राजस्थान-REET में नेगेटिव मार्किंग रोकने अब चार की बजाए मिलेंगे पांच विकल्प

जयपुर।

राजस्थान माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (RBSE) ने अन्य बदलावों के साथ-साथ राजस्थान शिक्षक पात्रता परीक्षा (रीट 2025) के लिए नया ओएमआर नियम पेश किया है। बोर्ड ने परीक्षा के लिए अंकन योजना की घोषणा करते हुए कहा कि रीट 2025 के प्रश्न पत्र में अब चार के बजाय पांच विकल्प होंगे।

रीट के नए ओएमआर नियम के अनुसार, राजस्थान बोर्ड ने कहा है कि एक प्रश्न के लिए चार के बजाय 5 विकल्प होंगे। साथ ही गलत उत्तरों के लिए निगेटिव मार्किंग की योजना भी शुरू की है। अगर कोई उम्मीदवार गलत उत्तर चुनता है या 5 विकल्पों में से कोई उत्तर नहीं चुनता है, तो उसे नेगेटिव मार्क दिया जाएगा। बोर्ड ने आगे बताया कि हर गलत उत्तर के लिए कुल अंकों में से 1% अंक काट लिए जाएंगे। रीट परीक्षा दो स्तरों के लिए आयोजित की जाएगी। रीट स्तर-1 की परीक्षा उन लोगों के लिए आयोजित की जाता है, जो कक्षा 1 से 5 तक के शिक्षक बनना चाहते हैं और रीट स्तर-2 की परीक्षा कक्षा 6 से 8 तक की शिक्षक पात्रता के लिए आयोजित की जाता है।

'''राजस्थान बोर्ड :- रीट पात्रता परीक्षा विद्यार्थी ध्यान दे !
नया ओएमआर नियम लागू किया गया है । ऐसे में प्रश्नपत्र में 4 के बजाय 5 विकल्प आएंगे किसी सवाल का जवाब नही आने पर यदि आप लोग पांचवां विकल्प नहीं भरते हैं तो 1/3 अंक की नेगेटिव मार्किंग की जाएगी ll #REET #REETEXAM'''
— Board of Secondary Education Rajasthan Ajmer (@Rajasthanboard) December 18, 2024

admin

Related Posts

अंबिकापुर: जिला न्यायालय को बम से उड़ाने की धमकी वाला ईमेल, सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट

अम्बिकापुर सरगुजा जिला एवं सत्र न्यायालय को बम से उड़ाने की धमकी भरा ई-मेल मिलने से बुधवार को प्रशासनिक अमला सतर्क हो गया। यह धमकी जिला न्यायाधीश की आधिकारिक ई-मेल…

मतदाता सूची शुद्धिकरण पर फोकस, रोल ऑब्ज़र्वर अभिनव गुप्ता ने किया फील्ड निरीक्षण

रायपुर. निर्वाचक नामावली के विशेष गहन पुनरीक्षण कार्यों का रोल ऑब्जर्वर  अभिनव गुप्ता ने किया निरीक्षण निर्वाचक नामावलियों के विशेष गहन पुनरीक्षण कार्यक्रम–2026 के अंतर्गत भारत निर्वाचन आयोग, नई दिल्ली…

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

धर्म

माघ माह की आखिरी एकादशी: इन 3 जगहों पर दीपक जलाते ही चमक उठेगा किस्मत का सितारा

माघ माह की आखिरी एकादशी: इन 3 जगहों पर दीपक जलाते ही चमक उठेगा किस्मत का सितारा

शुक्र प्रदोष व्रत का महात्म्य: इस मुहूर्त में पूजा से पूरी होंगी मनोकामनाएं

शुक्र प्रदोष व्रत का महात्म्य: इस मुहूर्त में पूजा से पूरी होंगी मनोकामनाएं

आज का राशिफल: ग्रहों के परिवर्तन से किस राशि की बदलेगी किस्मत

आज का राशिफल: ग्रहों के परिवर्तन से किस राशि की बदलेगी किस्मत

श्रद्धा का प्रतीक बेलपत्र: क्यों महादेव को अति प्रिय है यह पत्ता, क्या है जन्म कथा

श्रद्धा का प्रतीक बेलपत्र: क्यों महादेव को अति प्रिय है यह पत्ता, क्या है जन्म कथा

गंडमूल नक्षत्र का रहस्य: जन्म के बाद 27 दिनों तक पिता-दर्शन क्यों वर्जित?

गंडमूल नक्षत्र का रहस्य: जन्म के बाद 27 दिनों तक पिता-दर्शन क्यों वर्जित?

17 फरवरी 2026 को पहला सूर्य ग्रहण, धनिष्ठा नक्षत्र और कुंभ राशि में, जानें भारत में सूतक काल की स्थिति

17 फरवरी 2026 को पहला सूर्य ग्रहण, धनिष्ठा नक्षत्र और कुंभ राशि में, जानें भारत में सूतक काल की स्थिति