BCCI की गाइडलाइन पर रोहित के बाद हार्दिक तैयार, कोहली की स्थिति अब भी अनिश्चित

नई दिल्ली 
भारतीय क्रिकेट में काफी समय से ये ट्रेंड रहा है कि स्टार खिलाड़ी डोमेस्टिक क्रिकेट को कोई खास तवज्जो नहीं देते। घरेलू क्रिकेट में खेलना जैसे वो खुद की तौहिन समझते हैं। उसमें खेलने वालों को जैसे छोटे-मोटे क्रिकेटर समझते हैं और खुद को ऐसा स्टार जिसका अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट खेलना जैसे जन्मसिद्ध अधिकार हो। इसी ट्रेंड को बदलने के लिए बीसीसीआई ने सख्त रुख अपनाते हुए स्टार खिलाड़ियों के घरेलू क्रिकेट खेलने पर जोर दे रखा है। इसका असर भी दिख रहा है। महान बल्लेबाज रोहित शर्मा ने विजय हजारे ट्रॉफी में खेलने के संकेत दिए हैं। अब हार्दिक पांड्या भी सैयद मुश्ताक अली ट्रॉफी में खेलते दिखेंगे। हालांकि एक और महान बल्लेबाज विराट कोहली बीसीसीआई की ये नसीहत मानेंगे या नहीं, ये अभी साफ नहीं है। वह आजकल भारत में रहते भी नहीं हैं। परिवार के साथ लंदन उनका ठिकाना है।
 
हार्दिक पांड्या चोट की वजह से प्रतिस्पर्धी क्रिकेट से दूर हैं। अब वह इसी महीने क्रिकेट के मैदान पर बहुप्रतीक्षित वापसी के लिए तैयार हैं।  रिपोर्ट के मुताबिक पांड्या सैयद मुश्ताक अली ट्रॉफी में बड़ौदा का प्रतिनिधित्व करेंगे। रोहित शर्मा के बाद वह दूसरे बड़े स्टार खिलाड़ी हैं जिन्होंने डोमेस्टिक क्रिकेट का रुख किया है। एक दिन पहले ही रोहित शर्मा ने कथित तौर पर विजय हजारे ट्रॉफी में खेलने की इच्छा जाहिर की थी। हालांकि मुंबई क्रिकेट एसोसिएशन को अभी शर्मा की तरफ से इस बारे में कोई आधिकारिक सूचना नहीं मिली है। जहां तक विराट कोहली की बात है तो उन्होंने घरेलू क्रिकेट खेलने को लेकर अपने पत्ते नहीं खोले हैं। वह अभी लंदन में अपने परिवार के साथ रह रहे हैं।

हार्दिक पांड्या की बात करें तो यह स्टार ऑलराउंडर अभी बेंगलुरु में बीसीसीआई के सेंटर ऑफ एक्सिलेंस में रिहैबिलिटेशन के दौर से गुजर रहे हैं। बताया जा रहा है कि अब वह चोट से उबर चुके हैं और मैच खेलने के लिए पूरी तरह फिट हैं। अगर सबकुछ ठीक रहा तो 32 साल का ये ऑलराउंडर सैयद मुश्ताक अली ट्रॉफी में 26 नवंबर को हैदराबाद के खिलाफ बड़ौदा के पहले मैच में खेलते नजर आएंगे। अगर तब तक उनकी फिटनेस में थोड़ी-बहुत कसर बाकी रह जाती है तब वह बड़ौदा के दूसरे मैच के लिए उपलब्ध हो सकते हैं।

एशिया कप में श्रीलंका के खिलाफ मैच के दौरान हार्दिक पांड्या चोटिल हो गए थे। इस वजह से वह पाकिस्तान के खिलाफ फाइनल में भी नहीं खेल पाए थे। इतना ही नहीं, वह ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ वाइट बॉल सीरीज में भी इसी वजह से नहीं खेल पाए थे। पिछले कुछ हफ्तों से वह बेंगलुरु में बीसीसीआई के सेंटर ऑफ एक्सिलेंस में एक्सपर्ट्स की देखरेख में रिकवरी कर रहे हैं। एक बार जब उन्हें सेंटर ऑफ एक्सिलेंस से 'रिटर्न टु प्ले' (RTP) का क्लियरेंस पा जाते हैं यानी खेलने के लिए फिट का प्रमाणपत्र पा जाते हैं तो वह बेंगलुरु से सीधे हैदराबाद अपनी टीम टीम बड़ौदा में शामिल होने के लिए पहुंच जाएंगे। हार्दिक पांड्या को दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ वाइट बॉल सीरीज के लिए चुना जाएगा या नहीं, ये इस पर निर्भर करेगा कि वह चोट से पूरी तरह उबर चुके हैं या नहीं। ऐसे में अगर वह सैयद मुश्ताक अली ट्रॉफी में खेलते हैं तो दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ सीरीज के लिए उनकी दावेदारी मजबूत होगी।

 

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