इंदौर में रियल एस्टेट में आया बड़ा उछाल, नवंबर में 43% अधिक रजिस्ट्री, पिछले साल से बेहतर प्रदर्शन

इंदौर 

मध्य प्रदेश का आर्थिक शहर इंदौर अब रियल एस्टेट के क्षेत्र में भी रिकॉर्ड तोड़ रहा है। नवंबर 2025 में इंदौर जिले में प्रॉपर्टी रजिस्ट्रेशन पिछले साल की तुलना में 43 प्रतिशत तक बढ़ गया। शहर के चारों उप पंजीयन कार्यालयों में यह तेजी साफ नजर आई, जिनमें सबसे ज्यादा उछाल इंदौर-4 में दर्ज किया गया। कुल मिलाकर अप्रेल से नवंबर 2025 तक जिले में पिछले साल की तुलना में 1091 रजिस्ट्रियां ज्यादा हुई हैं।

नवंबर महीने में जिले में कुल 14,140 संपत्तियों का पंजीयन हुआ, जबकि नवंबर 2024 में यह संख्या 9905 थीं। इसमें इंदौर-1 में पिछले साल की तुलना में 1262 अधिक रजिस्ट्रियां हुईं। इंदौर-2 में 822, इंदौर-3 में 934 और इंदौर-4 में रिकॉर्ड 1225 रजिस्ट्रियों का उछाल देखने को मिला। यह रुझान बताता है कि खरीदारों का भरोसा अब भी मजबूत है और बाजार की गति तेज होती जा रही है।
इंदौर 2, 3 और 4 में खरीद-बिक्री बढ़ी

अप्रेल से नवंबर की अवधि में जिले में कुल 1,12,588 दस्तावेज पंजीकृत हुए, जबकि पिछले साल यह संख्या 1,11,497 थी। इंदौर-2, इंदौर-3 और इंदौर-4 क्षेत्रों में खरीद-बिक्री बढ़ी है, वहीं इंदौर-1 में कुछ गिरावट दर्ज की गई। बावजूद पूरे जिले में प्रॉपर्टी बाजार ने पिछले वर्ष की तुलना में बेहतर प्रदर्शन किया है।

विशेषज्ञों ने बताई प्रॉपर्टी खरीद में तेजी की वजह

इंदौर में प्रॉपर्टी खरीद में आई इस तेजी के कई कारण माने जा रहे हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि शहर में लगातार होती इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट, नए मार्गों और रिंग रोड के विस्तार, मेट्रो प्रोजेक्ट की प्रगति और सुदृढ़ होती कनेक्टिविटी ने रियल एस्टेट को मजबूती दी है।

प्रॉपर्टी बाजार बढ़ने के कई और भी कारण

1- रोजगार, स्टार्टअप और आइटी कंपनियों में तेजी

शहर में आइटी पार्क, स्टार्टअप इकॉनमी और मल्टीनेशनल कंपनियों की मौजूदगी ने युवाओं और प्रोफेशनल्स का आवागमन बढ़ाया है। इससे मकान, फ्लैट और कमर्शियल स्पेस की मांग लगातार बढ़ रही है।

2- लगातार विकसित होता इंफ्रास्ट्रक्चर

सुपर कॉरिडोर, रिंग रोड, बीआरटीएस, मेट्रो प्रोजेक्ट, नए फ्लाइओवर और कनेक्टिविटी में सुधार ने शहर को निवेशकों के लिए और आकर्षक बना दिया है।

3- सेफ और ग्रोथ-ओरिएंटेड सिटी की छवि

स्वच्छता में लगातार देश का नंबर-1 शहर रहने से लोगों का विश्वास बढ़ा है। बाहर से आने वाले परिवार इंदौर में बसना पसंद कर रहे हैं, जिससे मकान और प्लॉट की खरीद बढ़ी है।

4- निवेशकों का भरोसा, रिटर्न ऑन इन्वेस्टमेंट ज्यादा

शहर में प्रॉपर्टी के दाम लगातार बढ़ रहे हैं, लेकिन फिर भी मेट्रो शहरों की तुलना में सस्ती दरें मिलती हैं। यही कारण है कि लोग इसे लॉन्ग-टर्म इन्वेस्टमेंट के रूप में सुरक्षित विकल्प मान रहे हैं।

5- नई टाउनशिप, हाई-राइज और कमर्शियल प्रोजेक्ट्स की भरमार

सुपर कॉरिडोर, पीथमपुर रोड, स्कीम नंबर 94, 114 और बायपास क्षेत्रों में बड़े रियल एस्टेट प्रोजेक्ट तेजी से विकसित हो रहे हैं। नई टाउनशिप्स की बढ़ती संख्या से लोगों को सुविधाजनक और प्रीमियम आवास विकल्प मिल रहे हैं।

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