एसईसीएल नवनिर्माण नाली में पुराने ईटों का इस्तेमाल

मनेन्द्रगढ़/एमसीबी
सदभावना स्टेडियम एसईसीएल साऊथ झगराखाण्ड से ठेकेदारी प्रथा पर लाखों रुपए से अधिक की लागत से बन रही नाली के निर्माण में पुरानी और घटिया ईंटों का इस्तेमाल खुले आम किया जा रहा है।

नगर का एक मात्र सदभावना स्टेडियम एसईसीएल अस्पताल के पीछे, हसदेव क्षेत्र  महाप्रबंधक मुख्यालय के नाक निचे नाली निर्माण के लिए एसईसीएल ने ठेकेदार को लाखों रुपए का ठेका दिया है। इस नाली के निर्माण मे भारी अनियमितता बरती जा रही है। दर असल नाली बनाने के लिए बगल के मकान को तोड़कर उसी से पूरा निकला हुआ पुराने इंटों को लगाया जा रहा है। पुरानी ईंटों को छिपाने के लिए जुड़ाई के साथ ही बगल से मिट्टी भराई का काम भी जारी है।

इतना ही नही नाली की एक पटरी पर पुरानी दीवार पर ही केवल ईंट का खड़ंजा लगा कर इतिश्री की जा रही है। एसईसीएल हसदेव के सदभावना स्टेडियम जो भीड़भाड़ वाला इलाका प्रमुख मार्ग के किनारे बन रही नाली निर्माण की बाबत नागरिकों का कहना है कि कमीशनबाजी के चलते हसदेव क्षेत्र के मुख्य महाप्रबंधक को उन्ही के नाक के नीचे हो रहे निर्माण कार्य  एसईसीएल विभाग को यह खामी दिखाई नही दे रही है। मजदूरों से जब पुराने ईंट लगवाए जाने की बाबत पूंछा गया तो उसका कहना था कि यह सब ठेकेदार जाने वह तो केवल काम करने के लिए है।

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