भारतीय मौसम विभाग ने देश में बारिश को लेकर नई रिपोर्ट जारी की, सितंबर में जमकर बरसेंगे बदरा

नई दिल्ली

भारतीय मौसम विभाग ने देश में बारिश को लेकर नई रिपोर्ट जारी की है। इसके मुताबिक देश के अधिकतर हिस्सों में अगस्त वाला ट्रेंड जारी रहेगा और सितंबर में भी जमकर बारिश होगी। रिपोर्ट के मुताबिक उत्तराखंड, राजस्थान, हिमाचल प्रदेश के कुछ हिस्सों और पंजाब में काफी ज्यादा बरसात हो सकती है। इसके चलते यहां पर बाढ़ और लैंड स्लाइड जैसी घटनाएं हो सकती हैं। बता दें कि अगस्त में भारत में औसत से 16 फीसदी अधिक बारिश हुई है। 2001 से अभी तक यह पांचवां मौका था जब ऐसा हुआ है, वहीं 1901 से 29वीं बार ऐसा हुआ है। हालांकि अगस्त महीने में हुई 287 एमएम की अच्छी-खासी बारिश भी गर्मी शांत नहीं कर सकी। अगस्त महीने में मिनिमम टेम्प्रेचर 1901 से अब तक चौथा सबसे ज्यादा है।

अगर क्षेत्रीय हिसाब से देखें तो उत्तर पश्चिमी भारत में सामान्य से 32 फीसदी ज्यादा बारिश हुई। 2021 से अब तक का दूसरा ऐसा मौका है, जब इतनी बारिश हुई है। हालांकि दक्षिणी हिस्सों में सामान्य से महज एक फीसदी ज्यादा बरसात हुई है। मौसम विभाग के मुताबिक हालांकि सितंबर में देश भर में सामान्य से ज्यादा बरसात होगी, लेकिन कुछ खास हिस्सों जैसे-उत्तरी बिहार, उत्तरी पश्चिमी उत्तर प्रदेश, उत्तर पूर्व भारत के कई हिस्सों, उत्तर पश्चिम भारत और दक्षिण भारत में सामान्य से कम बरसात होने की संभावना है।

गौरतलब है कि अप्रैल मध्य में की गई भविष्यवाणी के मुताबिक जून से सितंबर तक देश में सामान्य से ज्यादा बारिश होनी थी। अगस्त में हुई अच्छी बारिश से खरीफ की फसलों को फायदा हुआ है। इससे अच्छे फसल उत्पादन की उम्मीद जागी है। इसके अलावा अच्छी बरसात होने से जमीन में अच्छी नमी रहेगी जो रबी की फसल के लिए बेहतर होगा।

हालांकि अभी तक ला नीना बना नहीं है और उम्मीद है कि यह सितंबर अंत तक आ सकता है। बारिश पर इसका कुछ असर होगा ऐसी संभावना बेहद कम है। सितंबर से नवंबर के दौरान बनने वाला ला नीना आमतौर पर दक्षिण भारत में मॉनसून को कमजोर कर देता है। आईएमडी के निदेशक मृत्युंजय मोहपात्रा ने कहा कि हालांकि इस बारे में अभी कुछ कहना जल्दबाजी होगी। तापमान को लेकर उन्होंने कहा कि देश के कई हिस्सों में दिन में यह सामान्य से ऊपर रहेगा। हालांकि उत्तर पश्चिम, दक्षिण और पूर्व-मध्य भारत के कुछ हिस्से राहत रहेगी।

admin

Related Posts

हवाई हादसों का दर्दनाक इतिहास: अजित पवार दुर्घटना से पहले इन 11 दिग्गजों की भी ऐसे ही हुई थी मौत

नई दिल्ली बुधवार की सुबह महाराष्ट्र और देश की राजनीति के लिए गहरे शोक की खबर लेकर आई, जब महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री अजित पवार और चार अन्य लोगों की एक…

हमें पता है क्या हो रहा है — UGC रेगुलेशन मामले में दखल देगा सुप्रीम कोर्ट

नई दिल्ली जातिगत भेदभाव से जुड़े UGC के नए नियमों के खिलाफ दाखिल याचिका पर सुनवाई के लिए सुप्रीम कोर्ट तैयार हो गया है। शीर्ष न्यायालय ने बुधवार को इस…

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

धर्म

माघ माह की आखिरी एकादशी: इन 3 जगहों पर दीपक जलाते ही चमक उठेगा किस्मत का सितारा

माघ माह की आखिरी एकादशी: इन 3 जगहों पर दीपक जलाते ही चमक उठेगा किस्मत का सितारा

शुक्र प्रदोष व्रत का महात्म्य: इस मुहूर्त में पूजा से पूरी होंगी मनोकामनाएं

शुक्र प्रदोष व्रत का महात्म्य: इस मुहूर्त में पूजा से पूरी होंगी मनोकामनाएं

आज का राशिफल: ग्रहों के परिवर्तन से किस राशि की बदलेगी किस्मत

आज का राशिफल: ग्रहों के परिवर्तन से किस राशि की बदलेगी किस्मत

श्रद्धा का प्रतीक बेलपत्र: क्यों महादेव को अति प्रिय है यह पत्ता, क्या है जन्म कथा

श्रद्धा का प्रतीक बेलपत्र: क्यों महादेव को अति प्रिय है यह पत्ता, क्या है जन्म कथा

गंडमूल नक्षत्र का रहस्य: जन्म के बाद 27 दिनों तक पिता-दर्शन क्यों वर्जित?

गंडमूल नक्षत्र का रहस्य: जन्म के बाद 27 दिनों तक पिता-दर्शन क्यों वर्जित?

17 फरवरी 2026 को पहला सूर्य ग्रहण, धनिष्ठा नक्षत्र और कुंभ राशि में, जानें भारत में सूतक काल की स्थिति

17 फरवरी 2026 को पहला सूर्य ग्रहण, धनिष्ठा नक्षत्र और कुंभ राशि में, जानें भारत में सूतक काल की स्थिति