MANIT स्टूडेंट को कार ने टक्कर मारी ,VIDEOआया सामने, आरोपी पांच दिन बाद भी फरार

भोपाल

भोपाल में तेज रफ्तार कार ने बाइक सवार युवक को टक्कर मार दी। टक्कर लगने के बाद चालक करीब दस मीटर तक कार के साथ घिसटता चला गया। आरोपी चालक मौके से फरार हो गया। घटना 7-8 सितंबर की दरमियानी रात की है। पांच दिन बाद भी पुलिस आरोपी का सुराग नहीं जुटा सकी हैइधर, परिजनों ने हिट एंड रन का केस दर्ज करने की मांग की है। घटना का सीसीटीवी फुटेज भी सामने आ चुका है। हालांकि कमला नगर थाने की टीआई निरुपा पांडे ने बताया कि कार और कार चालक दोनों की शिनाख्त नहीं हो सकी है। एक टीम मामले की जांच में जुटी है। सीसीटीवी कैमरों की मदद से आरोपी का रोड मैप तैयार किया जा रहा है।

बता दें कि नेहरू नगर स्थित मधुरम चौराहा रामेश्वरी गेट के पास हादसा हुआ था। युवक मौलाना आजाद राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संस्थान (MANIT) से पीएचडी कर रहा था। अस्पताल ले जाने से पहले ही युवक की मौत हो गई थी।

राहुल सिंह (32) पुत्र जेबी सिंह निवासी आकृति ईको सिटी बावड़ियाकलां में रहते थे। राहुल के बड़े भाई अशोक सिंह ने बताया कि राहुल मैनिट से पीएचडी कर रहे थे। इससे पहले, वह M.Tec कर चुके थे। बीते शुक्रवार की रात करीब 9 बजे वह घर से दोस्त से मिलने जाने की बात कहकर निकला था। दोस्त से मुलाकात के बाद देर रात घर लौट रहा था। रामेश्वरी गेट के पास चौराहा पर सामने से आ रही तेज रफ्तार स्विफ्ट कार ने उन्हें जोरदार टक्कर मार दी।

उनका मोबाइल फोन भी स्विच ऑफ हो गया। हम लगातार कॉल ट्राय कर रहे थे। रात करीब 1:30 बजे उसके दोस्त ने कॉल कर एक्सीडेंट की सूचना दी। जेपी अस्पताल पहुंचे, तो वहां भाई की मौत की सूचना मिली। मामले में हिट एंड रन का केस दर्ज किया जाना चाहिए।

घटना शुक्रवार रात रामेश्वरी गेट के पास चौराहे की है।

पिता रहे हैं प्रोफेसर

राहुल के पिता भोपाल के प्रतिष्ठित कॉलेज में प्रोफेसर रहे हैं। दो साल पहले ही रिटायर हुए हैं। राहुल तीन भाई हैं। वह दूसरे नंबर का था। बड़ा भाई अशोक जबकि छोटा भाई सिद्धार्थ है।

पिता की तरह ही प्रोफेसर बनना चाहता था

राहुल पीएचडी के बाद पिता की तरह ही प्रोफेसर बनना चाहता था। अप्रैल महीने में उसका जन्मदिन आता था। इस साल उसने जन्मदिन को पहले परिवार के साथ फिर दोस्तों के साथ सेलिब्रेट किया था।

बड़े भाई हैं डॉक्टर

अशोक सिंह MBBS, MD हैं। भोपाल के प्रतिष्ठित एनेस्थीसिया स्पेशलिस्ट हैं। कोलार के एक बड़े अस्पताल समेत अन्य तीन हॉस्पिटल में प्रैक्टिस करते हैं। राहुल की मौत के बाद परिवार पर गमगीन है। मां-पिता को अल सुबह के बाद बेटे की मौत की सूचना दी गई।

 

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