

शुक्र प्रदोष व्रत का महात्म्य: इस मुहूर्त में पूजा से पूरी होंगी मनोकामनाएं

शुक्र प्रदोष व्रत का महात्म्य: इस मुहूर्त में पूजा से पूरी होंगी मनोकामनाएं

आज का राशिफल: ग्रहों के परिवर्तन से किस राशि की बदलेगी किस्मत

आज का राशिफल: ग्रहों के परिवर्तन से किस राशि की बदलेगी किस्मत

श्रद्धा का प्रतीक बेलपत्र: क्यों महादेव को अति प्रिय है यह पत्ता, क्या है जन्म कथा

श्रद्धा का प्रतीक बेलपत्र: क्यों महादेव को अति प्रिय है यह पत्ता, क्या है जन्म कथा

गंडमूल नक्षत्र का रहस्य: जन्म के बाद 27 दिनों तक पिता-दर्शन क्यों वर्जित?

गंडमूल नक्षत्र का रहस्य: जन्म के बाद 27 दिनों तक पिता-दर्शन क्यों वर्जित?

17 फरवरी 2026 को पहला सूर्य ग्रहण, धनिष्ठा नक्षत्र और कुंभ राशि में, जानें भारत में सूतक काल की स्थिति

17 फरवरी 2026 को पहला सूर्य ग्रहण, धनिष्ठा नक्षत्र और कुंभ राशि में, जानें भारत में सूतक काल की स्थिति