जम्मू में कश्मीरी पंडितों के घरों में लगी भीषण आग, 12 क्वार्टर जलकर खाक

जम्मू
जम्मू शहर के बाहरी इलाके में मंगलवार को आग लगने से विस्थापित कश्मीरी पंडितों के 12 क्वार्टर जलकर खाक हो गए। उन्होंने बताया कि आग कथित तौर पर पुरखू कैंप इलाके के एक पुराने क्वार्टर में लगी और तेजी से फैल गई।

पीड़ित बोले- हम बेघर हो गए
आग बुझाने के लिए दमकल कर्मियों और उपकरणों को घटनास्थल पर भेजा गया। हालांकि किसी के हताहत होने की खबर नहीं है, लेकिन घर का अधिकांश सामान और एक दोपहिया वाहन जलकर खाक हो गया। कैंप के निवासी नवीन पंडिता ने कहा कि हमने आग में अपना सब कुछ खो दिया है। नकदी, रिकॉर्ड और सोना। ये सब जलकर खाक हो गया। हम एक बार फिर बेघर हो गए हैं।

कोई आकलन के लिए नहीं आया- पीड़ित
उन्होंने कहा कि पांच से छह परिवारों के कब्जे वाले 12 क्वार्टर जलकर खाक हो गए। पंडिता ने आरोप लगाया कि जिला प्रशासन या राहत विभाग से कोई भी नुकसान का आकलन करने नहीं आया है।

प्रवासियों ने मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला से किश्तवाड़ के वारवान की तर्ज पर उन्हें मुआवजा देने का आग्रह किया। एक अन्य पर्यटक संतोषी ने कहा कि हम उपराज्यपाल मनोज सिन्हा जी का हस्तक्षेप चाहते हैं।

  • admin

    Related Posts

    हवाई हादसों का दर्दनाक इतिहास: अजित पवार दुर्घटना से पहले इन 11 दिग्गजों की भी ऐसे ही हुई थी मौत

    नई दिल्ली बुधवार की सुबह महाराष्ट्र और देश की राजनीति के लिए गहरे शोक की खबर लेकर आई, जब महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री अजित पवार और चार अन्य लोगों की एक…

    हमें पता है क्या हो रहा है — UGC रेगुलेशन मामले में दखल देगा सुप्रीम कोर्ट

    नई दिल्ली जातिगत भेदभाव से जुड़े UGC के नए नियमों के खिलाफ दाखिल याचिका पर सुनवाई के लिए सुप्रीम कोर्ट तैयार हो गया है। शीर्ष न्यायालय ने बुधवार को इस…

    Leave a Reply

    Your email address will not be published. Required fields are marked *

    धर्म

    माघ माह की आखिरी एकादशी: इन 3 जगहों पर दीपक जलाते ही चमक उठेगा किस्मत का सितारा

    माघ माह की आखिरी एकादशी: इन 3 जगहों पर दीपक जलाते ही चमक उठेगा किस्मत का सितारा

    शुक्र प्रदोष व्रत का महात्म्य: इस मुहूर्त में पूजा से पूरी होंगी मनोकामनाएं

    शुक्र प्रदोष व्रत का महात्म्य: इस मुहूर्त में पूजा से पूरी होंगी मनोकामनाएं

    आज का राशिफल: ग्रहों के परिवर्तन से किस राशि की बदलेगी किस्मत

    आज का राशिफल: ग्रहों के परिवर्तन से किस राशि की बदलेगी किस्मत

    श्रद्धा का प्रतीक बेलपत्र: क्यों महादेव को अति प्रिय है यह पत्ता, क्या है जन्म कथा

    श्रद्धा का प्रतीक बेलपत्र: क्यों महादेव को अति प्रिय है यह पत्ता, क्या है जन्म कथा

    गंडमूल नक्षत्र का रहस्य: जन्म के बाद 27 दिनों तक पिता-दर्शन क्यों वर्जित?

    गंडमूल नक्षत्र का रहस्य: जन्म के बाद 27 दिनों तक पिता-दर्शन क्यों वर्जित?

    17 फरवरी 2026 को पहला सूर्य ग्रहण, धनिष्ठा नक्षत्र और कुंभ राशि में, जानें भारत में सूतक काल की स्थिति

    17 फरवरी 2026 को पहला सूर्य ग्रहण, धनिष्ठा नक्षत्र और कुंभ राशि में, जानें भारत में सूतक काल की स्थिति