महिला सशक्तिकरण के क्षेत्र में बड़ी शुरुआत, राजधानी में एक साथ जुटेंगी हर जिले की उद्यमी

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का विजन : इंटरनेशनल एक्सपर्ट ग्रामीण महिलाओं को बनाएंगे बिजनेस वूमन

महिला सशक्तिकरण के क्षेत्र में बड़ी शुरुआत, राजधानी में एक साथ जुटेंगी हर जिले की उद्यमी

अब ग्रामीण महिलाएं सीखेंगी बिजनेस स्किल, टेक्नोलॉजी और मार्केट के बीच तालमेल

जीविकोपार्जन-केंद्रित प्रौद्योगिकियों से महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने की तैयारी

लखनऊ
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में उत्तर प्रदेश में ग्रामीण महिलाओं को आत्मनिर्भर और आधुनिक उद्यमी बनाने की दिशा में एक और बड़ा कदम उठाया जा रहा है। महिला नेतृत्व वाली उद्यमिता को मजबूती देने के उद्देश्य से राजधानी लखनऊ में प्रदेश के हर जिले से महिला उद्यमी एक मंच पर जुटेंगी और देश-विदेश के विशेषज्ञों से सीखेंगी। महिला-नेतृत्व वाले उद्यमों को बढ़ावा देने के लिए 18 दिसंबर को लखनऊ के इंदिरा गांधी प्रतिष्ठान में राज्य-स्तरीय आयोजन किया जाएगा, जिसमें प्रदेश के हर जिले से महिला उद्यमी भाग लेंगी। कार्यक्रम में बाजार-तैयार तकनीकों, संस्थागत सहयोग और फाइनेंस तक आसान पहुंच पर विशेष सत्र आयोजित होंगे। योगी सरकार के इस प्रयास से ग्रामीण क्षेत्रों की महिलाएं आत्मविश्वास के साथ उद्यमिता की दुनिया में कदम रखेंगी और गांव की अर्थव्यवस्था को नई गति मिलेगी। यह पहल प्रदेश में महिला सशक्तिकरण और समावेशी विकास की एक मजबूत मिसाल बनने जा रही है।

योगी सरकार के विजन के अनुरूप ग्रामीण महिलाओं को पारंपरिक आजीविका से आगे बढ़ाकर आधुनिक बिजनेस मॉडल से जोड़ने पर विशेष फोकस किया जा रहा है। महिलाओं को तकनीक, बाजार और फाइनेंस के बीच तालमेल बैठाने की व्यावहारिक ट्रेनिंग दी जाएगी, ताकि वे अपने उत्पादों को स्थानीय सीमाओं से निकालकर बड़े बाजार तक पहुंचा सकें।

ग्रामीण आजीविका मिशन की मिशन निदेशक दीपा रंजन ने बताया कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के मार्गदर्शन में प्रदेश की महिला उद्यमी अब राष्ट्रीय ही नहीं, बल्कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी पहचान बना रही हैं। आने वाले समय में ग्रामीण महिलाएं केवल कामगार नहीं, बल्कि सफल बिजनेस वूमन के रूप में उभरेंगी।

जीविकोपार्जन-केंद्रित प्रौद्योगिकियों पर फोकस
योगी सरकार ऐसी तकनीकों और नवाचारों को प्राथमिकता दे रही है, जो सीधे महिलाओं की आय बढ़ाने और स्थायी आजीविका सुनिश्चित करने में सहायक हों। सरकार, तकनीकी संस्थानों, वित्तीय एजेंसियों और समुदाय-आधारित संगठनों के समन्वय से महिला उद्यमियों के लिए एक मजबूत इकोसिस्टम तैयार किया जा रहा है।

admin

Related Posts

अंबिकापुर: जिला न्यायालय को बम से उड़ाने की धमकी वाला ईमेल, सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट

अम्बिकापुर सरगुजा जिला एवं सत्र न्यायालय को बम से उड़ाने की धमकी भरा ई-मेल मिलने से बुधवार को प्रशासनिक अमला सतर्क हो गया। यह धमकी जिला न्यायाधीश की आधिकारिक ई-मेल…

मतदाता सूची शुद्धिकरण पर फोकस, रोल ऑब्ज़र्वर अभिनव गुप्ता ने किया फील्ड निरीक्षण

रायपुर. निर्वाचक नामावली के विशेष गहन पुनरीक्षण कार्यों का रोल ऑब्जर्वर  अभिनव गुप्ता ने किया निरीक्षण निर्वाचक नामावलियों के विशेष गहन पुनरीक्षण कार्यक्रम–2026 के अंतर्गत भारत निर्वाचन आयोग, नई दिल्ली…

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

धर्म

माघ माह की आखिरी एकादशी: इन 3 जगहों पर दीपक जलाते ही चमक उठेगा किस्मत का सितारा

माघ माह की आखिरी एकादशी: इन 3 जगहों पर दीपक जलाते ही चमक उठेगा किस्मत का सितारा

शुक्र प्रदोष व्रत का महात्म्य: इस मुहूर्त में पूजा से पूरी होंगी मनोकामनाएं

शुक्र प्रदोष व्रत का महात्म्य: इस मुहूर्त में पूजा से पूरी होंगी मनोकामनाएं

आज का राशिफल: ग्रहों के परिवर्तन से किस राशि की बदलेगी किस्मत

आज का राशिफल: ग्रहों के परिवर्तन से किस राशि की बदलेगी किस्मत

श्रद्धा का प्रतीक बेलपत्र: क्यों महादेव को अति प्रिय है यह पत्ता, क्या है जन्म कथा

श्रद्धा का प्रतीक बेलपत्र: क्यों महादेव को अति प्रिय है यह पत्ता, क्या है जन्म कथा

गंडमूल नक्षत्र का रहस्य: जन्म के बाद 27 दिनों तक पिता-दर्शन क्यों वर्जित?

गंडमूल नक्षत्र का रहस्य: जन्म के बाद 27 दिनों तक पिता-दर्शन क्यों वर्जित?

17 फरवरी 2026 को पहला सूर्य ग्रहण, धनिष्ठा नक्षत्र और कुंभ राशि में, जानें भारत में सूतक काल की स्थिति

17 फरवरी 2026 को पहला सूर्य ग्रहण, धनिष्ठा नक्षत्र और कुंभ राशि में, जानें भारत में सूतक काल की स्थिति