मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने डिंडौरी जिला प्रशासन को दी बधाई

हीमोग्लोबिन परीक्षण में एशिया बुक और इंडिया बुक ऑफ रिकार्ड्स में स्थान बनाया

भोपाल
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने स्वास्थ्य सेवा के क्षेत्र में जनजातीय बहुल डिंडौरी जिले में नए कीर्तिमान को स्थापित करने पर प्रसन्नता व्यक्त की है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने एशिया बुक ऑफ रिकार्ड्स और इंडिया बुक ऑफ रिकार्ड्स में स्थान बनाने की उपलब्धि के लिए डिंडौरी जिला प्रशासन और डिंडौरी के निवासियों को बधाई और शुभकामनाएं दी हैं।

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि डिंडौरी जिले ने "बेटी बचाओ -बेटी पढ़ाओ" के अंतर्गत "सुगढ़ टूरी- आज स्वस्थ, कल सशक्त" अभियान के माध्यम से एक ही दिन में जनजातीय बहुल क्षेत्र में 48 हजार से अधिक बालिकाओं और महिलाओं का हीमोग्लोबिन परीक्षण कर "एशिया बुक ऑफ रिकार्डस और इंडिया बुक ऑफ रिकार्डस" में स्थान प्राप्त किया है। इस पहल ने प्रदेश को गौरवान्वित किया है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि इस उत्कृष्ट उपलब्धि के लिए डिंडौरी जिला प्रशासन की टीम बधाई की पात्र है। यह अभियान महिला स्वास्थ्य, पोषण और सशक्तिकरण के प्रति मध्यप्रदेश की दृढ़ प्रतिबद्धता का सशक्त उदाहरण है।

 

admin

Related Posts

अंबिकापुर: जिला न्यायालय को बम से उड़ाने की धमकी वाला ईमेल, सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट

अम्बिकापुर सरगुजा जिला एवं सत्र न्यायालय को बम से उड़ाने की धमकी भरा ई-मेल मिलने से बुधवार को प्रशासनिक अमला सतर्क हो गया। यह धमकी जिला न्यायाधीश की आधिकारिक ई-मेल…

मतदाता सूची शुद्धिकरण पर फोकस, रोल ऑब्ज़र्वर अभिनव गुप्ता ने किया फील्ड निरीक्षण

रायपुर. निर्वाचक नामावली के विशेष गहन पुनरीक्षण कार्यों का रोल ऑब्जर्वर  अभिनव गुप्ता ने किया निरीक्षण निर्वाचक नामावलियों के विशेष गहन पुनरीक्षण कार्यक्रम–2026 के अंतर्गत भारत निर्वाचन आयोग, नई दिल्ली…

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

धर्म

माघ माह की आखिरी एकादशी: इन 3 जगहों पर दीपक जलाते ही चमक उठेगा किस्मत का सितारा

माघ माह की आखिरी एकादशी: इन 3 जगहों पर दीपक जलाते ही चमक उठेगा किस्मत का सितारा

शुक्र प्रदोष व्रत का महात्म्य: इस मुहूर्त में पूजा से पूरी होंगी मनोकामनाएं

शुक्र प्रदोष व्रत का महात्म्य: इस मुहूर्त में पूजा से पूरी होंगी मनोकामनाएं

आज का राशिफल: ग्रहों के परिवर्तन से किस राशि की बदलेगी किस्मत

आज का राशिफल: ग्रहों के परिवर्तन से किस राशि की बदलेगी किस्मत

श्रद्धा का प्रतीक बेलपत्र: क्यों महादेव को अति प्रिय है यह पत्ता, क्या है जन्म कथा

श्रद्धा का प्रतीक बेलपत्र: क्यों महादेव को अति प्रिय है यह पत्ता, क्या है जन्म कथा

गंडमूल नक्षत्र का रहस्य: जन्म के बाद 27 दिनों तक पिता-दर्शन क्यों वर्जित?

गंडमूल नक्षत्र का रहस्य: जन्म के बाद 27 दिनों तक पिता-दर्शन क्यों वर्जित?

17 फरवरी 2026 को पहला सूर्य ग्रहण, धनिष्ठा नक्षत्र और कुंभ राशि में, जानें भारत में सूतक काल की स्थिति

17 फरवरी 2026 को पहला सूर्य ग्रहण, धनिष्ठा नक्षत्र और कुंभ राशि में, जानें भारत में सूतक काल की स्थिति