जाम से मिलेगी मुक्ति, जीजी फ्लाइओवर पर कल से दौड़ेंगे वाहन, मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव करेंगे लोकार्पण

भोपाल

मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल के एमपी नगर इलाके में गणेश मंदिर से लेकर गायत्री मंदिर तक बनाए गए जीजी फ्लाइओवर का काम पूरा हो चुका है। अभी अभी बड़ा अपडेट सामने आया है कि, 148 करोड़ की लागत से बनकर तैयार हुए जीजी फ्लाईओवर को 23 जनवरी से आम राहगीरों के लिए खोल दिया जाएगा।

 2734 मीटर लंबा ये भोपाल के सबसे लंबे फ्लाईओवर का काम पूरा कर लिया गया है। करीब दो साल देरी से बनकर तैयार हुए इस फ्लाईओवर के लोकार्पण की अबतक 8 बार तारीखें बदली जा चुकी हैं। इसके लोकार्पण के लिए पीएम नरेंद्र मोदी से लेकर केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी तक का नाम सामने आ चुका है, लेकिन अब फाइनली तय हो गया है कि ब्रिज का लोकार्पण मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव खुद करेंगे। सीएम 23 जनवरी सुबह 11 बजे ब्रिज का लोकार्पण करेंगे। इसके बाद ये ब्रिज आमजन के लिए खुल जाएगा।

लोकार्पण से पहले जगमग चमकता दिखा फ्लाईओवर

वल्लभ भवन चौराहा से इस फ्लाईओवर पर करीब 60 फीसदी ट्रैफिक गणेश मंदिर के पास उतर जाएगा। सिर्फ एमपी नगर, ज्योति टॉकीज चौराहा, बोर्ड ऑफिस चौराहा या व्यापमं चौराहा से होकर अपने मुकाम पर जाने वाले वाहन चालक ही फ्लाईओवर पर नहीं जाएंगे। फायदा ये होगा कि इन चारों स्पॉट पर ट्रैफिक की रफ्तार नहीं थमेगी और एमपी नगर जाने वाली सड़क का 60 फीसद ट्रैफिक जीजी फ्लायओवर से होकर गुजर जाएगा। इसका बड़ा फायदा ये होगा कि जहां अब तक अरेरा हिल्स से रानी कमलापति रेलवे स्टेशन तक पहुंचने में 15 से 20 मिनट लगते थे, वहीं इस ब्रिज से गुजरने के बाद सिर्फ 5 मिनट लगेंगे।

4 साल में 148 करोड़ रु से बना है ब्रिज
बता दें कि एमपी नगर के गायत्री मंदिर से गणेश मंदिर के बीच बनाया गया जीजी फ्लायओवर 148 करोड़ रुपए की लागत से बनकर तैयार हुआ है। इसका निर्माण कार्य 20 दिसंबर 2020 को शुरु हुआ था।, जिसे दिसंबर 2022 तक पूरा होना था, लेकिन कोरोना काल में लगे लॉकडाउन के चलते इसके निर्माण में 4 महीने का एक्सटेंशन दिया गया। इसके आधार पर डेडलाइन अप्रैल 2023 कर दी गई। इसके बाद यह डेडलाइन मई, फिर जून 2023 की गई। पीडब्ल्यूडी के एसडीओ रवि शुक्ला ने बताया, दिसंबर 2024 में ब्रिज बनकर तैयार हो चुका था।

इसे 26 दिसंबर 2024 से शुरु करना था, लेकिन पीडब्ल्यूडी मंत्री राकेश सिंह के गुजरात दौरे के चलते ये टल टल गया। इसके बाद 3 जनवरी 2025 को लोकार्पण होना था। लेकिन पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह के निधन के चलते घोषित किए गए राष्ट्रीय शोक के चलते इसका लोकार्पण रोकना पड़ा। कुल मिलाकर करीब 8 बार इसके लोकार्पण की तारीख सामने आई। हालांकि, 4 साल बाद अब फाइनली इसके लोकार्पण का समय निर्धारित कर दिया गया है।

2734 मीटर है फ्लाईओवर की लंबाई
जीजी फ्लाईओवर एमपी नगर में गायत्री मंदिर से अरेरा कालोनी स्थित गणेश मंदिर तक बनाया गया है। इसकी कुल लंबाई 2734 मीटर है। वहीं इस ब्रिज की चौड़ाई 15 मीटर है। जीजी फ्लाईओवर 92 पिलरों पर खड़ा किया गया है।

ब्रिज की खासियत

यह फ्लाईओवर भोपाल का सबसे लंबा ब्रिज है, जिसकी कुल लंबाई 2734 मीटर (करीब पौने 3 किमी) है। इसे बनाने में 4 साल का समय लगा, जबकि इसे केवल 2 साल में पूरा करने का लक्ष्य था। निर्माण कार्य दिसंबर 2020 में शुरू हुआ था, लेकिन विभिन्न कारणों से इसे समय सीमा के बाद पूरा किया गया।

तीसरी भुजा और सर्विस लेन भी पूरी

ब्रिज का काम समय से अधिक लंबा खिंचने के बावजूद, अब इसका तीसरी भुजा (थर्ड आर्म) और सर्विस लेन का काम भी पूरा हो चुका है। यह सुविधाएं ब्रिज के कार्यक्षमता और यातायात की सुगमता को और बेहतर बनाएंगी। इन कामों के पूरा होने के बाद अब यातायात के संचालन में कोई रुकावट नहीं रहेगी।

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