‘सलमान-दाऊद की हेल्प करने वाले अपना हिसाब-किताब रखना’: बिश्नोई गैंग

मुंबई.

मुंबई में एनसीपी नेता और महाराष्ट्र के पूर्व मंत्री बाबा सिद्दीकी की हत्या की जिम्मेदारी लॉरेंस बिश्नोई गैंग ने ली है. बिश्नोई गैंग के सदस्य ने सोशल मीडिया पर सलमान खान को संबोधित कर कहा कि हम ये जंग नहीं चाहते थे, लेकिन तुमने हमारे भाई का नुकसान करवाया. गैंग की ओर से धमकी दी गई है कि जो भी सलमान खान और दाऊद गैंग की मदद करेगा, अपना हिसाब-किताब लगाकर रखना.

हालांकि आजतक इस पोस्ट की पुष्टि नहीं करता है, वहीं मुंबई पुलिस इस पोस्ट की जांच कर रही है. इसी पोस्ट में आगे कहा गया है कि आज जो बाबा सिद्दीकी की शराफत के पुल बांध रहे हैं, ये एक समय मकोका एक्ट में दाऊद इब्राहिम के साथ था. इतना ही नहीं इसी पोस्ट में बाबा सिद्दीकी को टारगेट करने की वजह भी बताई गई है. इसमें लिखा है कि इसके मरने का कारण अनुज थापन और दाऊद को बॉलीवुड, राजनीति और प्रॉपर्टी डीलिंग से जोड़ना था.  इसमें आगे लिखा है कि हमारी किसी से कोई दुश्मनी नहीं है पर जो भी सलमान खान और दाऊद गैंग की हेल्प करेगा, अपना हिसाब-किताब लगाके रखना. हमारे किसी भी भाई को कोई भी मरवाएगा तो हम प्रतिक्रिया जरूर देंगे. हमने पहले वार कभी नहीं किया.

कौन था अनुज थापन?
सोशल मीडिया पोस्ट में अनुज थापन का नाम लिखा गया है. यह वही अनुज थापन है, जिसने सलमान खान के घर के बाहर फायरिंग की थी. जिसके बाद मुंबई क्राइम ब्रांच ने गिरफ्तार किया था. हालांकि अनुज की मुंबई पुलिस की कस्टडी में मौत हो गई थी. 

दो शूटर गिरफ्तार, एक फरार
मुंबई पुलिस की क्राइम ब्रांच ने बाबा सिद्दीकी की हत्या के मामले में दो शूटरों को गिरफ्तार कर लिया है. इनकी पहचान हरियाणा के रहने वाले गुरमैल बलजीत सिंह (23) और यूपी के बहराइच के रहने वाले धर्मराज राजेश कश्यप (19) के रूप में हुई है. जबकि तीसरा शूटर अभी पुलिस की गिरफ्त से बाहर है. उसका नाम शिवकुमार गौतम उर्फ शिवा (20) है और वो भी यूपी के बहराइच का ही रहने वाला है. 

यूपी के क्रिमिनल का नहीं है कोई आपराधिक रिकॉर्ड
जब मुंबई क्राइम ब्रांच ने यूपी पुलिस से इनकी क्रिमिनल हिस्ट्री के लिए कॉन्टैक्ट किया तो दोनों आरोपियों के खिलाफ जिले में कोई मुकदमा दर्ज नहीं है. धर्मराज राजेश कश्यप और शिवकुमार गौतम उर्फ शिवा बहराइच जिले के कैसरगंज थाना क्षेत्र के गंडारा कस्बे के रहने वाले हैं. हालांकि हरियाणा के रहने वाले गुरमैल बलजीत के खिलाफ हत्या का एक मुकदमा पहले से दर्ज है. उसने अपने सगे बड़े भाई की सुआ मारकर हत्या की थी.

यूपी के शूटर मजदूरी करने गए थे पुणे
जानकारी मिली है कि धर्मराज कश्यप और शिवकुमार उर्फ शिवा गौतम मजदूरी करने के लिए पुणे आए थे. शिवा करीब 5-6 सालो से पुणे में एक स्क्रैप व्यापारी के यहां काम करता था. शिवा ने कुछ महीनों पहले धर्मराज को भी पुणे काम के लिए बुलाया था. सुपारी देने वाले व्यक्ति ने शिवा और धर्मराज से गुरमैल की मुलाकात कराई थी. हालांकि क्राइम ब्रांच इस बात का पता लगा रही है कि ये दोनों पुणे से मुंबई कैसे पहुंचे. 

admin

Related Posts

हवाई हादसों का दर्दनाक इतिहास: अजित पवार दुर्घटना से पहले इन 11 दिग्गजों की भी ऐसे ही हुई थी मौत

नई दिल्ली बुधवार की सुबह महाराष्ट्र और देश की राजनीति के लिए गहरे शोक की खबर लेकर आई, जब महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री अजित पवार और चार अन्य लोगों की एक…

हमें पता है क्या हो रहा है — UGC रेगुलेशन मामले में दखल देगा सुप्रीम कोर्ट

नई दिल्ली जातिगत भेदभाव से जुड़े UGC के नए नियमों के खिलाफ दाखिल याचिका पर सुनवाई के लिए सुप्रीम कोर्ट तैयार हो गया है। शीर्ष न्यायालय ने बुधवार को इस…

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

धर्म

माघ माह की आखिरी एकादशी: इन 3 जगहों पर दीपक जलाते ही चमक उठेगा किस्मत का सितारा

माघ माह की आखिरी एकादशी: इन 3 जगहों पर दीपक जलाते ही चमक उठेगा किस्मत का सितारा

शुक्र प्रदोष व्रत का महात्म्य: इस मुहूर्त में पूजा से पूरी होंगी मनोकामनाएं

शुक्र प्रदोष व्रत का महात्म्य: इस मुहूर्त में पूजा से पूरी होंगी मनोकामनाएं

आज का राशिफल: ग्रहों के परिवर्तन से किस राशि की बदलेगी किस्मत

आज का राशिफल: ग्रहों के परिवर्तन से किस राशि की बदलेगी किस्मत

श्रद्धा का प्रतीक बेलपत्र: क्यों महादेव को अति प्रिय है यह पत्ता, क्या है जन्म कथा

श्रद्धा का प्रतीक बेलपत्र: क्यों महादेव को अति प्रिय है यह पत्ता, क्या है जन्म कथा

गंडमूल नक्षत्र का रहस्य: जन्म के बाद 27 दिनों तक पिता-दर्शन क्यों वर्जित?

गंडमूल नक्षत्र का रहस्य: जन्म के बाद 27 दिनों तक पिता-दर्शन क्यों वर्जित?

17 फरवरी 2026 को पहला सूर्य ग्रहण, धनिष्ठा नक्षत्र और कुंभ राशि में, जानें भारत में सूतक काल की स्थिति

17 फरवरी 2026 को पहला सूर्य ग्रहण, धनिष्ठा नक्षत्र और कुंभ राशि में, जानें भारत में सूतक काल की स्थिति