राम की पैड़ी पर बनेगा नया ‘सेल्फी प्वाइंट’, जगमग अयोध्या में जीवंत होगी त्रेतायुग की महिमा

अयोध्या दीपोत्सव 2025

-दीपों और लेज़र लाइट के संग पुष्पक विमान में अनुभव करें रामराज्य की दिव्यता

-आधुनिक तकनीक और पारंपरिक कला का संगम,दीपोत्सव 2025 का यह दृश्य बना विश्वभर के लिए आकर्षण केंद्र

अयोध्या
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के मार्गदर्शन में इस वर्ष का दीपोत्सव 2025 केवल एक आयोजन नहीं, बल्कि रामायण काल के जीवंत पुनर्प्रस्तुतीकरण का प्रतीक बनने जा रहा है। मर्यादा पुरुषोत्तम भगवान श्रीराम की जन्मभूमि अयोध्या में इस बार राम की पैड़ी पर बनाया जा रहा भव्य पुष्पक विमान श्रद्धालुओं और पर्यटकों के लिए सबसे बड़ा आकर्षण और सेल्फी प्वाइंट बनने जा रहा है।

रामायण काल की झलक, आधुनिक तकनीक का संगम
त्रेतायुग की उस अलौकिक कथा को, जब भगवान श्रीराम लंका विजय के बाद पुष्पक विमान से अयोध्या लौटे थे, इस दीपोत्सव में वास्तविक रूप में साकार किया जा रहा है। राम की पैड़ी के किनारे बन रहा यह राजशाही लुक वाला पुष्पक विमान अयोध्या की पहचान को नया आयाम देगा। इसकी लंबाई 32 फीट, ऊंचाई 25 से 30 फीट, और चौड़ाई 20 फीट होगी। मोर की आकृति पर आधारित इस डिजाइन को ईपीसी सीट पर तैयार किया जा रहा है, जिससे विमान हल्का, आकर्षक और लंबे समय तक संरक्षित रह सके।

राम की पैड़ी बनेगी श्रद्धा और सौंदर्य का संगम स्थल
पुष्पक विमान के सामने रामायण काल के दृश्यों को उकेरा जाएगा जिसमें भगवान श्रीराम, माता सीता और लक्ष्मण के साथ अयोध्या आगमन की झांकी सजाई जाएगी। श्रद्धालुओं के लिए यह स्थान सेल्फी प्वाइंट के रूप में खोला जाएगा, ताकि हर आगंतुक इस दिव्य दृश्य को अपनी यादों में सहेज सके। संध्या के समय लेज़र लाइट शो, दीपों की रेखा और पुष्पवर्षा के साथ यह स्थान अयोध्या के सांस्कृतिक पर्यटन का नया केंद्र बनेगा।

योगी सरकार की परिकल्पना अयोध्या बने विश्व की सांस्कृतिक राजधानी
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अधिकारियों को निर्देश दिया है कि दीपोत्सव का हर दृश्य रामायण की भावभूमि को सजीव करे। इसी क्रम में राम की पैड़ी, धर्मपथ और रामकथा पार्क को थीम आधारित सजावट से अलंकृत किया जा रहा है। योगी सरकार का उद्देश्य अयोध्या को न केवल धार्मिक दृष्टि से, बल्कि सांस्कृतिक और पर्यटन की वैश्विक राजधानी के रूप में स्थापित करना है।

कारीगरों का समर्पण, आस्था का सौंदर्यबोध
अयोध्या, लखनऊ और वाराणसी के कुशल शिल्पकार मिलकर इस पुष्पक विमान को आकार दे रहे हैं।पारंपरिक कला में आधुनिक तकनीक का संगम इस कृति को अनोखा बना रहा है। स्वर्णिम रंगों, मोरपंखी डिजाइन और राजशाही शैली का यह विमान दीपोत्सव की शोभा में चार चांद लगाएगा।

आस्था और आकर्षण का संगम ,दीपोत्सव की नयी पहचान बनेगा पुष्पक विमान
दीपोत्सव के दौरान जब लाखों दीपों से जगमग अयोध्या में पुष्पक विमान की झलक दिखाई देगी, तब ऐसा लगेगा जैसे त्रेतायुग की अयोध्या पुनः लौट आई हो।श्रद्धालु, पर्यटक और कलाकार सभी के लिए यह स्थान अयोध्या के आध्यात्मिक वैभव और रामराज्य की परंपरा को अनुभव करने का अवसर बनेगा।

उत्तर प्रदेश पर्यटन विभाग द्वारा चयनित कार्यदाई संस्था सार्क मीडिया के मालिक सौरभ कुमार सिंह का कहना है कि उनका लक्ष्य दीपोत्सव के दौरान ऐसा वातावरण तैयार करना है, जो न केवल दर्शनीय रूप से आकर्षक हो बल्कि अयोध्या के समृद्ध सांस्कृतिक मूल्यों को भी प्रतिबिंबित करे।

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