एयरपोर्ट में नजर आएगा स्विस एफिशिएंसी और भारतीय आतिथ्य का संगम

क्षेत्रीय विरासत के साथ आधुनिक सुविधाओं का होगा मेल

पूरी तरह भारतीय पारंपरिक डिजाइन से प्रेरणा लेकर तैयार की गई है एयरपोर्ट की वास्तुकला

लखनऊ/ग्रेटर नोएडा
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के ड्रीम प्रोजेक्ट नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट (NIA) का जल्द ही शुभारंभ होने को है। नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट को इस तरह डिजाइन किया जा रहा है कि यात्री यहां उतरते ही भारतीय संस्कृति और उत्तर प्रदेश की समृद्ध विरासत का अनुभव कर सकें। स्विस दक्षता और भारतीय मेहमाननवाजी का अद्भुत संयोजन यात्रियों को एक अनूठी, सहज और आरामदायक यात्रा का अनुभव देगा। आधुनिकतम तकनीक और सुविधाओं के साथ यह हवाईअड्डा वैश्विक मानकों के अनुरूप तैयार हो रहा है। 

यमुना एक्सप्रेसवे औद्योगिक विकास प्राधिकरण के एसीईओ शैलेन्द्र कुमार भाटिया ने बताया कि नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट अपने अभिनव डिजाइन, अत्याधुनिक तकनीक और सांस्कृतिक समृद्धि के साथ न केवल यूपी बल्कि भारत की वैश्विक पहचान को नई ऊंचाइयों तक ले जाने के लिए तैयार है। यह हवाई अड्डा यात्रियों के लिए हर कदम पर आरामदायक, तेज और यादगार अनुभव का वादा करता है। उल्लेखनीय है कि मुख्यमंत्री स्वयं दिन प्रतिदिन इसकी निगरानी कर रहे हैं और हाल ही में उन्होंने यहां का भ्रमण कर प्रगति का जायजा लिया और दिशा निर्देश भी दिए।

‘घाट’ और ‘हवेली’ की झलक देती आकर्षक डिजाइन
एयरपोर्ट की वास्तुकला पूरी तरह भारतीय पारंपरिक डिजाइन से प्रेरणा लेकर तैयार की गई है, ताकि यात्री यहां उतरते ही उत्तर भारत की सांस्कृतिक आत्मा को महसूस कर सकें। टर्मिनल बिल्डिंग में लैटिस स्क्रीन जैसे नक्काशीदार डिजाइन लगाए गए हैं, जो न केवल सौंदर्य बढ़ाते हैं, बल्कि प्राकृतिक रोशनी और वेंटिलेशन के प्रवाह को भी नियंत्रित करते हैं। प्रवेश द्वार पर वाराणसी और हरिद्वार के प्रसिद्ध घाटों की याद दिलाने वाली चौड़ी व आकर्षक सीढ़ियां बनाई गई हैं, जो इस क्षेत्र की आध्यात्मिक और ऐतिहासिक महत्ता को जीवंत रूप में प्रस्तुत करती हैं। टर्मिनल के भीतर एक हवेली शैली का विस्तृत आंगन बनाया जा रहा है, जो यात्रियों को खुला, हवादार और आरामदायक माहौल प्रदान करेगा। यह डिज़ाइन पारंपरिक भारतीय वास्तुकला में आंगन की महत्वपूर्ण भूमिका को उजागर करता है। इसके साथ ही यूपी की प्रमुख नदियों की शांति व प्रवाह को दर्शाने वाली सफेद, तरंगाकार छत पूरे टर्मिनल को आधुनिकता और प्रकृति के संयोजन का प्रतीक बनाती है। इन सभी डिज़ाइन तत्वों का उद्देश्य है एक ऐसा वातावरण तैयार करना जहां यात्री तनावमुक्त, सहज और आत्मीय अनुभव के साथ अपनी यात्रा की शुरुआत कर सकें। एक ऐसा अनुभव जो भारतीय संस्कृति की गर्मजोशी और आधुनिक विश्वस्तरीय सुविधाओं का अनूठा मेल हो।

मिलेगा डिजिटल अनुभव, पूरी तरह टेक-सक्षम होगा एयरपोर्ट
नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट यात्रियों को एक अत्याधुनिक और डिजिटल-फर्स्ट अनुभव प्रदान करने जा रहा है। एयरपोर्ट पर ऐसी आधुनिक तकनीकें लगाई जा रही हैं, जो यात्रा को तेज और सहज बनाएंगी। यात्री स्वयं ही सेल्फ बैग-ड्रॉप मशीनों के माध्यम से अपना सामान जमा कर सकेंगे, जिससे लंबी कतारों में लगने की जरूरत कम होगी। इसी तरह सेल्फ बोर्डिंग गेट्स के जरिए बोर्डिंग प्रक्रिया और अधिक तेज़ और सुविधाजनक होगी। एयरपोर्ट के सभी गेट DigiYatra सुविधा से लैस होंगे, जिसमें बायोमेट्रिक वेरिफिकेशन के माध्यम से यात्रियों को बिना किसी दस्तावेज दिखाए तेजी से प्रवेश और बोर्डिंग की सुविधा मिलेगी। स्मार्ट साइनेज, यूज़र-फ्रेंडली इंटरफेस और डिजिटलीकृत प्रक्रियाओं का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि हर यात्री को एक तनावमुक्त, सुगम और अत्याधुनिक यात्रा अनुभव मिले। यह एयरपोर्ट भविष्य की यात्रा जरूरतों को ध्यान में रखकर बनाया गया है, जहां तकनीक यात्रियों की सुविधा को सर्वोच्च प्राथमिकता देती है।

शॉपिंग और डाइनिंग का यादगार अनुभव
नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर यात्रियों को शॉपिंग और डाइनिंग का ऐसा अनोखा अनुभव मिलेगा, जो उनकी यात्रा को और भी खास बना देगा। यहां यूपी और भारत के असली स्वादों का आनंद लेने के साथ-साथ स्थानीय और वैश्विक व्यंजनों का बेहतरीन मिश्रण उपलब्ध होगा। पारंपरिक व्यंजनों से लेकर इंटरनेशनल क्यूज़ीन तक, हर स्वाद का ध्यान रखते हुए एक क्यूरेटेड F&B अनुभव तैयार किया जा रहा है, जो इस क्षेत्र की सांस्कृतिक विरासत से जुड़ा होगा। साथ ही, एयरपोर्ट पर शॉपिंग का आनंद भी यात्रियों को रोमांचक सांस्कृतिक यात्रा का एहसास कराएगा, जहां स्थानीय हस्तशिल्प, आर्टवर्क, आधुनिक रिटेल ब्रांड्स और विशेष सॉवेनियर्स का आकर्षक संगम देखने को मिलेगा। यहां का हर अनुभव यात्रियों को सिर्फ यात्रा नहीं, बल्कि उत्तर भारत की समृद्ध संस्कृति से जुड़ने का अवसर भी प्रदान करेगा। साथ ही शॉपिंग के लिए ड्यूटी-फ्री स्टोर्स, प्रीमियम ब्रांड्स और यूपी के विशेष हस्तशिल्प जैसे बनारसी सिल्क, चिकनकारी और अतर के आकर्षक विकल्प यात्रियों को उपलब्ध होंगे। इस संपूर्ण व्यवस्था का उद्देश्य यह है कि यात्रियों को यहां सिर्फ एक ट्रांजिट स्पेस नहीं, बल्कि एक यादगार सांस्कृतिक यात्रा का आनंद मिले।

ग्रीन एयरपोर्ट का बनेगा सजीव उदाहरण
नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट को एक ग्रीन एयरपोर्ट के रूप में विकसित किया गया है, जहां निर्माण से लेकर संचालन तक हर स्तर पर सतत विकास को प्राथमिकता दी गई है। एयरपोर्ट परिसर में नवीकरणीय ऊर्जा, विशेष रूप से सोलर और ऑफ-ग्रिड विंड सिस्टम का अधिकतम उपयोग किया जाएगा, जिससे पारंपरिक ऊर्जा स्रोतों पर निर्भरता कम होगी। वर्षा जल संचयन प्रणाली और प्रभावी अपशिष्ट प्रबंधन के साथ-साथ अत्याधुनिक सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट पर्यावरण संरक्षण को मजबूती प्रदान करेंगे।

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