छत्तीसगढ़-कोंडागांव में मामूली बात पर छोटे भाई ने की बड़े की हत्या

कोंडागांव.

कोंडागांव में केशकाल थाना क्षेत्र के चिखलाडीही गांव में दो भाइयों के बीच मामूली विवाद ने खतरनाक मोड़ ले लिया और छोटे भाई ने अपने बड़े भाई की हत्या कर दी। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया है। पुलिस के अनुसार, मृतक भूकन मरापी (25) और उसका छोटा भाई निरंजन मरापी (21) एक ही घर में रहते थे।

दोनों अविवाहित थे और शराब पीने के आदी थे। मां का कुछ साल पहले देहांत होने के बाद दोनों साथ रहने लगे। छोटा भाई मजदूरी करता था जबकि बड़ा भाई बेरोजगार था। घर में अकसर दोनों भाइयों के बीच विवाद होते रहते थे। घटना के दिन रात को खाना बनाने को लेकर दोनों भाइयों के बीच बहस छिड़ी, जो हिंसक रूप ले ली। आवेश में आकर निरंजन ने पास में रखे ईंट और धारदार हथियार से बड़े भाई पर हमला कर दिया, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई। घटना के बाद आरोपी मौके से फरार हो गया, लेकिन पड़ोसियों की सूचना पर पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए उसे चंद घंटों में गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने मृतक के शव को पोस्टमार्टम के लिए केशकाल अस्पताल भेज दिया है। इस मामले में केशकाल थाना प्रभारी विकास बघेल ने बताया कि आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया है और उसे न्यायालय में पेश कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेजा गया है।

admin

Related Posts

अंबिकापुर: जिला न्यायालय को बम से उड़ाने की धमकी वाला ईमेल, सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट

अम्बिकापुर सरगुजा जिला एवं सत्र न्यायालय को बम से उड़ाने की धमकी भरा ई-मेल मिलने से बुधवार को प्रशासनिक अमला सतर्क हो गया। यह धमकी जिला न्यायाधीश की आधिकारिक ई-मेल…

मतदाता सूची शुद्धिकरण पर फोकस, रोल ऑब्ज़र्वर अभिनव गुप्ता ने किया फील्ड निरीक्षण

रायपुर. निर्वाचक नामावली के विशेष गहन पुनरीक्षण कार्यों का रोल ऑब्जर्वर  अभिनव गुप्ता ने किया निरीक्षण निर्वाचक नामावलियों के विशेष गहन पुनरीक्षण कार्यक्रम–2026 के अंतर्गत भारत निर्वाचन आयोग, नई दिल्ली…

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

धर्म

माघ माह की आखिरी एकादशी: इन 3 जगहों पर दीपक जलाते ही चमक उठेगा किस्मत का सितारा

माघ माह की आखिरी एकादशी: इन 3 जगहों पर दीपक जलाते ही चमक उठेगा किस्मत का सितारा

शुक्र प्रदोष व्रत का महात्म्य: इस मुहूर्त में पूजा से पूरी होंगी मनोकामनाएं

शुक्र प्रदोष व्रत का महात्म्य: इस मुहूर्त में पूजा से पूरी होंगी मनोकामनाएं

आज का राशिफल: ग्रहों के परिवर्तन से किस राशि की बदलेगी किस्मत

आज का राशिफल: ग्रहों के परिवर्तन से किस राशि की बदलेगी किस्मत

श्रद्धा का प्रतीक बेलपत्र: क्यों महादेव को अति प्रिय है यह पत्ता, क्या है जन्म कथा

श्रद्धा का प्रतीक बेलपत्र: क्यों महादेव को अति प्रिय है यह पत्ता, क्या है जन्म कथा

गंडमूल नक्षत्र का रहस्य: जन्म के बाद 27 दिनों तक पिता-दर्शन क्यों वर्जित?

गंडमूल नक्षत्र का रहस्य: जन्म के बाद 27 दिनों तक पिता-दर्शन क्यों वर्जित?

17 फरवरी 2026 को पहला सूर्य ग्रहण, धनिष्ठा नक्षत्र और कुंभ राशि में, जानें भारत में सूतक काल की स्थिति

17 फरवरी 2026 को पहला सूर्य ग्रहण, धनिष्ठा नक्षत्र और कुंभ राशि में, जानें भारत में सूतक काल की स्थिति