एस.एस.दीक्षित थर्ड एम.पी. स्टेटे रैंकिंग टेनिस प्रतियोगिता 2024 शुरू

एस.एस.दीक्षित थर्ड एम.पी. स्टेटे रैंकिंग टेनिस प्रतियोगिता 2024 शुरू

भावेश गौर और आराध्य मिश्रा ने जीते प्रारंभिक मुकाबले

भोपाल

एस.एस. दीक्षित थर्ड एम.पी. स्टेटे रैंकिंग टेनिस प्रतियोगिता 2024 का आयोजन 18 से 23 नवंबर तात्याटोपे स्टेडियम भोपाल में किया जा रहा है। एस.एस. दीक्षित मध्यप्रदेश के ख्याति प्राप्त टेनिस खिलाड़ी थे। वे 10 वर्ष तक मध्यप्रदेश न.1 खिलाड़ी रहें। मास्टर्स प्रतियोगिता में उन्होंने अमेरिका में देश का प्रतिनिधित्व भी किया था। एस.एस. दीक्षित की स्मृति में यह प्रतियोगिता आज प्रारंभ हुई ।

खेल और युवा कल्याण

संचालक डॉ. रवि कुमार गुप्ता ने प्रतियोगिता का शुभारंभ किया। उन्होंने नन्हें खिलाड़ियों को संबोंधित करते हुये बताया कि एस.एस. दीक्षित बहुमुखी प्रतिभा के धनी थे। उन्होंने दृढ़ इच्छा शक्ति के दम पर 35 वर्ष की आयु के उपरांत टेनिस न केवल खेला बल्कि 10 वर्षो तक राज्य चैम्पियन रहे। दीक्षित बैडमिंटन में भी मास्टर्स प्रतियोगिता के विश्व न.-1 खिलाड़ी रहे। नवोदित खिलाड़ियों को उनसे प्रेरणा लेकर प्रदेश और देश का नाम रोशन करने के लिए प्रयास करना चाहिए।

प्रतियोगिता के शुभारंभ अवसर पर संचालक डॉ. गुप्ता का स्वागत सबसे छोटे और होनहार खिलाड़ी रेयांश पटेल ने किया। रेयांश पटेल इन्दौर के 9 वर्षीय खिलाड़ी है। प्रतियोगिता के टूर्नामेन्ट डायरेक्टर प्रमोद दीक्षित ने संचालक खेल को स्मृति चिन्ह भेंट किया। इस अवसर पर टेनिस संघ के उपाध्यक्ष अतुल धूपर, अंतर्राष्ट्रीय कॉमन्टेªटर मनोज कुकरेजा, सहायक संचालक खेल विकास खराडकर विशेष रूप से उपस्थित थे।

उल्लेखनीय है प्रतियेागिता में भोपाल, इदौर, ग्वालियर, खंडवा, रतलाम, बैतूल, महू और खरगौन जिलों के लगभग 300 खिलाड़ी 12, 14, 18 आयु वर्ग और पुरूष व महिला वर्ग में प्रतिभागिता कर रहे है। प्रतियोगिता में कुल 186 मुकाबले खेले जाऐंगें। प्रतियोगिता से पूर्व 2 दिन क्वालिफिकेशन राउण्ड भी हुये है। प्रतियोगिता का समापन 23 नवंबर को मुख्य सचिव अनुराग जैन के मुख्य आतिथ्य में होगा। अनुराग जैन स्वयं टेनिस के खिलाड़ी है।

आज के परिणाम

पुरूष एकल वर्ग में प्रथम बाथम (भोपाल) विरूद्ध परिक्षित पाण्डे (भोपाल) 9-0, रिजिक पटेल (भोपाल) विरूद्ध निलेश दिवाकर (भोपाल) 9-0, संस्कार मिश्रा (भोपाल) विरूद्ध अभय धूवे (भोपाल) 9-0, जयंत बंसल (भोपाल) विरूद्ध उद्देश्य गौर (भोपाल) 9-8 (3),भावेश गौर (भोपाल) विरूद्ध आनंद अग्रवाल (इन्दौर) 9-0, अद्वैत अग्रवाल (इन्दौर) विरूद्ध मोहित चंडेल (भोपाल) 9-3, मानस गुप्ता (भोपाल) विरूद्ध आदित्य साओ (ग्वालियर) 9-6, खुशविन जैफरी (भोपाल) विरूद्ध प्रत्यक्ष सोनी (खंडवा) 9-6

बालक वर्ग अंडर-18 आयु वर्ग में आराध्य मिश्रा (भोपाल) विरूद्ध ओजस मिश्रा (इन्दौर) 7-1, गर्व मालपानी (इन्दौर) विरूद्ध शिवम ठाकुर (इन्दौर) 7-0, अर्नव मंडलोई (खरगौन) विरूद्ध गगनदीप सिंह अहुजा (भोपाल) 7-0, युग जैन (इन्दौर) विरूद्ध हर्ष राव (रतलाम) 7-4, जन्मेजय सक्सेना (भोपाल) विरूद्ध दिशांत पाल (भोपाल) 7-2, विहान नवाब (इन्दौर) विरूद्ध यर्थाथ यादव (खंडवा) 7-3, मो. आरिज खान (इन्दौर) विरूद्ध गीतांश मखानिया (इन्दौर) 7-3, आरूष जैन (इन्दौर) विरूद्ध सैयद अलमीर अली (इन्दौर) 7-2।

 

  • admin

    Related Posts

    अंबिकापुर: जिला न्यायालय को बम से उड़ाने की धमकी वाला ईमेल, सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट

    अम्बिकापुर सरगुजा जिला एवं सत्र न्यायालय को बम से उड़ाने की धमकी भरा ई-मेल मिलने से बुधवार को प्रशासनिक अमला सतर्क हो गया। यह धमकी जिला न्यायाधीश की आधिकारिक ई-मेल…

    मतदाता सूची शुद्धिकरण पर फोकस, रोल ऑब्ज़र्वर अभिनव गुप्ता ने किया फील्ड निरीक्षण

    रायपुर. निर्वाचक नामावली के विशेष गहन पुनरीक्षण कार्यों का रोल ऑब्जर्वर  अभिनव गुप्ता ने किया निरीक्षण निर्वाचक नामावलियों के विशेष गहन पुनरीक्षण कार्यक्रम–2026 के अंतर्गत भारत निर्वाचन आयोग, नई दिल्ली…

    Leave a Reply

    Your email address will not be published. Required fields are marked *

    धर्म

    माघ माह की आखिरी एकादशी: इन 3 जगहों पर दीपक जलाते ही चमक उठेगा किस्मत का सितारा

    माघ माह की आखिरी एकादशी: इन 3 जगहों पर दीपक जलाते ही चमक उठेगा किस्मत का सितारा

    शुक्र प्रदोष व्रत का महात्म्य: इस मुहूर्त में पूजा से पूरी होंगी मनोकामनाएं

    शुक्र प्रदोष व्रत का महात्म्य: इस मुहूर्त में पूजा से पूरी होंगी मनोकामनाएं

    आज का राशिफल: ग्रहों के परिवर्तन से किस राशि की बदलेगी किस्मत

    आज का राशिफल: ग्रहों के परिवर्तन से किस राशि की बदलेगी किस्मत

    श्रद्धा का प्रतीक बेलपत्र: क्यों महादेव को अति प्रिय है यह पत्ता, क्या है जन्म कथा

    श्रद्धा का प्रतीक बेलपत्र: क्यों महादेव को अति प्रिय है यह पत्ता, क्या है जन्म कथा

    गंडमूल नक्षत्र का रहस्य: जन्म के बाद 27 दिनों तक पिता-दर्शन क्यों वर्जित?

    गंडमूल नक्षत्र का रहस्य: जन्म के बाद 27 दिनों तक पिता-दर्शन क्यों वर्जित?

    17 फरवरी 2026 को पहला सूर्य ग्रहण, धनिष्ठा नक्षत्र और कुंभ राशि में, जानें भारत में सूतक काल की स्थिति

    17 फरवरी 2026 को पहला सूर्य ग्रहण, धनिष्ठा नक्षत्र और कुंभ राशि में, जानें भारत में सूतक काल की स्थिति