सांसद संजय राउत ने दी जानकारी, शिवसेना ने चुनाव में तटस्थ रुख किया, ठाकरे किसी भी पार्टी के लिए प्रचार नहीं करेंगे

नई दिल्ली
शिवसेना (उद्धव बालासाहब ठाकरे) प्रमुख उद्धव ठाकरे ने साफ किया है कि वे दिल्ली विधानसभा चुनाव में कांग्रेस या आम आदमी पार्टी (आप) के लिए प्रचार नहीं करेंगे। इस पर पार्टी के सांसद संजय राउत ने मंगलवार को जानकारी दी। राउत ने कहा कि शिवसेना (उद्धव बालासाहब ठाकरे) ने इस चुनाव में तटस्थ रुख अपनाया है और इसलिए ठाकरे किसी भी पार्टी के लिए प्रचार नहीं करेंगे।

संजय राउत ने आगे कहा कि आप और कांग्रेस दोनों ही इंडिया गठबंधन के सदस्य हैं और शिवसेना (उद्धव बालासाहब ठाकरे) के मित्र भी हैं। जब उनसे पूछा गया कि क्या ठाकरे 5 फरवरी को होने वाले दिल्ली विधानसभा चुनाव में इन पार्टियों में से किसी के लिए प्रचार करेंगे, तो उन्होंने स्पष्ट किया, "हम कहीं भी प्रचार के लिए नहीं जा रहे हैं, हम तटस्थ हैं।"
 
दिल्ली विधानसभा चुनाव में इस बार त्रिकोणीय मुकाबला होने की संभावना है। समाजवादी पार्टी (सपा) और तृणमूल कांग्रेस ने अरविंद केजरीवाल की पार्टी आप को समर्थन दिया है, जबकि एकनाथ शिंदे की शिवसेना ने भाजपा को अपना समर्थन दिया है। पिछले दो चुनावों में आम आदमी पार्टी को भारी जीत मिली थी, और अब दिल्ली में आप, भाजपा और कांग्रेस के बीच मुकाबला होने की संभावना है।

 

admin

Related Posts

अजित पवार की मौत पर सियासत तेज: ममता बोलीं– सुप्रीम कोर्ट की निगरानी में हो जांच, भरोसा खत्म

कोलकाता महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री और राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (NCP) के वरिष्ठ नेता अजित पवार का बुधवार सुबह एक दुखद विमान दुर्घटना में निधन हो गया। यह हादसा पुणे जिले के…

‘अयोध्या से कटियार ही लड़ें’— बृजभूषण शरण सिंह का बड़ा बयान, सियासत में साजिश का आरोप

गोंडा कैसरगंज के पूर्व सांसद बृजभूषण शरण सिंह ने कहा है कि अयोध्या लोकसभा सीट पर पहला हक विनय कटियार का है और उन्हें ही चुनाव लड़ना चाहिए। उन्होंने यह…

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

धर्म

माघ माह की आखिरी एकादशी: इन 3 जगहों पर दीपक जलाते ही चमक उठेगा किस्मत का सितारा

माघ माह की आखिरी एकादशी: इन 3 जगहों पर दीपक जलाते ही चमक उठेगा किस्मत का सितारा

शुक्र प्रदोष व्रत का महात्म्य: इस मुहूर्त में पूजा से पूरी होंगी मनोकामनाएं

शुक्र प्रदोष व्रत का महात्म्य: इस मुहूर्त में पूजा से पूरी होंगी मनोकामनाएं

आज का राशिफल: ग्रहों के परिवर्तन से किस राशि की बदलेगी किस्मत

आज का राशिफल: ग्रहों के परिवर्तन से किस राशि की बदलेगी किस्मत

श्रद्धा का प्रतीक बेलपत्र: क्यों महादेव को अति प्रिय है यह पत्ता, क्या है जन्म कथा

श्रद्धा का प्रतीक बेलपत्र: क्यों महादेव को अति प्रिय है यह पत्ता, क्या है जन्म कथा

गंडमूल नक्षत्र का रहस्य: जन्म के बाद 27 दिनों तक पिता-दर्शन क्यों वर्जित?

गंडमूल नक्षत्र का रहस्य: जन्म के बाद 27 दिनों तक पिता-दर्शन क्यों वर्जित?

17 फरवरी 2026 को पहला सूर्य ग्रहण, धनिष्ठा नक्षत्र और कुंभ राशि में, जानें भारत में सूतक काल की स्थिति

17 फरवरी 2026 को पहला सूर्य ग्रहण, धनिष्ठा नक्षत्र और कुंभ राशि में, जानें भारत में सूतक काल की स्थिति