शिवराज मामा का मज़ाकिया अंदाज़, धनतेरस पर बोले – ‘सिक्का महंगा है तो छोटा ही सही!’

भोपाल
 मध्य प्रदेश के भोपाल की रौनक से सजी धनतेरस की शाम में केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान और उनकी पत्नी साधना सिंह जब न्यू मार्केट पहुंचे, तो वहां एक पल ऐसा आया जिसने सभी को ठहाकों में डुबो दिया। परंपरा निभाते हुए दोनों ने चांदी का सिक्का, बर्तन और मूंगफली खरीदी। सोने-चांदी की दुकान पर साधना सिंह ने जब एक चांदी का सिक्का दिखाया, तो मामा शिवराज मुस्कराकर बोले — “अगर महंगा होगा तो छोटा वाला ले लेंगे।” बस फिर क्या था! वहां मौजूद सभी लोग हंस पड़े और माहौल खुशनुमा हो गया।

बाद में साधना सिंह ने सिक्का फाइनल किया और शिवराज सिंह चौहान ने कार्ड से पेमेंट किया। इसके बाद उन्होंने बर्तन की दुकान से थाली, ग्लास और कटोरी खरीदी, साथ ही एक बुजुर्ग महिला से मूंगफली भी ली।

    पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने सोशल मीडिया पर पोस्ट करते हुए लिखा है कि..

धनतेरस के पावन पर्व की सभी देशवासियों को, बहनों-भाइयों को, भांजे-भांजियों को बहुत-बहुत शुभकामनाएं!

सबके जीवन में धन-धान्य की वर्षा हो, सुख-समृद्धि और रिद्धि-सिद्धि आएं, सबके घर खुशियों से भर जाएं, यही प्रार्थना है।

अब दीपावली का महापर्व प्रारंभ हो गया है, एक बार फिर धनतेरस की बहुत-बहुत शुभकामनाएं।

 

admin

Related Posts

अंबिकापुर: जिला न्यायालय को बम से उड़ाने की धमकी वाला ईमेल, सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट

अम्बिकापुर सरगुजा जिला एवं सत्र न्यायालय को बम से उड़ाने की धमकी भरा ई-मेल मिलने से बुधवार को प्रशासनिक अमला सतर्क हो गया। यह धमकी जिला न्यायाधीश की आधिकारिक ई-मेल…

मतदाता सूची शुद्धिकरण पर फोकस, रोल ऑब्ज़र्वर अभिनव गुप्ता ने किया फील्ड निरीक्षण

रायपुर. निर्वाचक नामावली के विशेष गहन पुनरीक्षण कार्यों का रोल ऑब्जर्वर  अभिनव गुप्ता ने किया निरीक्षण निर्वाचक नामावलियों के विशेष गहन पुनरीक्षण कार्यक्रम–2026 के अंतर्गत भारत निर्वाचन आयोग, नई दिल्ली…

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

धर्म

माघ माह की आखिरी एकादशी: इन 3 जगहों पर दीपक जलाते ही चमक उठेगा किस्मत का सितारा

माघ माह की आखिरी एकादशी: इन 3 जगहों पर दीपक जलाते ही चमक उठेगा किस्मत का सितारा

शुक्र प्रदोष व्रत का महात्म्य: इस मुहूर्त में पूजा से पूरी होंगी मनोकामनाएं

शुक्र प्रदोष व्रत का महात्म्य: इस मुहूर्त में पूजा से पूरी होंगी मनोकामनाएं

आज का राशिफल: ग्रहों के परिवर्तन से किस राशि की बदलेगी किस्मत

आज का राशिफल: ग्रहों के परिवर्तन से किस राशि की बदलेगी किस्मत

श्रद्धा का प्रतीक बेलपत्र: क्यों महादेव को अति प्रिय है यह पत्ता, क्या है जन्म कथा

श्रद्धा का प्रतीक बेलपत्र: क्यों महादेव को अति प्रिय है यह पत्ता, क्या है जन्म कथा

गंडमूल नक्षत्र का रहस्य: जन्म के बाद 27 दिनों तक पिता-दर्शन क्यों वर्जित?

गंडमूल नक्षत्र का रहस्य: जन्म के बाद 27 दिनों तक पिता-दर्शन क्यों वर्जित?

17 फरवरी 2026 को पहला सूर्य ग्रहण, धनिष्ठा नक्षत्र और कुंभ राशि में, जानें भारत में सूतक काल की स्थिति

17 फरवरी 2026 को पहला सूर्य ग्रहण, धनिष्ठा नक्षत्र और कुंभ राशि में, जानें भारत में सूतक काल की स्थिति