बलौदाबाजार में एक ही परिवार के चार लोगों की हत्या

बलौदाबाजार

छत्तीसगढ़ के बलौदाबाजार जिले में गुरुवार शाम को एक ही परिवार के चार लोगों की धारदार हथियार से हत्या कर दी गई है। मृतकों में दो महिला, एक युवक और एक मासूम शामिल हैं।

इस मामले में पुलिस ने तीन संदिग्ध आरोपियों को गिरफ्तार किया है। फिलहाल हत्या का कारण पता नहीं चला है। यह घटना कसडोल थाना क्षेत्र के छरछेद गांव की है। पुलिस मामले की जांच कर रही है।

जानकारी के अनुसार, मृतकों में 45 वर्षीय चेतराम केवट, उनकी दो बहनें यशोदा और जमुना, और जमुना का 11 माह का बच्चा शामिल हैं। पुलिस के अनुसार, आरोपियों ने जादू-टोना के संदेह में हत्या की वारदात को अंजाम दिया है। पुलिस ने शक के आधार पर तीन संदिग्धों को हिरासत लिया है और पुलिस तीनों से लगातार पूछताछ कर रही है।

तीन संदिग्धों की पहचान रामनाथ पाटले, दीपक पाटले, दिल कुमार पाटले के रूप में हुई है। स्थानीय लोगों के अनुसार, जादू-टोना के शक में हत्या को अंजाम दिया गया है। घटना की जानकारी मिलते ही कसडोल पुलिस ने जांच शुरू कर दी है और पुलिस सभी पहलुओं पर बारीकी से जांच कर रही है।

  • admin

    Related Posts

    अंबिकापुर: जिला न्यायालय को बम से उड़ाने की धमकी वाला ईमेल, सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट

    अम्बिकापुर सरगुजा जिला एवं सत्र न्यायालय को बम से उड़ाने की धमकी भरा ई-मेल मिलने से बुधवार को प्रशासनिक अमला सतर्क हो गया। यह धमकी जिला न्यायाधीश की आधिकारिक ई-मेल…

    मतदाता सूची शुद्धिकरण पर फोकस, रोल ऑब्ज़र्वर अभिनव गुप्ता ने किया फील्ड निरीक्षण

    रायपुर. निर्वाचक नामावली के विशेष गहन पुनरीक्षण कार्यों का रोल ऑब्जर्वर  अभिनव गुप्ता ने किया निरीक्षण निर्वाचक नामावलियों के विशेष गहन पुनरीक्षण कार्यक्रम–2026 के अंतर्गत भारत निर्वाचन आयोग, नई दिल्ली…

    Leave a Reply

    Your email address will not be published. Required fields are marked *

    धर्म

    माघ माह की आखिरी एकादशी: इन 3 जगहों पर दीपक जलाते ही चमक उठेगा किस्मत का सितारा

    माघ माह की आखिरी एकादशी: इन 3 जगहों पर दीपक जलाते ही चमक उठेगा किस्मत का सितारा

    शुक्र प्रदोष व्रत का महात्म्य: इस मुहूर्त में पूजा से पूरी होंगी मनोकामनाएं

    शुक्र प्रदोष व्रत का महात्म्य: इस मुहूर्त में पूजा से पूरी होंगी मनोकामनाएं

    आज का राशिफल: ग्रहों के परिवर्तन से किस राशि की बदलेगी किस्मत

    आज का राशिफल: ग्रहों के परिवर्तन से किस राशि की बदलेगी किस्मत

    श्रद्धा का प्रतीक बेलपत्र: क्यों महादेव को अति प्रिय है यह पत्ता, क्या है जन्म कथा

    श्रद्धा का प्रतीक बेलपत्र: क्यों महादेव को अति प्रिय है यह पत्ता, क्या है जन्म कथा

    गंडमूल नक्षत्र का रहस्य: जन्म के बाद 27 दिनों तक पिता-दर्शन क्यों वर्जित?

    गंडमूल नक्षत्र का रहस्य: जन्म के बाद 27 दिनों तक पिता-दर्शन क्यों वर्जित?

    17 फरवरी 2026 को पहला सूर्य ग्रहण, धनिष्ठा नक्षत्र और कुंभ राशि में, जानें भारत में सूतक काल की स्थिति

    17 फरवरी 2026 को पहला सूर्य ग्रहण, धनिष्ठा नक्षत्र और कुंभ राशि में, जानें भारत में सूतक काल की स्थिति