लोकपथ ऐप ने राष्ट्रीय स्तर पर बनाई पहचान, कौन बनेगा करोड़पति में हुआ उल्लेख

भोपाल
मध्यप्रदेश सरकार द्वारा क्षतिग्रस्त सड़कों की समस्याओं के त्वरित समाधान के लिए विकसित किया गया लोकपथ मोबाइल ऐप अब राष्ट्रीय पहचान बन चुका है। हाल ही में इस ऐप का उल्लेख देश के सबसे प्रतिष्ठित टीवी शो “कौन बनेगा करोड़पति” में हुआ। इस कार्यक्रम के होस्ट, प्रख्यात अभिनेता श्री अमिताभ बच्चन ने लोकपथ ऐप से जुड़ा सवाल प्रतिभागी से पूछा।

यह उल्लेख न केवल मध्यप्रदेश के लिए गर्व का विषय है, बल्कि प्रदेश में सड़कों के रखरखाव और सुधार के लिए किए गए नवाचारों को भी राष्ट्रीय स्तर पर रेखांकित करता है। नरसिंहपुर जिले के श्री रचित कुमार बेल्थरिया ने इस सवाल का सही उत्तर बिना किसी सहायता के देकर शो में सभी का ध्यान आकर्षित किया।

लोक निर्माण मंत्री श्री राकेश सिंह ने कौन बनेगा करोड़पति में मध्यप्रदेश के नवाचार को स्थान देने के लिए मध्यप्रदेश सरकार की ओर श्री अमिताभ बच्चन का आभार व्यक्त किया और प्रतिभागी श्री रचित का अभिनंदन किया। उन्होंने कहा कि मात्र 6 माह में इस ऐप ने प्रदेश से निकलकर राष्ट्र स्तर पर अपनी पहचान स्थापित की है एवं पूरे देश में चर्चा का विषय बन चुकी है।

लोक निर्माण मंत्री श्री सिंह ने इस घटना को गर्व का क्षण बताते हुए कहा, “लोकपथ ऐप लोक निर्माण से लोक कल्याण का सेतु है। यह देखकर प्रसन्नता होती है कि मध्यप्रदेश के नवाचार को राष्ट्रीय स्तर पर पहचान मिल रही है। लोकपथ ऐप प्रदेश की जनता के लिए एक बड़ा नवाचार है, जो सड़कों को गुणवत्तापूर्ण सुरक्षित और सुदृढ़ बनाने में सहायक है।”

मंत्री श्री सिंह ने कहा कि मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव द्वारा लोकार्पित लोकपथ ऐप, लोक निर्माण विभाग की एक अनूठी पहल है। इस ऐप का उद्देश्य प्रदेश की सड़कों से जुड़ी समस्याओं का त्वरित और प्रभावी समाधान करना है। नागरिक इस ऐप के माध्यम से क्षतिग्रस्त सड़कों की रिपोर्ट सीधे विभाग को भेज सकते हैं, जिससे समस्याओं का शीघ्र समाधान हो रहा है।

मंत्री श्री सिंह ने यह भी कहा कि लोकपथ ऐप सरकार की लोक कल्याणकारी सोच और प्रौद्योगिकी के कुशल उपयोग का एक उत्कृष्ट उदाहरण है। उन्होंने कहा कि विभाग के इस अभिनव प्रयास ने साबित किया है कि प्रौद्योगिकी के माध्यम से लोक कल्याण के लक्ष्य को प्रभावी ढंग से प्राप्त किया जा सकता है।

लोकपथ ऐप पर अब तक 4536 से अधिक शिकायतें प्राप्त की गई हैं, जिनमें से 95 प्रतिशत शिकायतों का निराकरण 7 दिनों के भीतर किया गया। यह आंकड़े इस बात का प्रमाण हैं कि सरकार ने नागरिकों की समस्याओं के समाधान के लिए इस तकनीक का प्रभावी ढंग से उपयोग किया है। मध्यप्रदेश सरकार की प्राथमिकता प्रदेश की सड़कों को गुणवत्तापूर्ण, सुदृढ़ और सुरक्षित बनाना है और लोकपथ ऐप इस दिशा में एक मील का पत्थर साबित हो रहा है।

 

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