फ्लाई ऐश डंपिंग और जल प्रदूषण पर प्रशासन का संज्ञान, विभागों को जांच के निर्देश

​जांजगीर-चांपा

जिले के बिरगहनी ग्राम पंचायत में चूना पत्थर खदान संचालकों द्वारा किए जा रहे अवैध खनन से भूजल प्रदूषण और भूजल स्तर में भारी गिरावट के साथ उत्पन्न गंभीर पर्यावरणीय और जन स्वास्थ्य संकट पर जिला प्रशासन ने संज्ञान लिया है. ​खनिज अधिकारी ने कार्यपालन अभियंता, जल संसाधन विभाग और क्षेत्रीय अधिकारी, पर्यावरण संरक्षण मंडल को शीघ्र जांच कर की गई कार्रवाई से अवगत कराने का निर्देश दिया है.

जिला प्रशासन ने यह कार्रवाई आरटीआई कार्यकर्ता विकास शर्मा द्वारा राज्यपाल, मुख्यमंत्री और मुख्यमंत्री के सलाहकार को भेजे गए ई-मेल के संदर्भ में की है. इस ई-मेल में चूना पत्थर खदान संचालकों द्वारा अवैध खनन के साथ ही फ्लाई ऐश की अवैध डंपिंग से हो रहे गंभीर पर्यावरणीय खतरों का उल्लेख किया गया था.

​प्रमुख कार्रवाई और निर्देश
कार्यपालन अभियंता, जल संसाधन विभाग, जांजगीर-चांपा को चूना पत्थर खदान संचालकों द्वारा अवैध खनन, भूजल प्रदूषण और भूजल स्तर में गिरावट से संबंधित बिंदुओं की शीघ्र जांच कर की गई कार्रवाई से अवगत कराने का निर्देश दिया है.

वहीं ​क्षेत्रीय अधिकारी, पर्यावरण संरक्षण मंडल, बिलासपुर को अवैध खनन और फ्लाई ऐश की अवैध डंपिंग से उत्पन्न पर्यावरणीय संकट के बिंदुओं पर शीघ्र जांच करने और विभाग द्वारा की गई कार्रवाई की जानकारी खनिज शाखा को प्रेषित करने का निर्देश दिया है.

​खनिज अधिकारी ने संबंधित विभागों को निर्देशित किया है कि वे जल्द से जल्द अपनी जांच रिपोर्ट प्रस्तुत करें, ताकि मामले में वैधानिक और कठोर कार्रवाई सुनिश्चित की जा सके और जन स्वास्थ्य एवं पर्यावरण को हो रहे नुकसान को रोका जा सके.

admin

Related Posts

अंबिकापुर: जिला न्यायालय को बम से उड़ाने की धमकी वाला ईमेल, सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट

अम्बिकापुर सरगुजा जिला एवं सत्र न्यायालय को बम से उड़ाने की धमकी भरा ई-मेल मिलने से बुधवार को प्रशासनिक अमला सतर्क हो गया। यह धमकी जिला न्यायाधीश की आधिकारिक ई-मेल…

मतदाता सूची शुद्धिकरण पर फोकस, रोल ऑब्ज़र्वर अभिनव गुप्ता ने किया फील्ड निरीक्षण

रायपुर. निर्वाचक नामावली के विशेष गहन पुनरीक्षण कार्यों का रोल ऑब्जर्वर  अभिनव गुप्ता ने किया निरीक्षण निर्वाचक नामावलियों के विशेष गहन पुनरीक्षण कार्यक्रम–2026 के अंतर्गत भारत निर्वाचन आयोग, नई दिल्ली…

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

धर्म

माघ माह की आखिरी एकादशी: इन 3 जगहों पर दीपक जलाते ही चमक उठेगा किस्मत का सितारा

माघ माह की आखिरी एकादशी: इन 3 जगहों पर दीपक जलाते ही चमक उठेगा किस्मत का सितारा

शुक्र प्रदोष व्रत का महात्म्य: इस मुहूर्त में पूजा से पूरी होंगी मनोकामनाएं

शुक्र प्रदोष व्रत का महात्म्य: इस मुहूर्त में पूजा से पूरी होंगी मनोकामनाएं

आज का राशिफल: ग्रहों के परिवर्तन से किस राशि की बदलेगी किस्मत

आज का राशिफल: ग्रहों के परिवर्तन से किस राशि की बदलेगी किस्मत

श्रद्धा का प्रतीक बेलपत्र: क्यों महादेव को अति प्रिय है यह पत्ता, क्या है जन्म कथा

श्रद्धा का प्रतीक बेलपत्र: क्यों महादेव को अति प्रिय है यह पत्ता, क्या है जन्म कथा

गंडमूल नक्षत्र का रहस्य: जन्म के बाद 27 दिनों तक पिता-दर्शन क्यों वर्जित?

गंडमूल नक्षत्र का रहस्य: जन्म के बाद 27 दिनों तक पिता-दर्शन क्यों वर्जित?

17 फरवरी 2026 को पहला सूर्य ग्रहण, धनिष्ठा नक्षत्र और कुंभ राशि में, जानें भारत में सूतक काल की स्थिति

17 फरवरी 2026 को पहला सूर्य ग्रहण, धनिष्ठा नक्षत्र और कुंभ राशि में, जानें भारत में सूतक काल की स्थिति