रायपुर में जनजातीय गौरव का नया केंद्र: केन्द्रीय मंत्री ओराम ने संग्रहालय लोकार्पण तैयारियों की समीक्षा की

रायपुर : केन्द्रीय मंत्री ओराम ने जनजातीय संग्रहालय के लोकार्पण की तैयारियों का लिया जायजा

राज्योत्सव पर 1 नवम्बर को प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी करेंगे संग्रहालय का उद्घाटन

रायपुर

केन्द्रीय जनजातीय मामले के मंत्री जोएल ओराम ने आज शाम निर्माण स्थल पहुंच कर नवा रायपुर, अटल नगर मे छत्तीसगढ़ के जनजातीय स्वतंत्रता संग्राम सेननियों के शौर्य गाथा की स्मृति में तैयार भव्य एवं आकर्षक शहीद वीरनारायण सिंह स्मारक सह-संग्रहालय के लोकार्पण की तैयारियों का जायजा लिया। गौरतलब है कि प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदी राजयोत्सव के मौके पर 01 नवंबर को शहीद वीर नारायण सिंह जनजातीय स्वतंत्रता संग्राम सेनानी स्मारक सह-संग्रहालय का उदघाटन करेंगे। केन्द्रीय मंत्री ओराम ने इस दृष्टिकोण से सुरक्षा सहित अन्य अवश्यक व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश अधिकारियों को दिए।

छत्तीसगढ़ सरकार में आदिम जाति विकास मंत्री रामविचार नेताम और विभाग के प्रमुख सचिव सोनमणि बोरा ने इस दौरान केन्द्रीय मंत्री जोएल ओराम को छत्तीसगढ़ मे हुए जनजातीय विद्रोहों और स्थापित गैलरियों के संबंध में विस्तार से जानकारी दी। मंत्री ओराम ने जनजातीय संस्कृति एवं परंपराओं पर बने संग्रहालय का भी निरीक्षण किया । मंत्री नेताम ने ओराम को बताया कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के आव्हान पर मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में जनजाति के वर्ग के ऐतिहासिक घटनाओं और परंपराओं के संरक्षण व संर्वधन के उद्देश्य से इन संग्रहालय के निर्माण का बिडा उठाया है, जो बनकर तैयार है। छत्तीसगढ़ रजत जंयती वर्ष, राज्योत्सव के मौके पर 1 नवम्बर को प्रधानमंत्री मोदी के करकमलों से इस संग्रहालय का लोकार्पण होगा। केन्द्रीय मंत्री ओराम ने जनजाति नायक-नायिकाओं के वीरगाथाओं पर तैयार इस जीवंत संग्रहालय की प्रशंसा की। उन्होंने कहा कि जनजातीय वर्गों के ऐतिहासिक गौरव गाथा, शौर्य और बलिदान का प्रतीक यह स्मारक सह-संग्रहालय लोगों के समर्पित होगा है और यह संग्रहालय नई पीढ़ियों को पुरखों की वीर गाथाओं को अवस्मरणीय बनाएगा।

उल्लेखनीय है कि शहीद वीर नारायण सिंह आदिवासी स्वतंत्रता संग्राम सेनानी स्मारक सह-संग्रहालय 50 करोड़ रुपए की लागत से तैयार किया जा रहा है। यहां 16 गैलरियों में अंग्रेजी हुकूमत काल में जनजातीय स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों की मूर्तियां लगाई गई है। जनजातीय विद्रोहों के बारे में लोग आसानी से समझ सके इस लिहाज से डिजीटली व्यवस्था भी की गई है।

इस अवसर पर उनके साथ विधायक किरण सिंह देव, आदिम जाति विकास विभाग के आयुक्त डॉ. सारांश मित्तर, टीआरटीआई संचालक मती हिना अनिमेष नेताम सहित निर्माण कार्य में लगे अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित थे।

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