राजस्थान-कोटा में कोचिंग विजिट पर आने वाले पेरेंट्स को रहना और खाना फ्री

कोटा।

मेडिकल और इंजीनियरिंग कोंचिंग संस्थानों में बच्चों का एडमिशन कराने के लिए देश भर से पेरेंट्स कोटा जिले में आते हैं। इन पेरेंट्स को सुविधा देने के लिए कोटा हॉस्टल एसोसिएशन ने एक अभियान की शुरूआत की है। इसके तहत उन्हें एक दिन का रहना और खाना फ्री उपलब्ध कराया जाएगा, ताकि वे बेफिक्र होकर यहां बच्चों का दाखिला करवा सकें। कोटा हॉस्टल एसोसिएशन ने इसकी घोषणा की है।

एसोसिएशन अध्यक्ष नवीन मित्तल ने कहा, बच्चों का कोटा में एडमिशन करवाने आने वाले पेरेंट्स सबसे पहले तो रहने और खाने की सुविधा को लेकर ही परेशान रहते हैं। इस परेशानी से मुक्ति के लिए उन्होंने यह विशेष अभियान चलाया है, ताकि वे अपने बच्चों का दाखिला आसानी से करवा सकें और उन्हें हॉस्टल और कोचिंग विजिट के लिए पर्याप्त समय मिले सके। मित्तल का कहना था कि एसोसिएशन से जुड़े हुए सभी हॉस्टल संचालक यह सुविधा पेरेंट्स को मुहैया कराएंगे, इसके लिए सभी ने सहमति दे दी है।

पहले पेरेंट्स को होती थी परेशानी
एसोसिएशन से राजीव गांधी नगर, जवाहर नगर, इलेक्ट्रॉनिक कॉम्प्लेक्स, इंडस्ट्रियल एरिया, इंद्र विहार, तलवंडी और महावीर नगर प्रथम के हॉस्टल संचालक जुड़े हुए हैं। बता दें कि कोटा में हर साल एक लाख से ज्यादा बच्चे पढ़ाई करने आते हैं। उनके पैरेंट्स उन्हें दाखिला कराने के लिए आते हैं। ये लोग जनवरी और फरवरी से ही आना शुरू हो जाते हैं और बोर्ड परीक्षाओं के बाद इनकी संख्या बढ़ जाती है। फिलहाल, विजिट पर आने वाले पेरेंट्स को होटल में रुकने की व्यवस्था करनी होती है। इसके अलावा रहने के लिए हॉस्टल और खाने का मेस को पैसा देना पड़ता है। ऐसे में उन्हें राहत देने और कोटा केयर्स अभियान के तहत यह सुविधा उपलब्ध कराई जा रही है।

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