थाईलैंड में मरी प्रियंका के शरीर पर पोस्टमॉर्टम में मिलीं 9 एंटी मॉर्टम चोटें

लखनऊ
थाईलैंड के पटाया में होटल के बाथटब में लखनऊ की प्रियंका शर्मा की मौत हो गई थी। इस मामले में केजीएमयू में हुए पोस्टमॉर्टम में शरीर पर 9 एंटी मॉर्टम(मौत से पहले) चोटें मिली हैं। उसके शरीर पर इतनी चोटें कैसे आईं यह बड़ा सवाल है। एनबीटी ने केजीएमयू में हुए पोस्टमॉर्टम में प्रियंका के शरीर पर मौत से पहले चोटों का 17 जनवरी के अंक में ही खुलासा किया था।

वृंदावन योजना के सेक्टर 16 बी निवासी सत्य नारायण शर्मा की बेटी प्रियंका शर्मा (32) की शादी वृंदावन योजना सेक्टर-9 में स्थित एल्डिको सौभाग्यम अपार्टमेंट में रहने वाले डॉ. आशीष श्रीवास्तव से 2017 में हुई थी। पिता ने बताया कि 4 जनवरी को उनकी बेटी, दामाद और नाती पटाया घूमने गए थे। वहां एक पांच सितारा होटल में रुके थे।

8 जनवरी की सुबह करीब 3 बजे आशीष ने सूचना दी कि प्रियंका की बाथटब में डूबने से मौत हो गई थी। पिता सत्य नारायण ने इस मामले में हत्या की रिपोर्ट पीजीआई पुलिस स्टेशन में दर्ज कराई थी। मंगलवार को प्रियंका का शव लखनऊ पहुंचा था।

थाईलैंड में हुए पोस्टमॉर्टम की रिपोर्ट में मौत का कारण रेस्प्रेटरी एंड ब्लड सर्कुलेशन फेलियर लिखा गया था, जबकि केजीएमयू में हुए पीएम में मौत का कारण स्पष्ट नहीं है। हालांकि केजीएमयू में हुए पोस्टमॉर्टम में प्रियंका के शरीर पर 9 चोटें मिली हैं। पुलिस के लिए बड़ा सवाल है कि आखिर ये चोटें कैसे लगीं। पीएम रिपोर्ट के मुताबिक ये चोटें साधारण नहीं हैं।

KGMU के पीएम में ये चोटें

  •     माथे के दाहिनी ओर 02x 01 सेमी का चोट का निशान, दाहिनी भौंह के बीच से 05 सेमी ऊपर
  •     सिर के पिछले भाग पर ऑक्सिपिटल क्षेत्र में 10x 04 सेमी में कई चोटें
  •     दाहिने हाथ के कंधे से कोहनी तक कई चोटें, जिनका आकार 11 x 04 सेमी से लेकर 03 x 03 सेमी तक
  •     दाहिनी कलाई के चारों ओर 08 x 02 सेमी से लेकर 02 सेमी x 02 सेमी तक की कई चोटें
  •     बाएं हाथ के बाहरी हिस्से पर 12x 03 सेमी की चोट का निशान, कंधे के जोड़ से 06 सेमी नीचे।
  •     बाईं कलाई पर कई चोटें हैं, जो 04 x 03 सेमी से लेकर 02 सेमी x 02 सेमी तक हैं
  •     दाहिने पैर के अगले हिस्से पर 03 x 02 सेमी का चोट का निशान, दाहिने घुटने के जोड़ से 16 सेमी नीचे
  •     दाहिने पैर के बीच भाग पर 02x 02 इंच का चोट का निशान, दाहिने टखने के जोड़ से 15 सेमी ऊपर
  •     पीठ के दाहिने हिस्से में 10 x 10 सेमी में तीन चोटें

admin

Related Posts

अंबिकापुर: जिला न्यायालय को बम से उड़ाने की धमकी वाला ईमेल, सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट

अम्बिकापुर सरगुजा जिला एवं सत्र न्यायालय को बम से उड़ाने की धमकी भरा ई-मेल मिलने से बुधवार को प्रशासनिक अमला सतर्क हो गया। यह धमकी जिला न्यायाधीश की आधिकारिक ई-मेल…

मतदाता सूची शुद्धिकरण पर फोकस, रोल ऑब्ज़र्वर अभिनव गुप्ता ने किया फील्ड निरीक्षण

रायपुर. निर्वाचक नामावली के विशेष गहन पुनरीक्षण कार्यों का रोल ऑब्जर्वर  अभिनव गुप्ता ने किया निरीक्षण निर्वाचक नामावलियों के विशेष गहन पुनरीक्षण कार्यक्रम–2026 के अंतर्गत भारत निर्वाचन आयोग, नई दिल्ली…

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

धर्म

माघ माह की आखिरी एकादशी: इन 3 जगहों पर दीपक जलाते ही चमक उठेगा किस्मत का सितारा

माघ माह की आखिरी एकादशी: इन 3 जगहों पर दीपक जलाते ही चमक उठेगा किस्मत का सितारा

शुक्र प्रदोष व्रत का महात्म्य: इस मुहूर्त में पूजा से पूरी होंगी मनोकामनाएं

शुक्र प्रदोष व्रत का महात्म्य: इस मुहूर्त में पूजा से पूरी होंगी मनोकामनाएं

आज का राशिफल: ग्रहों के परिवर्तन से किस राशि की बदलेगी किस्मत

आज का राशिफल: ग्रहों के परिवर्तन से किस राशि की बदलेगी किस्मत

श्रद्धा का प्रतीक बेलपत्र: क्यों महादेव को अति प्रिय है यह पत्ता, क्या है जन्म कथा

श्रद्धा का प्रतीक बेलपत्र: क्यों महादेव को अति प्रिय है यह पत्ता, क्या है जन्म कथा

गंडमूल नक्षत्र का रहस्य: जन्म के बाद 27 दिनों तक पिता-दर्शन क्यों वर्जित?

गंडमूल नक्षत्र का रहस्य: जन्म के बाद 27 दिनों तक पिता-दर्शन क्यों वर्जित?

17 फरवरी 2026 को पहला सूर्य ग्रहण, धनिष्ठा नक्षत्र और कुंभ राशि में, जानें भारत में सूतक काल की स्थिति

17 फरवरी 2026 को पहला सूर्य ग्रहण, धनिष्ठा नक्षत्र और कुंभ राशि में, जानें भारत में सूतक काल की स्थिति